
घिर गया ईरान, 400 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं India trapped in war: पिछले कुछ दिनों से पश्चिम एशिया में तनाव ने खुली जंग का रूप ले लिया है। अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर बड़े सैन्य अभियान शुरू किए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने इसे ‘एपिक फ्यूरी’ ऑपरेशन कहा, जबकि इजराइल ने अपने हमले का नाम ‘शील्ड ऑफ जूडा’ रखा। इसके जवाब में ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने लगभग 400 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, जिससे क्षेत्रीय अमेरिकी ठिकानों और शहरों में भय और अनिश्चितता फैल गई है। वहीं दूसरी ओर ईरान सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई को लेकर अब विरोधाभासी

घिर गया ईरान, 400 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं India trapped in war: पिछले कुछ दिनों से पश्चिम एशिया में तनाव ने खुली जंग का रूप ले लिया है। अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर बड़े सैन्य अभियान शुरू किए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने इसे ‘एपिक फ्यूरी’ ऑपरेशन कहा, जबकि इजराइल ने अपने हमले का नाम ‘शील्ड ऑफ जूडा’ रखा। इसके जवाब में ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने लगभग 400 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, जिससे क्षेत्रीय अमेरिकी ठिकानों और शहरों में भय और अनिश्चितता फैल गई है। वहीं दूसरी ओर ईरान सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई को लेकर अब विरोधाभासी

अमेरिका और भारत के बीच व्यापार समझौता: टैरिफ युद्ध से शांति तक का सफर From tariff shock to trade deal: दुनिया की दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं अमेरिका और भारत के बीच एक अहम व्यापार समझौता हुआ है। सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के साथ व्यापार डील की घोषणा की। यह समझौता उस समय आया है जब कुछ महीने पहले अमेरिका ने भारतीय सामान पर 50 प्रतिशत तक का भारी टैरिफ लगाया था। इस टैरिफ के पीछे भारत द्वारा रूस से तेल खरीदना भी एक बड़ा कारण बताया गया था। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर

अमेरिका और भारत के बीच व्यापार समझौता: टैरिफ युद्ध से शांति तक का सफर From tariff shock to trade deal: दुनिया की दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं अमेरिका और भारत के बीच एक अहम व्यापार समझौता हुआ है। सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के साथ व्यापार डील की घोषणा की। यह समझौता उस समय आया है जब कुछ महीने पहले अमेरिका ने भारतीय सामान पर 50 प्रतिशत तक का भारी टैरिफ लगाया था। इस टैरिफ के पीछे भारत द्वारा रूस से तेल खरीदना भी एक बड़ा कारण बताया गया था। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर

Trump warns Iran on Protesters Execution: ईरान में जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी सरकार को सख्त चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी दी तो अमेरिका बहुत सख्त कार्रवाई करेगा। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि ईरानी सरकार की कड़ी कार्रवाई में अब तक 2400 से ज्यादा प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी है। ईरान में इस समय बहुत बड़ा संकट चल रहा है। देश भर में लोग सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। सरकार ने इन विरोध प्रदर्शनों को दबाने के लिए बहुत सख्त कदम

Trump warns Iran on Protesters Execution: ईरान में जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी सरकार को सख्त चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी दी तो अमेरिका बहुत सख्त कार्रवाई करेगा। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि ईरानी सरकार की कड़ी कार्रवाई में अब तक 2400 से ज्यादा प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी है। ईरान में इस समय बहुत बड़ा संकट चल रहा है। देश भर में लोग सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। सरकार ने इन विरोध प्रदर्शनों को दबाने के लिए बहुत सख्त कदम

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला के तेल उद्योग को अपने नियंत्रण में लेने और उसे फिर से जीवंत करने की एक बड़ी योजना बनाई है। यह योजना राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को एक सैन्य कार्रवाई में पकड़े जाने के बाद सामने आई है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि इस योजना का तेल की कीमतों पर तुरंत कोई बड़ा असर होने की संभावना नहीं है। वेनेजुएला का तेल उद्योग कई सालों से उपेक्षा और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के कारण बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुका है। इस वजह से उत्पादन को फिर से बढ़ाने में कई साल लग सकते हैं और

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला के तेल उद्योग को अपने नियंत्रण में लेने और उसे फिर से जीवंत करने की एक बड़ी योजना बनाई है। यह योजना राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को एक सैन्य कार्रवाई में पकड़े जाने के बाद सामने आई है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि इस योजना का तेल की कीमतों पर तुरंत कोई बड़ा असर होने की संभावना नहीं है। वेनेजुएला का तेल उद्योग कई सालों से उपेक्षा और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के कारण बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुका है। इस वजह से उत्पादन को फिर से बढ़ाने में कई साल लग सकते हैं और

