
भारत के सबसे धनी उद्योगपति मुकेश अंबानी की प्रमुख कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों को लेकर दुनिया की सबसे बड़ी ब्रोकरेज फर्मों में से एक जेपी मॉर्गन ने बड़ा बयान दिया है। अमेरिका के सबसे विशाल बैंक की ब्रोकरेज शाखा ने रिलायंस के शेयरों पर ओवरवेट रेटिंग देते हुए निवेशकों को खरीदारी की सलाह दी है। कंपनी ने साल 2026 में बेहतरीन प्रदर्शन की संभावना जताई है। सोमवार 25 नवंबर को शेयर बाजार में रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों ने नया 52 सप्ताह का उच्चतम स्तर छू लिया। इस ग्लोबल ब्रोकरेज की रिपोर्ट आने के बाद कंपनी के शेयर 1535 रुपये

भारत के सबसे धनी उद्योगपति मुकेश अंबानी की प्रमुख कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों को लेकर दुनिया की सबसे बड़ी ब्रोकरेज फर्मों में से एक जेपी मॉर्गन ने बड़ा बयान दिया है। अमेरिका के सबसे विशाल बैंक की ब्रोकरेज शाखा ने रिलायंस के शेयरों पर ओवरवेट रेटिंग देते हुए निवेशकों को खरीदारी की सलाह दी है। कंपनी ने साल 2026 में बेहतरीन प्रदर्शन की संभावना जताई है। सोमवार 25 नवंबर को शेयर बाजार में रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों ने नया 52 सप्ताह का उच्चतम स्तर छू लिया। इस ग्लोबल ब्रोकरेज की रिपोर्ट आने के बाद कंपनी के शेयर 1535 रुपये

रिलायंस इंडस्ट्रीज के तिमाही नतीजों से बाजार में रौनक मुंबई। देश की सबसे बड़ी निजी क्षेत्र की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) ने वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में 10 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ शानदार प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) ₹18,165 करोड़ रहा, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही में ₹16,563 करोड़ था। इस शानदार नतीजे के बाद सोमवार को कंपनी के शेयर लगभग 3 प्रतिशत तक उछल गए और निवेशकों के चेहरों पर नई उम्मीद की चमक देखी गई। मजबूत कारोबार का सहारा बना तेल से रसायन और खुदरा

रिलायंस इंडस्ट्रीज के तिमाही नतीजों से बाजार में रौनक मुंबई। देश की सबसे बड़ी निजी क्षेत्र की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) ने वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में 10 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ शानदार प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) ₹18,165 करोड़ रहा, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही में ₹16,563 करोड़ था। इस शानदार नतीजे के बाद सोमवार को कंपनी के शेयर लगभग 3 प्रतिशत तक उछल गए और निवेशकों के चेहरों पर नई उम्मीद की चमक देखी गई। मजबूत कारोबार का सहारा बना तेल से रसायन और खुदरा