
Stock Market: शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव कोई नई बात नहीं है, लेकिन जब गिरावट तेज हो तो निवेशकों की धड़कनें बढ़ जाती हैं। कल गुरुवार को ऐसा ही कुछ देखने को मिला, जब बाजार अचानक फिसल गया और करोड़ों रुपये की पूंजी कुछ ही घंटों में साफ हो गई। लेकिन आज शुक्रवार की सुबह तस्वीर थोड़ी बदली हुई नजर आई। शुरुआती कारोबार में भले ही सेंसेक्स और निफ्टी दबाव में खुले, लेकिन कुछ ही देर में बाजार ने रफ्तार पकड़ ली। जैसे ही बड़े शेयरों में खरीदारी बढ़ी, माहौल बदल गया और रेड जोन से निकलकर बाजार हरे निशान में

Stock Market: शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव कोई नई बात नहीं है, लेकिन जब गिरावट तेज हो तो निवेशकों की धड़कनें बढ़ जाती हैं। कल गुरुवार को ऐसा ही कुछ देखने को मिला, जब बाजार अचानक फिसल गया और करोड़ों रुपये की पूंजी कुछ ही घंटों में साफ हो गई। लेकिन आज शुक्रवार की सुबह तस्वीर थोड़ी बदली हुई नजर आई। शुरुआती कारोबार में भले ही सेंसेक्स और निफ्टी दबाव में खुले, लेकिन कुछ ही देर में बाजार ने रफ्तार पकड़ ली। जैसे ही बड़े शेयरों में खरीदारी बढ़ी, माहौल बदल गया और रेड जोन से निकलकर बाजार हरे निशान में

सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का रुख देखने को मिला। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही सूचकांक लाल निशान में कारोबार करते नजर आए। बाजार में आई इस कमजोरी के पीछे मुख्य कारण निवेशकों की सतर्क रणनीति है, जो इस सप्ताह होने वाली कई आईपीओ गतिविधियों और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतिगत बैठक को देखते हुए अपनाई गई है। पिछले सप्ताह भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति घोषणा के बाद अब निवेशकों का ध्यान इस सप्ताह अमेरिकी केंद्रीय बैंक की बैठक पर टिका है। माना जा रहा है कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कटौती का ऐलान कर सकता

सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का रुख देखने को मिला। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही सूचकांक लाल निशान में कारोबार करते नजर आए। बाजार में आई इस कमजोरी के पीछे मुख्य कारण निवेशकों की सतर्क रणनीति है, जो इस सप्ताह होने वाली कई आईपीओ गतिविधियों और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतिगत बैठक को देखते हुए अपनाई गई है। पिछले सप्ताह भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति घोषणा के बाद अब निवेशकों का ध्यान इस सप्ताह अमेरिकी केंद्रीय बैंक की बैठक पर टिका है। माना जा रहा है कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कटौती का ऐलान कर सकता

घरेलू शेयर बाजार में आईटी क्षेत्र की खरीदारी से सेंसेक्स में तेज़ी घरेलू शेयर बाज़ार में बुधवार को उल्लेखनीय उछाल देखने को मिला। लगातार शुरुआती गिरावट और कमजोर रुझानों के बीच आईटी सेक्टर में भारी खरीदारी ने बाजार को मजबूती प्रदान की, जिसके चलते सेंसेक्स 85,000 अंक के ऊपर बंद हुआ। मूल्य आधारित सौदों और चुनिंदा बड़े शेयरों में तेज़ी ने बाजार की दिशा को पलट दिया। निवेशकों के उत्साह से बाजार में सकारात्मक धारणा बनती दिखी, जिससे कारोबार के अंतिम चरण में तेज़ बढ़त दर्ज की गई। सेंसेक्स 85,186.47 पर बंद हुआ, जो 513.45 अंकों या 0.61 प्रतिशत की

घरेलू शेयर बाजार में आईटी क्षेत्र की खरीदारी से सेंसेक्स में तेज़ी घरेलू शेयर बाज़ार में बुधवार को उल्लेखनीय उछाल देखने को मिला। लगातार शुरुआती गिरावट और कमजोर रुझानों के बीच आईटी सेक्टर में भारी खरीदारी ने बाजार को मजबूती प्रदान की, जिसके चलते सेंसेक्स 85,000 अंक के ऊपर बंद हुआ। मूल्य आधारित सौदों और चुनिंदा बड़े शेयरों में तेज़ी ने बाजार की दिशा को पलट दिया। निवेशकों के उत्साह से बाजार में सकारात्मक धारणा बनती दिखी, जिससे कारोबार के अंतिम चरण में तेज़ बढ़त दर्ज की गई। सेंसेक्स 85,186.47 पर बंद हुआ, जो 513.45 अंकों या 0.61 प्रतिशत की