
दिल्ली की हवा फिर जहरीली हो गई है। शुक्रवार शाम तक राष्ट्रीय राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 441 के खतरनाक स्तर पर पहुंच गया, जिसके बाद वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने आपातकालीन बैठक बुलाकर पूरे दिल्ली-एनसीआर में GRAP (ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान) के चरण-IV को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया। यह फैसला हर साल की तरह फिर से हमें याद दिलाता है कि हम प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई में कितने पीछे हैं। जब मैं इस खबर को पढ़ता हूं, तो मन में कई सवाल उठते हैं। क्या हर साल यही दोहराव चलता रहेगा? क्या हम सिर्फ प्रतिक्रिया

दिल्ली की हवा फिर जहरीली हो गई है। शुक्रवार शाम तक राष्ट्रीय राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 441 के खतरनाक स्तर पर पहुंच गया, जिसके बाद वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने आपातकालीन बैठक बुलाकर पूरे दिल्ली-एनसीआर में GRAP (ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान) के चरण-IV को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया। यह फैसला हर साल की तरह फिर से हमें याद दिलाता है कि हम प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई में कितने पीछे हैं। जब मैं इस खबर को पढ़ता हूं, तो मन में कई सवाल उठते हैं। क्या हर साल यही दोहराव चलता रहेगा? क्या हम सिर्फ प्रतिक्रिया

दिल्ली में सर्दी की शुरुआत के साथ ही एक बार फिर से वायु प्रदूषण ने खतरनाक स्तर छू लिया है। राजधानी के कई इलाकों में AQI यानी वायु गुणवत्ता सूचकांक का स्तर 450 को पार कर गया है, जो सुरक्षित सीमा से बहुत अधिक है। यह स्थिति न केवल पर्यावरण के लिए बल्कि लाखों लोगों की सेहत के लिए भी गंभीर चुनौती बन गई है। इस समस्या से निपटने के लिए विशेषज्ञों ने इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने और स्वच्छ ईंधन की ओर बदलाव की जरूरत पर जोर दिया है। वाहनों से होता है 40 फीसदी प्रदूषण दिल्ली में वायु प्रदूषण

दिल्ली में सर्दी की शुरुआत के साथ ही एक बार फिर से वायु प्रदूषण ने खतरनाक स्तर छू लिया है। राजधानी के कई इलाकों में AQI यानी वायु गुणवत्ता सूचकांक का स्तर 450 को पार कर गया है, जो सुरक्षित सीमा से बहुत अधिक है। यह स्थिति न केवल पर्यावरण के लिए बल्कि लाखों लोगों की सेहत के लिए भी गंभीर चुनौती बन गई है। इस समस्या से निपटने के लिए विशेषज्ञों ने इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने और स्वच्छ ईंधन की ओर बदलाव की जरूरत पर जोर दिया है। वाहनों से होता है 40 फीसदी प्रदूषण दिल्ली में वायु प्रदूषण

दिल्ली एक बार फिर दमघोंटू हवा के साए में है। राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण बढ़ता जा रहा है और उसका असर केवल सड़कों या घरों तक ही सीमित नहीं रह गया, बल्कि अब स्कूलों तक पहुंच चुका है। बढ़ते प्रदूषण स्तर और बेहद खराब एयर क्वॉलिटी इंडेक्स (AQI) के कारण दिल्ली सरकार ने स्कूलों में खेलकूद और आउटडोर स्पोर्ट्स गतिविधियों पर तत्काल रोक लगा दी है। यह निर्णय ऐसे समय पर लिया गया है जब एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने आयोग (CAQM) को इस संबंध में दिशानिर्देश जारी करने पर विचार करने को कहा था। हवा की खराब

दिल्ली एक बार फिर दमघोंटू हवा के साए में है। राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण बढ़ता जा रहा है और उसका असर केवल सड़कों या घरों तक ही सीमित नहीं रह गया, बल्कि अब स्कूलों तक पहुंच चुका है। बढ़ते प्रदूषण स्तर और बेहद खराब एयर क्वॉलिटी इंडेक्स (AQI) के कारण दिल्ली सरकार ने स्कूलों में खेलकूद और आउटडोर स्पोर्ट्स गतिविधियों पर तत्काल रोक लगा दी है। यह निर्णय ऐसे समय पर लिया गया है जब एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने आयोग (CAQM) को इस संबंध में दिशानिर्देश जारी करने पर विचार करने को कहा था। हवा की खराब

