नागपुर में भाईचारे की मिसाल, दुर्गा मंदिर में आंबेडकर जयंती पर साथ आया समाज

Hindu Buddhist unity Nagpur Ambedkar Jayanti: नागपुर के वैशाली नगर स्थित दुर्गा मंदिर में पिछले 35 सालों से हिंदू और बौद्ध समाज मिलकर आंबेडकर जयंती और अन्य त्योहार मना रहे हैं। हर साल भंडारा और कार्यक्रम आयोजित होते हैं, जिसमें दोनों समुदाय की भागीदारी रहती है। यह परंपरा समाज में एकता, विश्वास और भाईचारे का मजबूत संदेश देती है।
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नागपुर में भाईचारे की अनोखी मिसाल
Hindu Buddhist unity Nagpur Ambedkar Jayanti: नागपुर। उत्तर नागपुर के मिलिंद नगर, वैशाली नगर (440017) स्थित ‘जय दुर्गा माता मंदिर’ आज केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि हिंदू-बौद्ध भाईचारे का जीवंत प्रतीक बन चुका है।
इस मंदिर की आयोजन समिति पिछले 35 वर्षों से हर साल 14 अप्रैल को डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर जयंती के अवसर पर भव्य भंडारे का आयोजन करती आ रही है। इस वर्ष भी 1,000 से अधिक लोगों को महाप्रसाद वितरित किया गया।

35 सालों से मिलकर मनाए जा रहे हैं त्योहार
35 सालों का अटूट रिश्ता
मंदिर समिति के मुख्य सदस्य श्री दिनेश उमाटे और श्री मंगेश उमाटे के अनुसार यह आयोजन बौद्ध भाई-बहनों के प्रति सम्मान व्यक्त करने का एक सचेत प्रयास है। बदले में, बौद्ध समुदाय के कार्यकर्ता नवरात्रि के नौ दिनों के आयोजनों में पूरे उत्साह से भाग लेते हैं।
साझा प्रयास
इस आयोजन के लिए श्री बंडू साखरे और उनकी 10 सदस्यीय टीम पूरी बस्ती से चंदा इकट्ठा करती है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह कोई संयोग नहीं, बल्कि दशकों से सींची गई प्रेम और विश्वास की डोर है।
जागरूक नागरिक प्रकाश गणपतराव गोविन्दवार, जो मिलिंद नगर के निवासी हैं, ने इस परंपरा को मीडिया के सामने लाने की पहल की ताकि यह प्रेरणादायक उदाहरण पूरे देश तक पहुँच सके।
नागपुर की यह बस्ती आज पूरे देश को संदेश दे रही है — त्योहारों का असली आनंद मिलकर मनाने में ही है।


रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

