Rashtra Bharat Logo

CBSE Class 10 Board Exam: केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की दसवीं परीक्षा 17 फरवरी से प्रारंभ, 10 मार्च 2026 तक चलेगी

CBSE Class 10 Board Exam: केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की दसवीं परीक्षा 17 फरवरी से प्रारंभ, 10 मार्च 2026 तक चलेगी
10वीं–12वीं के छात्रों के लिए बड़ी खबर
Updated:
·by
Asfi Shadab
Asfi Shadab
Share:

विषयसूची

सीबीएसई ने घोषित की वर्ष 2026 की दसवीं बोर्ड परीक्षा तिथियाँ

नई दिल्ली।
केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने वर्ष 2026 की दसवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं की तिथियों की घोषणा कर दी है। परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने बताया कि यह परीक्षाएँ 17 फरवरी से प्रारंभ होकर 10 मार्च 2026 तक आयोजित की जाएँगी। देशभर के लाखों विद्यार्थी इस सूचना का लंबे समय से इंतज़ार कर रहे थे। इस घोषणा के साथ ही अब विद्यालयों और विद्यार्थियों में तैयारियों की गति और अधिक तेज़ हो गई है।


परीक्षा की रूपरेखा और समय-सारिणी का प्रारूप

सीबीएसई द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, दसवीं कक्षा की परीक्षाएँ प्रतिदिन प्रातःकालीन पाली में आयोजित की जाएँगी। परीक्षा प्रातः 10:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक चलेगी। विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र में समय से 30 मिनट पूर्व पहुँचने के निर्देश दिए गए हैं।
परीक्षा तिथियों को ध्यान में रखते हुए, बोर्ड ने यह भी कहा है कि पूर्ण विस्तृत समय-सारिणी (Date Sheet) नवंबर के अंतिम सप्ताह में आधिकारिक वेबसाइट पर जारी कर दी जाएगी।


अध्ययन सामग्री और मॉडल प्रश्नपत्र जारी

सीबीएसई ने विद्यार्थियों की सुविधा हेतु इस वर्ष भी मॉडल प्रश्नपत्र एवं अंकन योजना (Marking Scheme) बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड कर दी है। इससे विद्यार्थियों को परीक्षा पैटर्न, प्रश्नों के प्रकार और उत्तर लिखने की शैली के बारे में समुचित जानकारी प्राप्त होगी।
विशेषज्ञ शिक्षकों का मानना है कि मॉडल प्रश्नपत्रों के अभ्यास से छात्रों में आत्मविश्वास बढ़ेगा और समय प्रबंधन में सहायता मिलेगी।


शिक्षकों और विद्यालयों की भूमिका महत्वपूर्ण

विद्यालयों को निर्देश दिया गया है कि वे विद्यार्थियों को सिलेबस के प्रत्येक भाग पर समान ध्यान देने के लिए प्रेरित करें और जनवरी तक पुनरावृत्ति सत्र पूर्ण कर लें।
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के एक वरिष्ठ शिक्षक राजेश मेहता के अनुसार, “बोर्ड परीक्षाएँ विद्यार्थियों के जीवन की महत्वपूर्ण परीक्षा होती हैं। इस वर्ष छात्रों में डिजिटल अध्ययन सामग्री की पहुँच पहले से अधिक है, जिससे उन्हें अवधारणाओं को बेहतर समझने में सहायता मिलेगी।”


विद्यार्थियों के लिए सुझाव और मानसिक तैयारी

शैक्षणिक विशेषज्ञों का सुझाव है कि विद्यार्थियों को अब से ही समयबद्ध अध्ययन योजना बनाकर तैयारी करनी चाहिए। प्रतिदिन पुनरावृत्ति के साथ-साथ पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का अभ्यास करना अत्यंत लाभकारी होगा।
इसके साथ ही, अभिभावकों को भी बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालते हुए उन्हें सकारात्मक वातावरण प्रदान करने की सलाह दी गई है।

मनोवैज्ञानिक डॉ. रचना अग्रवाल का कहना है कि परीक्षा का तनाव सामान्य है, परंतु यदि छात्र नियमित दिनचर्या, उचित नींद और संतुलित आहार अपनाएँ तो वे बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।


