कांकसा में नर्सिंग कर्मी की रहस्यमय मौत से इलाके में सनसनी
Durgapur Nursing Staff Death: पश्चिम बंगाल के औद्योगिक शहर दुर्गापुर में एक युवा नर्सिंग कर्मी की रहस्यमय मौत ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। कांकसा थाना क्षेत्र के गोपालपुर इलाके में स्थित एक बहुमंजिला होस्टल की छत से गिरकर 24 वर्षीय मंदिरा पाल की मौत हो गई। यह होस्टल एक निजी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कर्मचारियों के लिए इस्तेमाल किया जाता था। घटना की जानकारी मिलते ही कांकसा थाने की भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गई।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मंदिरा पाल बांकुड़ा जिले के विष्णुपुर की रहने वाली थीं और कांकसा के मोलनडीघी क्षेत्र में स्थित एक निजी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ के रूप में काम करती थीं। वह उसी अस्पताल के बहुमंजिला होस्टल में रहती थीं जहां यह दुखद घटना घटी।

बुधवार देर रात हुई घटना
बुधवार देर रात बहुमंजिला इमारत के नीचे मंदिरा पाल का खून से लथपथ शव मिला। इमारत की ऊंचाई से गिरने के कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। घटना की खबर फैलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। आसपास के लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
कांकसा थाने की पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए दुर्गापुर महकुमा अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने तुरंत मामले की जांच शुरू कर दी है और घटनास्थल से सबूत जुटाए जा रहे हैं।

आत्महत्या या हत्या का सवाल
इस मौत को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह है कि यह आत्महत्या थी या किसी अन्य कारण से हुई। पुलिस अभी तक किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है। घटना के पीछे की असल वजह जानने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, मंदिरा के सहकर्मियों और होस्टल में रहने वाले अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है। उनसे यह जानने की कोशिश की जा रही है कि घटना से पहले मंदिरा के व्यवहार में कोई बदलाव था या नहीं, और क्या उन्हें किसी तरह का तनाव या परेशानी थी।

परिवार और सहकर्मियों में शोक की लहर
मंदिरा की अचानक मौत से उनके परिवार और सहकर्मियों में गहरा शोक है। बांकुड़ा जिले के विष्णुपुर में उनके परिवार वालों को जब इस हादसे की खबर मिली तो वे सदमे में आ गए। परिवार के सदस्य दुर्गापुर पहुंच गए हैं और पुलिस से न्याय की मांग कर रहे हैं।
मेडिकल कॉलेज के अन्य नर्सिंग स्टाफ और डॉक्टरों ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है। उनका कहना है कि मंदिरा एक मेहनती और अनुशासित कर्मचारी थीं और सभी के साथ अच्छे संबंध रखती थीं।

पुलिस जांच में क्या सामने आया
पुलिस ने घटनास्थल का गहन निरीक्षण किया है। होस्टल की छत और आसपास के इलाकों से सबूत जुटाए गए हैं। CCTV फुटेज की भी जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना के समय क्या हुआ था।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का सही कारण स्पष्ट होगा। अगर मौत में किसी तरह की गड़बड़ी पाई जाती है तो उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

होस्टल की सुरक्षा पर सवाल
इस घटना के बाद मेडिकल कॉलेज के होस्टल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि होस्टल में रहने वाली महिला कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए बेहतर इंतजाम किए जाएं।
कुछ लोगों का कहना है कि होस्टल की छत पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं है और वहां आसानी से कोई भी पहुंच सकता है। इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए छत पर सुरक्षा ग्रिल लगाने और निगरानी कैमरे बढ़ाने की मांग की जा रही है।
इलाके में फैली दहशत
इस घटना से गोपालपुर इलाके में दहशत का माहौल है। खासकर वे युवा महिलाएं जो दूसरे शहरों से आकर यहां काम करती हैं और होस्टल में रहती हैं, वे अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।
स्थानीय निवासियों ने भी इस घटना पर चिंता जताई है और पुलिश से जल्द से जल्द मामले का खुलासा करने की मांग की है। वे चाहते हैं कि यदि यह आत्महत्या नहीं है तो दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
प्रशासन का रुख
Durgapur Nursing Staff Death: जिला प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। पुलिस अधीक्षक ने आश्वासन दिया है कि जांच में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी और सच्चाई सामने आकर रहेगी।
मेडिकल कॉलेज प्रबंधन से भी पूछताछ की जा रही है। उनसे होस्टल की सुरक्षा व्यवस्था और कर्मचारियों की देखभाल के बारे में जवाब मांगा गया है।
इस दुखद घटना ने एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा और कार्यस्थल पर उनकी देखभाल के महत्व को रेखांकित किया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के नतीजे आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी कि मंदिरा पाल की मौत का असली कारण क्या था।