Ananda Dairy Income Tax Raid: उत्तर प्रदेश के दुग्ध उद्योग से जुड़ी एक बड़ी और चर्चित कंपनी आनंदा डेयरी बुधवार को उस समय सुर्खियों में आ गई, जब आयकर विभाग ने उसके विभिन्न ठिकानों पर एक साथ सर्च ऑपरेशन शुरू किया। यह कार्रवाई केवल एक छापेमारी नहीं, बल्कि संगठित और सुनियोजित जांच का संकेत देती है, जिसने पूरे क्षेत्र में हलचल पैदा कर दी है। हापुड़ के पिलखुवा और बुलंदशहर के स्याना समेत कुल तीन स्थानों पर आयकर विभाग की टीमों ने एक साथ दबिश दी।
सुबह के शुरुआती घंटों में जब आम दिनचर्या शुरू ही हो रही थी, तभी पिलखुवा स्थित आनंदा डेयरी परिसर के बाहर करीब 17 वाहनों का काफिला पहुंचा। इन वाहनों से उतरे लगभग 40 अधिकारी और कर्मचारी सीधे डेयरी परिसर के भीतर दाखिल हुए। टीम के पहुंचते ही मुख्य गेट बंद कर दिया गया और अंदर गहन जांच प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
अचानक हुई कार्रवाई से बढ़ी हलचल
स्थानीय लोगों के अनुसार इतनी बड़ी संख्या में अधिकारियों और वाहनों को एक साथ देखना अपने आप में असामान्य था। कुछ ही देर में यह खबर आसपास के इलाकों में फैल गई कि आयकर विभाग की बड़ी कार्रवाई चल रही है। डेयरी परिसर के बाहर सुरक्षा कड़ी कर दी गई और किसी भी व्यक्ति को बिना अनुमति अंदर या बाहर जाने नहीं दिया गया।
दस्तावेजों की गहन पड़ताल
आयकर विभाग की टीम ने डेयरी से जुड़े वित्तीय दस्तावेजों, कंप्यूटर रिकॉर्ड, हार्ड डिस्क और लेन-देन से संबंधित कागजातों की बारीकी से जांच शुरू की। सूत्रों के मुताबिक, टीम का फोकस आय-व्यय के हिसाब, टैक्स रिटर्न और संभावित अनियमितताओं पर है। हर फाइल और डिजिटल रिकॉर्ड को खंगाला जा रहा है ताकि किसी भी तरह की वित्तीय गड़बड़ी सामने आ सके।
बुलंदशहर तक फैली जांच की आंच
हापुड़ के साथ-साथ बुलंदशहर जिले के स्याना क्षेत्र में भी आनंदा डेयरी से जुड़े परिसरों पर आयकर विभाग की अलग टीम तैनात की गई। यहां भी वही प्रक्रिया अपनाई गई—दस्तावेजों की जांच, कर्मचारियों से पूछताछ और रिकॉर्ड का मिलान। इससे साफ संकेत मिलता है कि जांच किसी एक स्थान तक सीमित नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क को ध्यान में रखकर की जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई लंबी चल सकती है। देर शाम तक भी जांच जारी रहने की संभावना जताई जा रही है। टीम किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी तथ्यों और साक्ष्यों को बारीकी से परखना चाहती है।
कंपनी और बाजार पर असर
इस अचानक हुई कार्रवाई से डेयरी में काम करने वाले कर्मचारियों में भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। रोजमर्रा का कामकाज प्रभावित हुआ है और लोग यह जानने को उत्सुक हैं कि आखिर जांच का दायरा कितना बड़ा है।
दुग्ध उद्योग में चर्चा
आनंदा डेयरी का नाम दुग्ध उत्पादों के क्षेत्र में जाना-पहचाना है। ऐसे में आयकर विभाग की इस कार्रवाई ने पूरे दुग्ध उद्योग में चर्चा को जन्म दे दिया है। कारोबारी हलकों में यह सवाल उठने लगे हैं कि क्या आने वाले दिनों में अन्य कंपनियों पर भी इसी तरह की जांच हो सकती है।
आधिकारिक चुप्पी और बढ़ते सवाल
फिलहाल आयकर विभाग की ओर से इस कार्रवाई को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। न तो किसी अनियमितता की पुष्टि की गई है और न ही किसी प्रकार के टैक्स चोरी के आंकड़े सामने आए हैं। ऐसे में अटकलों का बाजार गर्म है, लेकिन ठोस जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही सामने आ सकेगी।