
Neal Katyal: अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ आदेश को रद्द कर दिया। कोर्ट ने कहा कि टैक्स और टैरिफ लगाने का अधिकार कांग्रेस (अमेरिका की संसद) के पास है। इस मामले में भारतीय मूल के वकील नील कात्याल की अहम भूमिका रही, जिन्होंने अदालत में मजबूत दलीलें दीं। अमेरिका की राजनीति में एक बड़ा कानूनी मोड़ आया है। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति Donald Trump के उस फैसले को रद्द कर दिया है, जिसमें उन्होंने टैरिफ लगाने का आदेश दिया था। कोर्ट ने साफ कहा कि टैरिफ या टैक्स लगाने का अधिकार राष्ट्रपति के पास नहीं, बल्कि

Neal Katyal: अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ आदेश को रद्द कर दिया। कोर्ट ने कहा कि टैक्स और टैरिफ लगाने का अधिकार कांग्रेस (अमेरिका की संसद) के पास है। इस मामले में भारतीय मूल के वकील नील कात्याल की अहम भूमिका रही, जिन्होंने अदालत में मजबूत दलीलें दीं। अमेरिका की राजनीति में एक बड़ा कानूनी मोड़ आया है। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति Donald Trump के उस फैसले को रद्द कर दिया है, जिसमें उन्होंने टैरिफ लगाने का आदेश दिया था। कोर्ट ने साफ कहा कि टैरिफ या टैक्स लगाने का अधिकार राष्ट्रपति के पास नहीं, बल्कि

500 Tariff on India: अमेरिका की राजनीति और वैश्विक व्यापार संतुलन एक बार फिर आमने-सामने खड़े नजर आ रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जिस नए कानून को मंजूरी दी है, उसने भारत समेत कई उभरती अर्थव्यवस्थाओं की चिंता बढ़ा दी है। ‘रूस प्रतिबंध अधिनियम 2025’ नामक इस प्रस्तावित कानून के तहत अमेरिका को उन देशों पर अत्यधिक ऊंचे टैरिफ लगाने का अधिकार मिल जाएगा, जो रूस से पेट्रोलियम और यूरेनियम उत्पादों की खरीद जारी रखते हैं। भारत, जिसने यूक्रेन युद्ध के बाद ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से रूस से रियायती दरों पर कच्चा तेल खरीदा, अब सीधे अमेरिकी

500 Tariff on India: अमेरिका की राजनीति और वैश्विक व्यापार संतुलन एक बार फिर आमने-सामने खड़े नजर आ रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जिस नए कानून को मंजूरी दी है, उसने भारत समेत कई उभरती अर्थव्यवस्थाओं की चिंता बढ़ा दी है। ‘रूस प्रतिबंध अधिनियम 2025’ नामक इस प्रस्तावित कानून के तहत अमेरिका को उन देशों पर अत्यधिक ऊंचे टैरिफ लगाने का अधिकार मिल जाएगा, जो रूस से पेट्रोलियम और यूरेनियम उत्पादों की खरीद जारी रखते हैं। भारत, जिसने यूक्रेन युद्ध के बाद ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से रूस से रियायती दरों पर कच्चा तेल खरीदा, अब सीधे अमेरिकी