
पूर्वी लद्दाख के पैंगोंग झील इलाके में चीन की गतिविधियां एक बार फिर भारत के लिए चिंता का विषय बन गई हैं। हालिया सैटेलाइट तस्वीरों में साफ दिखाई दे रहा है कि चीन इस विवादित क्षेत्र में अपनी स्थायी सैन्य मौजूदगी को मजबूत करने के लिए पक्के निर्माण कार्य करवा रहा है। यह खुलासा ऐसे समय पर हुआ है जब भारत और चीन के बीच रिश्तों में कुछ सुधार की बातें हो रही थीं। सैटेलाइट तस्वीरों में क्या दिखा नई हाई-रिज़ॉल्यूशन सैटेलाइट इमेजरी से पता चला है कि चीन पैंगोंग त्सो झील के बिल्कुल करीब नए स्थायी सैन्य ढांचों का

पूर्वी लद्दाख के पैंगोंग झील इलाके में चीन की गतिविधियां एक बार फिर भारत के लिए चिंता का विषय बन गई हैं। हालिया सैटेलाइट तस्वीरों में साफ दिखाई दे रहा है कि चीन इस विवादित क्षेत्र में अपनी स्थायी सैन्य मौजूदगी को मजबूत करने के लिए पक्के निर्माण कार्य करवा रहा है। यह खुलासा ऐसे समय पर हुआ है जब भारत और चीन के बीच रिश्तों में कुछ सुधार की बातें हो रही थीं। सैटेलाइट तस्वीरों में क्या दिखा नई हाई-रिज़ॉल्यूशन सैटेलाइट इमेजरी से पता चला है कि चीन पैंगोंग त्सो झील के बिल्कुल करीब नए स्थायी सैन्य ढांचों का

भारत और रूस के बीच रक्षा सहयोग एक बार फिर मजबूत होने की ओर बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच 5 दिसंबर को होने वाली द्विपक्षीय बैठक में कई अहम रक्षा सौदों पर चर्चा होने की संभावना है। इस बैठक में भारत पांच और एस-400 ट्रायम्फ एयर डिफेंस सिस्टम स्क्वाड्रन की मांग कर सकता है। यह फैसला ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एस-400 के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए लिया जा रहा है। एस-400 की नई स्क्वाड्रन की मांग क्यों ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय वायुसेना ने एस-400 सिस्टम का सफलतापूर्वक इस्तेमाल किया था।

भारत और रूस के बीच रक्षा सहयोग एक बार फिर मजबूत होने की ओर बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच 5 दिसंबर को होने वाली द्विपक्षीय बैठक में कई अहम रक्षा सौदों पर चर्चा होने की संभावना है। इस बैठक में भारत पांच और एस-400 ट्रायम्फ एयर डिफेंस सिस्टम स्क्वाड्रन की मांग कर सकता है। यह फैसला ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एस-400 के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए लिया जा रहा है। एस-400 की नई स्क्वाड्रन की मांग क्यों ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय वायुसेना ने एस-400 सिस्टम का सफलतापूर्वक इस्तेमाल किया था।

Rajnath Singh : लखनऊ में ब्रह्मोस प्रक्षेपण पर राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को चेतावनी दी Lucknow: भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज Lucknow में नए Rs 380 करोड़ के ब्रह्मोस मिसाइल उत्पादन फैसिलिटी का उद्घाटन किया। Epic lines Raksha Mantri says “If India can give birth to Pakistan then we can we can well……. No need for me to use those words, you guys are smart enough to figure out. pic.twitter.com/2sE8r01Yfr — Vikrant (@Vikspeaks1) October 18, 2025 लॉन्च का महत्व पहली खेप ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइलों की फ्लैग ऑफ 450 किलोमीटर रेंज,

Rajnath Singh : लखनऊ में ब्रह्मोस प्रक्षेपण पर राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को चेतावनी दी Lucknow: भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज Lucknow में नए Rs 380 करोड़ के ब्रह्मोस मिसाइल उत्पादन फैसिलिटी का उद्घाटन किया। Epic lines Raksha Mantri says “If India can give birth to Pakistan then we can we can well……. No need for me to use those words, you guys are smart enough to figure out. pic.twitter.com/2sE8r01Yfr — Vikrant (@Vikspeaks1) October 18, 2025 लॉन्च का महत्व पहली खेप ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइलों की फ्लैग ऑफ 450 किलोमीटर रेंज,

पाक रक्षा मंत्री का विवादित बयान पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने हाल ही में भारत को लेकर एक बेहद विवादित और भड़काऊ टिप्पणी की है। उन्होंने दावा किया कि मुगल बादशाह औरंगजेब के शासनकाल को छोड़कर, भारत कभी भी पूरी तरह एकजुट नहीं रहा। इसके साथ ही ख्वाजा आसिफ ने यह भी कहा कि भारत के साथ युद्ध की संभावना हमेशा बनी रहती है और वे इस बात से इनकार नहीं करते। उनके इस बयान ने दोनों देशों के बीच पहले से तनावपूर्ण संबंधों में नई चिंगारी पैदा कर दी है। साक्षात्कार में आए भड़काऊ बयान ख्वाजा आसिफ

