
तूफान दित्वा का बढ़ता खतरा दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवाती तूफान दित्वा अब भारत के तटीय इलाकों की ओर तेजी से बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने इस तूफान को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है। श्रीलंका में भयंकर तबाही मचाने के बाद यह तूफान अब भारतीय तटों की ओर रुख कर चुका है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार 30 नवंबर की सुबह तक यह तूफान उत्तरी तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिण आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों के करीब पहुंच जाएगा। भारतीय मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक शुक्रवार सुबह साढ़े आठ बजे यह तूफान श्रीलंका से करीब 80

तूफान दित्वा का बढ़ता खतरा दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवाती तूफान दित्वा अब भारत के तटीय इलाकों की ओर तेजी से बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने इस तूफान को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है। श्रीलंका में भयंकर तबाही मचाने के बाद यह तूफान अब भारतीय तटों की ओर रुख कर चुका है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार 30 नवंबर की सुबह तक यह तूफान उत्तरी तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिण आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों के करीब पहुंच जाएगा। भारतीय मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक शुक्रवार सुबह साढ़े आठ बजे यह तूफान श्रीलंका से करीब 80

चक्रवात ‘सेन्यार’ का प्रचंड प्रकोप: तटीय भारत के लिए अगले 48 घंटे सबसे संवेदनशील निम्न दबाव क्षेत्र के तेजी से मजबूत होने के संकेत दक्षिण एशिया के समुद्री क्षेत्र में मौसम का मिजाज लगातार उथल-पुथल भरा होता जा रहा है। मलेशिया के समीप मलक्का जलडमरूमध्य और आसपास के समुद्री क्षेत्र में बना निम्न दबाव का क्षेत्र तेजी से सशक्त होता दिखाई दे रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अपने नवीनतम बुलेटिन में स्पष्ट किया है कि यह प्रणाली अब लगातार पश्चिम-उत्तर दिशा की ओर बढ़ रही है और बंगाल की खाड़ी की ओर इसका झुकाव और भी तेज हो

चक्रवात ‘सेन्यार’ का प्रचंड प्रकोप: तटीय भारत के लिए अगले 48 घंटे सबसे संवेदनशील निम्न दबाव क्षेत्र के तेजी से मजबूत होने के संकेत दक्षिण एशिया के समुद्री क्षेत्र में मौसम का मिजाज लगातार उथल-पुथल भरा होता जा रहा है। मलेशिया के समीप मलक्का जलडमरूमध्य और आसपास के समुद्री क्षेत्र में बना निम्न दबाव का क्षेत्र तेजी से सशक्त होता दिखाई दे रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अपने नवीनतम बुलेटिन में स्पष्ट किया है कि यह प्रणाली अब लगातार पश्चिम-उत्तर दिशा की ओर बढ़ रही है और बंगाल की खाड़ी की ओर इसका झुकाव और भी तेज हो