डिजिटल संसाधनों से मिलेगी अतिरिक्त सहायता

सीबीएसई ने बताया है कि “डिजिटल एजुकेशन” के अंतर्गत अब सभी महत्वपूर्ण पाठ्यसामग्री, नमूना प्रश्नपत्र और निर्देश ‘सीबीएसई अकादमिक पोर्टल’ तथा ‘दीक्षा एप’ पर उपलब्ध हैं। विद्यार्थी घर बैठे इन संसाधनों का उपयोग कर अपनी तैयारी को और सुदृढ़ बना सकते हैं।


राष्ट्रीय स्तर पर परीक्षा केंद्रों की तैयारी प्रारंभ

देशभर में लगभग 25,000 परीक्षा केंद्रों की पहचान की जा चुकी है। बोर्ड ने सभी संबद्ध विद्यालयों को सुरक्षा, निगरानी, और परीक्षा संचालन की दिशा में प्रारंभिक तैयारियाँ आरम्भ करने के निर्देश दिए हैं।
इस बार परीक्षा केंद्रों में डिजिटल निगरानी प्रणाली और सुरक्षित प्रश्नपत्र वितरण प्रणाली (SQDS) को और सुदृढ़ किया जाएगा ताकि पारदर्शिता बनी रहे।

सीबीएसई की दसवीं परीक्षा तिथियों की घोषणा के साथ ही छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों में उत्साह और गंभीरता दोनों का संचार हुआ है। अब सभी की नज़रें नवंबर के अंत में जारी होने वाली विस्तृत समय-सारिणी पर टिकी हैं।
यह निश्चित है कि आने वाले महीनों में देशभर में शैक्षणिक माहौल और अधिक अनुशासित और लक्ष्य-उन्मुख दिखाई देगा।


यह समाचार पीटीआई(PTI) के इनपुट के साथ प्रकाशित किया गया है।


Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।

Asfi Shadab

Asfi Shadab

असफ़ी शादाब वरिष्ठ पत्रकार और संवाददाता हैं, जो राष्ट्र भारत में महाराष्ट्र और कोलकाता से क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से जुड़े विषयों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। उन्हें जमीनी पत्रकारिता, प्रशासनिक मामलों और समसामयिक घटनाक्रमों की गहरी समझ है। उनकी रिपोर्टिंग तथ्यपरक, शोध आधारित और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित होती है, जिससे पाठकों को विश्वसनीय और स्पष्ट जानकारी प्राप्त होती है। अनुभव : पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य करते हुए उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है। प्रशासनिक कार्यवाहियों, सरकारी नीतियों, राजनीतिक घटनाक्रम और अपराध से जुड़े मामलों की फील्ड कवरेज उनकी प्रमुख पहचान रही है। वर्तमान भूमिका : राष्ट्र भारत में वरिष्ठ संवाददाता के रूप में वे क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से संबंधित खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। वे जमीनी सच्चाई को सरल और आम पाठक की भाषा में प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देते हैं। भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस महाराष्ट्र और कोलकाता रहा है, जहां वे स्थानीय प्रशासन, राजनीतिक गतिविधियों, अपराध और खेल जगत से जुड़े विषयों को करीब से कवर करते हैं। उनकी क्षेत्रीय समझ और फील्ड अनुभव उनकी रिपोर्टिंग को अधिक प्रामाणिक बनाते हैं। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • क्राइम रिपोर्टिंग : अपराध, पुलिस जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की तथ्यपरक कवरेज। • राजनीति और शासन : सरकारी नीतियों, प्रशासनिक फैसलों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग। • खेल पत्रकारिता : खेल जगत की प्रमुख घटनाओं, खिलाड़ियों और प्रतियोगिताओं से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग। • ग्राउंड रिपोर्टिंग : फील्ड विजिट, स्थानीय स्रोतों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर जमीनी सच्चाई सामने लाना। • जनहित पत्रकारिता : आम लोगों से जुड़े मुद्दों और प्रशासनिक प्रभावों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तथ्यों की सटीकता, आधिकारिक स्रोतों पर आधारित रिपोर्टिंग और जमीनी अनुभव ने असफ़ी शादाब को एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। क्राइम, राजनीति और प्रशासनिक विषयों पर उनकी निरंतर फील्ड रिपोर्टिंग पाठकों के बीच उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।