पाक रक्षा मंत्री का विवादित बयान पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने हाल ही में भारत को लेकर एक बेहद विवादित और भड़काऊ टिप्पणी की है। उन्होंने दावा किया कि मुगल बादशाह औरंगजेब के शासनकाल को छोड़कर, भारत कभी भी पूरी तरह एकजुट नहीं रहा। इसके साथ ही ख्वाजा आसिफ ने यह भी कहा कि भारत के साथ युद्ध की संभावना हमेशा बनी रहती है और वे इस बात से इनकार नहीं करते। उनके इस बयान ने दोनों देशों के बीच पहले से तनावपूर्ण संबंधों में नई चिंगारी पैदा कर दी है। साक्षात्कार में आए भड़काऊ बयान ख्वाजा आसिफ

नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी दी है कि सर क्रीक सेक्टर में किसी भी प्रकार की हरकत का भारत निर्णायक जवाब देगा। उन्होंने गुजरात के भुज में कहा कि भारत ने सीमा विवाद को बातचीत के माध्यम से सुलझाने की कई कोशिशें की हैं, लेकिन पाकिस्तान की नीयत ठीक नहीं है। सर क्रीक क्या है? सर क्रीक भारत के गुजरात और पाकिस्तान के सिंध में स्थित एक संवेदनशील जलक्षेत्र है। यह क्षेत्र कच्छ के रण के दलदली विस्तार से होकर लगभग 96 किलोमीटर तक फैला है, जहाँ अरब सागर भूमि में विलीन हो जाता

नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी दी है कि सर क्रीक सेक्टर में किसी भी प्रकार की हरकत का भारत निर्णायक जवाब देगा। उन्होंने गुजरात के भुज में कहा कि भारत ने सीमा विवाद को बातचीत के माध्यम से सुलझाने की कई कोशिशें की हैं, लेकिन पाकिस्तान की नीयत ठीक नहीं है। सर क्रीक क्या है? सर क्रीक भारत के गुजरात और पाकिस्तान के सिंध में स्थित एक संवेदनशील जलक्षेत्र है। यह क्षेत्र कच्छ के रण के दलदली विस्तार से होकर लगभग 96 किलोमीटर तक फैला है, जहाँ अरब सागर भूमि में विलीन हो जाता

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 2 अक्टूबर 2025 को कच्छ (भुज/लक्की नाला) में विजयादशमी तथा शस्त्र पूजन के अवसर पर पाकिस्तान को स्पष्ट चेतावनी दी कि सर क्रीक क्षेत्र में किसी भी प्रकार के दुस्साहस का भारत निर्णायक जवाब देगा। उन्होंने कहा कि भारत ने बातचीत के जरिये कई बार सीमा विवाद सुलझाने की कोशिश की, पर पाकिस्तान के इरादे स्पष्ट नहीं लगते। इस दौरान उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर की सफलताओं और देश की सुरक्षा-क्षमताओं का भी उल्लेख किया। शस्त्र पूजन के मौके पर दी चेतावनी लक्की नाला सैन्य छावनी में आयोजित बहु‑एजेंसी अभ्यास और शस्त्र पूजन के बाद सिंह ने

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 2 अक्टूबर 2025 को कच्छ (भुज/लक्की नाला) में विजयादशमी तथा शस्त्र पूजन के अवसर पर पाकिस्तान को स्पष्ट चेतावनी दी कि सर क्रीक क्षेत्र में किसी भी प्रकार के दुस्साहस का भारत निर्णायक जवाब देगा। उन्होंने कहा कि भारत ने बातचीत के जरिये कई बार सीमा विवाद सुलझाने की कोशिश की, पर पाकिस्तान के इरादे स्पष्ट नहीं लगते। इस दौरान उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर की सफलताओं और देश की सुरक्षा-क्षमताओं का भी उल्लेख किया। शस्त्र पूजन के मौके पर दी चेतावनी लक्की नाला सैन्य छावनी में आयोजित बहु‑एजेंसी अभ्यास और शस्त्र पूजन के बाद सिंह ने

Rajnath Singh With Ex-Army Men| पूर्व सैनिक समाज और राष्ट्र के लिए दशकों तक सेवा करने वाले राष्ट्रीय धरोहर हैं। रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने 29 सितंबर 2025 को नई दिल्ली के मानेकशॉ सेंटर में रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत भूतपूर्व सैनिक कल्याण विभाग द्वारा आयोजित नेशनल कॉनक्लेव 2025 में यह स्पष्ट किया कि सरकार पूर्व सैनिकों के कल्याण, पुनर्वास और पुनः एकीकरण के लिए पूर्ण प्रतिबद्ध है। ‘विकसित भारत और भूतपूर्व सैनिक कल्याण’ विषय पर आयोजित इस दो दिवसीय सम्मेलन में जिला और राज्य सैनिक बोर्ड, पुनर्वास महानिदेशालय, ईसीएचएस और केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि शामिल हुए।

Rajnath Singh With Ex-Army Men| पूर्व सैनिक समाज और राष्ट्र के लिए दशकों तक सेवा करने वाले राष्ट्रीय धरोहर हैं। रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने 29 सितंबर 2025 को नई दिल्ली के मानेकशॉ सेंटर में रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत भूतपूर्व सैनिक कल्याण विभाग द्वारा आयोजित नेशनल कॉनक्लेव 2025 में यह स्पष्ट किया कि सरकार पूर्व सैनिकों के कल्याण, पुनर्वास और पुनः एकीकरण के लिए पूर्ण प्रतिबद्ध है। ‘विकसित भारत और भूतपूर्व सैनिक कल्याण’ विषय पर आयोजित इस दो दिवसीय सम्मेलन में जिला और राज्य सैनिक बोर्ड, पुनर्वास महानिदेशालय, ईसीएचएस और केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि शामिल हुए।