Delhi-NCR में विषैली वायु से कोई राहत नहीं, ग्रेटर नोएडा और गाज़ियाबाद में AQI 400 के पार वर्तमान मौसम और वायु स्थितियों की गंभीरता दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर लगातार विकराल होता जा रहा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और मौसम विभाग के ताज़ा आँकड़े दर्शाते हैं कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अधिकांश शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) ने 400 का स्तर पार कर लिया है। यह स्थिति प्रदूषण के उस गंभीर दायरे में आती है जो न केवल अस्थमा, हृदय रोग और फेफड़ों की बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों के लिए घातक है, बल्कि स्वस्थ लोगों के लिए भी

Delhi-NCR में विषैली वायु से कोई राहत नहीं, ग्रेटर नोएडा और गाज़ियाबाद में AQI 400 के पार वर्तमान मौसम और वायु स्थितियों की गंभीरता दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर लगातार विकराल होता जा रहा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और मौसम विभाग के ताज़ा आँकड़े दर्शाते हैं कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अधिकांश शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) ने 400 का स्तर पार कर लिया है। यह स्थिति प्रदूषण के उस गंभीर दायरे में आती है जो न केवल अस्थमा, हृदय रोग और फेफड़ों की बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों के लिए घातक है, बल्कि स्वस्थ लोगों के लिए भी

दिल्ली में वायु प्रदूषण पर बढ़ा जनाक्रोश Delhi Air Pollution Protest: राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार गंभीर होता जा रहा है। 9 नवंबर 2025 को जब एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 391 के खतरनाक स्तर पर पहुंचा, तो सैकड़ों लोग — जिनमें माता-पिता, बच्चे और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल थे — इंडिया गेट पर एकत्र हुए और “साफ हवा का अधिकार” मांगते हुए प्रदर्शन किया। पुलिस ने बिना अनुमति के प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने दर्जनों प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया। पुलिस का कहना था कि यह धरना बिना अनुमति आयोजित किया

दिल्ली में वायु प्रदूषण पर बढ़ा जनाक्रोश Delhi Air Pollution Protest: राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार गंभीर होता जा रहा है। 9 नवंबर 2025 को जब एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 391 के खतरनाक स्तर पर पहुंचा, तो सैकड़ों लोग — जिनमें माता-पिता, बच्चे और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल थे — इंडिया गेट पर एकत्र हुए और “साफ हवा का अधिकार” मांगते हुए प्रदर्शन किया। पुलिस ने बिना अनुमति के प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने दर्जनों प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया। पुलिस का कहना था कि यह धरना बिना अनुमति आयोजित किया

दिल्ली की हवा में जहर, प्रियंका गांधी ने की सभी राजनीतिक दलों से अपील — “राजनीति छोड़कर आएं साथ” नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली की बिगड़ती वायु गुणवत्ता पर कांग्रेस की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने चिंता जाहिर करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से तत्काल कार्रवाई की अपील की है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि राजनीतिक मतभेद भुलाकर सब मिलकर दिल्ली को इस ‘जहरीली हवा’ से बचाने के लिए काम करें। “दिल्ली की हवा में लौटना चौंकाने वाला अनुभव” प्रियंका गांधी ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में

दिल्ली की हवा में जहर, प्रियंका गांधी ने की सभी राजनीतिक दलों से अपील — “राजनीति छोड़कर आएं साथ” नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली की बिगड़ती वायु गुणवत्ता पर कांग्रेस की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने चिंता जाहिर करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से तत्काल कार्रवाई की अपील की है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि राजनीतिक मतभेद भुलाकर सब मिलकर दिल्ली को इस ‘जहरीली हवा’ से बचाने के लिए काम करें। “दिल्ली की हवा में लौटना चौंकाने वाला अनुभव” प्रियंका गांधी ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में

राजधानी में साँस लेना हुआ दूभर दिल्ली की वायु गुणवत्ता एक बार फिर ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुँच गई है। राजधानी के आसमान में फैली धुंध और धुएँ की मोटी परत ने वातावरण को विषैला बना दिया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, गुरुवार सुबह दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 375 दर्ज किया गया, जो ‘बहुत खराब’ से ‘गंभीर’ स्थिति की ओर बढ़ता हुआ संकेत देता है। धुएँ और धुंध की मोटी परत ने घटाई दृश्यता सुबह के समय दिल्ली के कई हिस्सों में गहरी धुंध छाई रही। पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, हवा में नमी और कम गति

राजधानी में साँस लेना हुआ दूभर दिल्ली की वायु गुणवत्ता एक बार फिर ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुँच गई है। राजधानी के आसमान में फैली धुंध और धुएँ की मोटी परत ने वातावरण को विषैला बना दिया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, गुरुवार सुबह दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 375 दर्ज किया गया, जो ‘बहुत खराब’ से ‘गंभीर’ स्थिति की ओर बढ़ता हुआ संकेत देता है। धुएँ और धुंध की मोटी परत ने घटाई दृश्यता सुबह के समय दिल्ली के कई हिस्सों में गहरी धुंध छाई रही। पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, हवा में नमी और कम गति

