Mahavitaran Nagpur ISO Certified Substations – Gandhibagh Division Latest Achievement: गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में नागपुर महावितरण ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। नागपुर परिमंडल के गांधीबाग संभाग के अंतर्गत आने वाले वर्धमान और गांधीबाग उद्यान नामक दो 33 केवी उपकेंद्रों को प्रतिष्ठित आईएसओ 9001:2015 प्रमाणन मिला है। यह उपलब्धि न केवल गांधीबाग संभाग के लिए गौरव की बात है, बल्कि पूरे नागपुर परिमंडल की सेवा गुणवत्ता में सुधार का प्रमाण है। इस सफलता के साथ ही नागपुर परिमंडल में अंतरराष्ट्रीय मानक प्राप्त करने वाले उपकेंद्रों की संख्या 19 तक पहुंच गई है।
नागपुर शहर मंडल में यह एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। अब तक शहर मंडल के 12 उपकेंद्रों ने यह सम्मान प्राप्त किया है। इसके अलावा नागपुर ग्रामीण के 3 और वर्धा मंडल के 4 उपकेंद्र भी इस श्रेणी में आ चुके हैं। महावितरण की सुसह्य जीवन यानी ईज ऑफ लिविंग की संकल्पना को साकार करने के लिए केवल बिजली देना ही काफी नहीं है, बल्कि तकनीकी रूप से दोषरहित और उच्च दाब के साथ बिजली पहुंचाना जरूरी है। इन उपकेंद्रों ने इसी लक्ष्य को हासिल किया है।
गांधीबाग संभाग की यह सफलता कैसे मिली
गांधीबाग संभाग के इन उपकेंद्रों की सफलता अचानक नहीं मिली है। यह कर्मचारियों के अभूतपूर्ण टीम वर्क का परिणाम है। वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन के साथ-साथ मैदान पर सीधे काम करने वाले कर्मचारियों ने स्वेच्छा से अनुशासन और गुणवत्ता पर ध्यान दिया। पिछले कुछ महीनों से यहां मशीनरी की कड़ी जांच, ट्रांसफार्मर का अत्याधुनिक रखरखाव, सुरक्षा प्रणालियों का नवीनीकरण और ग्राहकों की शिकायतों के त्वरित निवारण पर युद्ध स्तर पर काम किया गया।
उपकेंद्र परिसर का सौंदर्यीकरण भी किया गया और यहां एक सकारात्मक कार्य संस्कृति विकसित करने पर जोर दिया गया। हर छोटी-बड़ी खामी को दूर करने के लिए नियमित निरीक्षण और सुधार की प्रक्रिया अपनाई गई। इसी मेहनत का नतीजा है कि आज ये उपकेंद्र अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरे उतरे हैं।
किन अधिकारियों और कर्मचारियों का रहा योगदान
इस ऐतिहासिक उपलब्धि में नागपुर परिमंडल के मुख्य अभियंता दिलीप दोडके, अधीक्षक अभियंता अमित परांजपे और कार्यकारी अभियंता संतोष क्षीरसागर के दूरदर्शी मार्गदर्शन का बड़ा योगदान रहा है। गांधीबाग संभाग के अतिरिक्त कार्यकारी अभियंता अविनाश तुपकर, सहायक अभियंता शशांक डगवार, शहर परीक्षण संभाग के कार्यकारी अभियंता चंदन तल्लरवार और सिविल संभाग के कार्यकारी अभियंता नारायण लोखंडे ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इसके साथ ही दिन-रात मेहनत करने वाले प्रधान ऑपरेटर रविंद्र इनकाने, श्रीमती गेडाम, मुख्य तकनीशियन योगेश मेश्राम, प्रधान तकनीशियन रितेश कुशवाह और पूरी मरम्मत टीम के कठिन परिश्रम और समर्पण के बिना यह सम्मान पाना संभव नहीं था। हर सदस्य ने अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभाया और सामूहिक प्रयास से यह मुकाम हासिल किया।
ग्राहकों को क्या फायदा होगा
इस अंतरराष्ट्रीय प्रमाणन के कारण गांधीबाग क्षेत्र के हजारों बिजली उपभोक्ताओं को अब अधिक सक्षम और दोषरहित सेवा मिलेगी। बिजली की गुणवत्ता में सुधार होगा और बार-बार होने वाली समस्याओं में कमी आएगी। उपभोक्ताओं की शिकायतों का समाधान अधिक तेजी और प्रभावी तरीके से होगा। इससे आम नागरिकों के जीवन में सुविधा बढ़ेगी और बिजली आपूर्ति पर उनका विश्वास मजबूत होगा।
आने वाली योजनाएं और संकल्प
Mahavitaran Nagpur ISO Certified Substations – Gandhibagh Division Latest Achievement: प्रशासन ने यह संकल्प व्यक्त किया है कि आने वाले समय में परिमंडल के शेष उपकेंद्रों को भी इसी तर्ज पर अपडेट किया जाएगा। महावितरण की सेवा के स्तर को वैश्विक स्तर पर ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए तकनीकी सुधार, कर्मचारियों की क्षमता वृद्धि और आधुनिक उपकरणों की व्यवस्था पर जोर दिया जाएगा।
नागपुर महावितरण की यह सफलता महाराष्ट्र में बिजली वितरण क्षेत्र में एक उदाहरण बन गई है। अन्य जिलों और परिमंडलों के लिए भी यह प्रेरणा का स्रोत है कि गुणवत्ता और ग्राहक सेवा को प्राथमिकता देकर अंतरराष्ट्रीय मानकों को हासिल किया जा सकता है। गांधीबाग संभाग की यह उड़ान नागपुर परिमंडल के लिए गर्व की बात है और आने वाले समय में इस तरह की और उपलब्धियां हासिल करने का मार्ग प्रशस्त करती है।