Prashant Narayanan criticizes Kartik Aaryan acting: बॉलीवुड में अक्सर कलाकारों के बीच अपनी बात रखने का सिलसिला चलता रहता है। कभी किसी की तारीफ तो कभी किसी की आलोचना सुनने को मिलती है। हाल ही में अभिनेता प्रशांत नारायणन ने कार्तिक आर्यन को लेकर अपनी राय साझा की है जो काफी चर्चा में है। प्रशांत नारायणन ने कार्तिक आर्यन को फिल्म इंडस्ट्री का सबसे खराब अभिनेता बताते हुए कहा कि वह केवल अपने माता-पिता के आशीर्वाद की वजह से टिके हुए हैं।
प्रशांत नारायणन अपनी गहरी और दमदार भूमिकाओं के लिए जाने जाते हैं। मर्डर 2 और घोस्ट जैसी फिल्मों में उनके काम को खूब सराहा गया है। हाल ही में एक इंटरव्यू में उन्होंने कार्तिक आर्यन के अभिनय पर सवाल उठाए और उनके करियर को लेकर अपनी राय रखी।
प्रशांत नारायणन ने क्या कहा कार्तिक आर्यन के बारे में
बॉलीवुड बबल के साथ बातचीत में प्रशांत नारायणन से आज के समय के अभिनेताओं के बारे में पूछा गया। जब कार्तिक आर्यन का नाम आया तो प्रशांत ने बेबाकी से अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि कार्तिक आर्यन उनकी नजर में सबसे खराब अभिनेताओं में से एक हैं लेकिन वह बेहद किस्मत वाले इंसान हैं। प्रशांत का मानना है कि कार्तिक सिर्फ अपने माता-पिता के आशीर्वाद की वजह से इस इंडस्ट्री में टिके हुए हैं।
प्रशांत ने यह भी कहा कि कार्तिक बहुत ज्यादा संवाद करने वाले व्यक्ति नहीं लगते और उन्हें अपने आसपास के लोगों द्वारा बढ़ावा दिया जाता है। हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि उन्हें कार्तिक की पहली फिल्म प्यार का पंचनामा में उनका काम पसंद आया था।
पहली फिल्म में मिली थी पसंदगी
प्रशांत नारायणन ने साफ किया कि उन्हें कार्तिक आर्यन की पहली फिल्म प्यार का पंचनामा में उनका अभिनय अच्छा लगा था। लेकिन उसके बाद की फिल्मों में कार्तिक का काम उन्हें प्रभावित नहीं कर सका। प्रशांत का मानना है कि कार्तिक के करियर में किस्मत का बहुत बड़ा हाथ रहा है।
यह बात सच है कि कार्तिक आर्यन ने अपने करियर की शुरुआत प्यार का पंचनामा से की थी। फिल्म में उनका लंबा मोनोलॉग काफी वायरल हुआ था और उन्हें पहचान मिली थी। लेकिन प्रशांत नारायणन का कहना है कि उसके बाद कार्तिक अपने अभिनय में वैसी चमक नहीं दिखा सके।
दर्शकों की पसंद पर सवाल
जब इंटरव्यू लेने वाले ने प्रशांत से पूछा कि अगर कार्तिक का अभिनय इतना कमजोर है तो दर्शक उनकी फिल्मों को बॉक्स ऑफिस पर क्यों पसंद करते हैं, तो प्रशांत ने दिलचस्प जवाब दिया। उन्होंने कहा कि वह नहीं जानते कि कितने लोग असल में कार्तिक की फिल्मों को सराह रहे हैं। उन्होंने देखा है कि लोग उनकी फिल्मों पर हंसते हैं।
प्रशांत ने आगे कहा कि अगर आप लोगों को हंसा सकते हैं तो यह एक अच्छी बात है। लेकिन यहां फर्क यह है कि किसी के साथ हंसना और किसी पर हंसना अलग बात है। उनका मानना है कि भारतीय दर्शक ज्यादातर किसी पर हंस रहे होते हैं।
कार्तिक आर्यन का फिल्मी सफर
कार्तिक आर्यन आखिरी बार तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी फिल्म में नजर आए थे। यह फिल्म समीर विद्वांस के निर्देशन में बनी थी और 25 दिसंबर को रिलीज हुई थी। इसमें अनन्या पांडे मुख्य महिला किरदार में थीं। फिल्म को दर्शकों से मिला-जुला रिस्पांस मिला था।
इसके अलावा कार्तिक आर्यन अब नागजिला नाम की फिल्म में नजर आने वाले हैं। इस फिल्म में वह प्रियमवदेश्वर प्यारे चंद नाम के किरदार में होंगे जो एक नाग है और अपना रूप बदल सकता है। यह फिल्म मृग्दीप सिंह लांबा के निर्देशन में बन रही है और गौतम मेहरा ने इसे लिखा है। फिल्म का निर्माण धर्मा प्रोडक्शंस और महावीर जैन फिल्म्स कर रहे हैं।
आने वाली फिल्में
Prashant Narayanan criticizes Kartik Aaryan acting: कार्तिक आर्यन के पास इस समय कई बड़ी फिल्में हैं। नागजिला के अलावा वह अनुराग बासु के साथ एक रोमांटिक फिल्म में भी काम कर रहे हैं। यह फिल्म आशिकी सीरीज की तीसरी फिल्म होगी। दिलचस्प बात यह है कि इस फिल्म के जरिए तेलुगु अभिनेत्री श्रीलीला बॉलीवुड में एंट्री करने वाली हैं।
आशिकी सीरीज बॉलीवुड की लोकप्रिय फिल्मों में से एक रही है। पहली फिल्म राहुल रॉय और अनु अग्रवाल के साथ आई थी जबकि दूसरी फिल्म में आदित्य रॉय कपूर और श्रद्धा कपूर थे। अब तीसरी फिल्म में कार्तिक आर्यन को देखना दिलचस्प होगा।
विवादों से घिरे बयान
प्रशांत नारायणन के बयान से एक बार फिर बॉलीवुड में बहस छिड़ गई है। कुछ लोग प्रशांत की बेबाकी की तारीफ कर रहे हैं तो कुछ लोग कार्तिक का समर्थन कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर इस विषय पर काफी चर्चा हो रही है।
कार्तिक आर्यन ने अब तक इस विवाद पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। वह अपनी आने वाली फिल्मों की शूटिंग में व्यस्त हैं। यह देखना होगा कि क्या वह प्रशांत के बयानों का कोई जवाब देते हैं या नहीं।
फिल्म इंडस्ट्री में अलग-अलग राय हमेशा से रही है। हर किसी की अपनी पसंद और नापसंद होती है। प्रशांत नारायणन ने अपनी राय साफ तौर पर रखी है और यह उनका अधिकार भी है। अब यह दर्शकों पर निर्भर करता है कि वे किसे पसंद करते हैं और किसे नहीं।