दिल्ली में वायु गुणवत्ता गंभीर स्तर पर नई दिल्ली। दिवाली उत्सव के बाद दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 346 तक पहुँच गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। यह जानकारी सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) ने दी।हालांकि इस वर्ष ग्रीन पटाखों का उपयोग किया गया, फिर भी वायु में प्रदूषण का स्तर चिंताजनक बना हुआ है। मुख्यमंत्री सचिवालय के लिए एयर प्यूरीफायर बीजेपी नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के सचिवालय के लिए 15 स्मार्ट एयर प्यूरीफायर खरीदे, जिनकी कीमत 5.45 लाख रुपये बताई गई है। यह कदम राजधानी में बढ़ते स्मॉग संकट के बीच उठाया

दिल्ली में वायु गुणवत्ता गंभीर स्तर पर नई दिल्ली। दिवाली उत्सव के बाद दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 346 तक पहुँच गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। यह जानकारी सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) ने दी।हालांकि इस वर्ष ग्रीन पटाखों का उपयोग किया गया, फिर भी वायु में प्रदूषण का स्तर चिंताजनक बना हुआ है। मुख्यमंत्री सचिवालय के लिए एयर प्यूरीफायर बीजेपी नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के सचिवालय के लिए 15 स्मार्ट एयर प्यूरीफायर खरीदे, जिनकी कीमत 5.45 लाख रुपये बताई गई है। यह कदम राजधानी में बढ़ते स्मॉग संकट के बीच उठाया

AQI में भारी वृद्धि और शहर पर प्रदूषण की चादर दिवाली की रात दिल्ली में पटाखों के चलते वायु गुणवत्ता में भारी गिरावट दर्ज की गई। सुबह होते ही शहर धुएँ और प्रदूषण की मोटी चादर से घिर गया। सुबह 5:30 बजे AQI 346 पर पहुंच गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। सुप्रीम कोर्ट की ‘ग्रीन पटाखों’ छूट के बावजूद प्रदूषण सुप्रीम कोर्ट ने इस वर्ष ‘ग्रीन’ पटाखों की अनुमति दी थी, लेकिन इसके बावजूद शहर में प्रदूषण स्तर बढ़ गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के अनुसार, 38 में से 34 निगरानी स्टेशनों ने AQI

AQI में भारी वृद्धि और शहर पर प्रदूषण की चादर दिवाली की रात दिल्ली में पटाखों के चलते वायु गुणवत्ता में भारी गिरावट दर्ज की गई। सुबह होते ही शहर धुएँ और प्रदूषण की मोटी चादर से घिर गया। सुबह 5:30 बजे AQI 346 पर पहुंच गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। सुप्रीम कोर्ट की ‘ग्रीन पटाखों’ छूट के बावजूद प्रदूषण सुप्रीम कोर्ट ने इस वर्ष ‘ग्रीन’ पटाखों की अनुमति दी थी, लेकिन इसके बावजूद शहर में प्रदूषण स्तर बढ़ गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के अनुसार, 38 में से 34 निगरानी स्टेशनों ने AQI

दिल्ली की साँसें थमीं: प्रदूषण का स्तर ‘खराब’ से ‘बहुत खराब’ की ओर नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली की हवा एक बार फिर लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन चुकी है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) के आँकड़ों के अनुसार, लगातार पाँचवें दिन दिल्ली की हवा ‘खराब’ श्रेणी में दर्ज की गई है। दीवाली से पहले ही नौ मॉनिटरिंग स्टेशन रेड जोन में पहुँच चुके हैं, जिससे हालात चिंताजनक बन गए हैं। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, आगामी तीन दिनों तक प्रदूषण में राहत के कोई आसार नहीं हैं। दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक 268 दर्ज, स्थिति चिंताजनक सीपीसीबी

दिल्ली की साँसें थमीं: प्रदूषण का स्तर ‘खराब’ से ‘बहुत खराब’ की ओर नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली की हवा एक बार फिर लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन चुकी है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) के आँकड़ों के अनुसार, लगातार पाँचवें दिन दिल्ली की हवा ‘खराब’ श्रेणी में दर्ज की गई है। दीवाली से पहले ही नौ मॉनिटरिंग स्टेशन रेड जोन में पहुँच चुके हैं, जिससे हालात चिंताजनक बन गए हैं। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, आगामी तीन दिनों तक प्रदूषण में राहत के कोई आसार नहीं हैं। दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक 268 दर्ज, स्थिति चिंताजनक सीपीसीबी