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बड़ी घटना सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि अमेरिकी सेना और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने मिलकर वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को गिरफ्तार कर लिया है। यह खबर पूरी दुनिया के लिए चौंकाने वाली है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर इस बात की जानकारी दी है। ट्रंप का बड़ा बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट लिखकर बताया कि अमेरिका ने वेनेजुएला और उसके नेता राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई की है। इस

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बड़ी घटना सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि अमेरिकी सेना और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने मिलकर वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को गिरफ्तार कर लिया है। यह खबर पूरी दुनिया के लिए चौंकाने वाली है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर इस बात की जानकारी दी है। ट्रंप का बड़ा बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट लिखकर बताया कि अमेरिका ने वेनेजुएला और उसके नेता राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई की है। इस

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बार फिर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में चल रहे विरोध प्रदर्शनों को लेकर जो चेतावनी जारी की थी, उस पर ईरान की सरकार ने साफ शब्दों में अपनी प्रतिक्रिया दे दी है। ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के वरिष्ठ सलाहकार ने शुक्रवार को एक बयान जारी करते हुए कहा कि अगर अमेरिका ने ईरान के आंतरिक मामलों में दखल देने की कोशिश की तो इसके परिणाम बेहद खतरनाक हो सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिकी हस्तक्षेप से न केवल ईरान

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बार फिर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में चल रहे विरोध प्रदर्शनों को लेकर जो चेतावनी जारी की थी, उस पर ईरान की सरकार ने साफ शब्दों में अपनी प्रतिक्रिया दे दी है। ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के वरिष्ठ सलाहकार ने शुक्रवार को एक बयान जारी करते हुए कहा कि अगर अमेरिका ने ईरान के आंतरिक मामलों में दखल देने की कोशिश की तो इसके परिणाम बेहद खतरनाक हो सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिकी हस्तक्षेप से न केवल ईरान

अमेरिका के न्याय विभाग ने हाल ही में जेफ्री एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों का एक बड़ा संग्रह जारी किया था। लेकिन अब खबर आ रही है कि इन दस्तावेजों में से कम से कम 16 फाइलें विभाग की आधिकारिक वेबसाइट से हटा दी गई हैं। यह मामला अब एक नया विवाद बनता जा रहा है क्योंकि इन हटाई गई फाइलों में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की एक तस्वीर भी शामिल बताई जा रही है। एक निजी समाचार चैनल ने इस बात की पुष्टि की है कि हटाई गई फाइलों में से एक में राष्ट्रपति ट्रंप की तस्वीर थी। हालांकि इस

अमेरिका के न्याय विभाग ने हाल ही में जेफ्री एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों का एक बड़ा संग्रह जारी किया था। लेकिन अब खबर आ रही है कि इन दस्तावेजों में से कम से कम 16 फाइलें विभाग की आधिकारिक वेबसाइट से हटा दी गई हैं। यह मामला अब एक नया विवाद बनता जा रहा है क्योंकि इन हटाई गई फाइलों में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की एक तस्वीर भी शामिल बताई जा रही है। एक निजी समाचार चैनल ने इस बात की पुष्टि की है कि हटाई गई फाइलों में से एक में राष्ट्रपति ट्रंप की तस्वीर थी। हालांकि इस

भारत का निर्यात 2025: वैश्विक प्रतिस्पर्धा में नया मुकाम नई दिल्ली। भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए निर्यात हमेशा से ही मजबूती का स्तंभ रहा है। 2025 में भारत ने वैश्विक व्यापार में फिर से अपनी छवि मजबूत की है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए उच्च टैरिफ के बावजूद भारत का निर्यात बढ़ा है, जो भारतीय निर्यातकों की कुशल रणनीति और उत्पादन क्षमता का परिचायक है। ट्रंप टैरिफ और भारत का रणनीतिक जवाब अमेरिका ने भारत के आयात पर सर्वाधिक 50% शुल्क लगाया था, जिससे भारतीय उत्पादों की अमेरिकी बाजार में प्रतिस्पर्धा प्रभावित होने की आशंका थी। लेकिन भारत ने

भारत का निर्यात 2025: वैश्विक प्रतिस्पर्धा में नया मुकाम नई दिल्ली। भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए निर्यात हमेशा से ही मजबूती का स्तंभ रहा है। 2025 में भारत ने वैश्विक व्यापार में फिर से अपनी छवि मजबूत की है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए उच्च टैरिफ के बावजूद भारत का निर्यात बढ़ा है, जो भारतीय निर्यातकों की कुशल रणनीति और उत्पादन क्षमता का परिचायक है। ट्रंप टैरिफ और भारत का रणनीतिक जवाब अमेरिका ने भारत के आयात पर सर्वाधिक 50% शुल्क लगाया था, जिससे भारतीय उत्पादों की अमेरिकी बाजार में प्रतिस्पर्धा प्रभावित होने की आशंका थी। लेकिन भारत ने

America Shutdown: अमेरिकी शटडाउन का बढ़ता असर, हवाई यात्रा व्यवस्था चरमराई नई दिल्ली। अमेरिका में जारी सरकारी शटडाउन अब प्रशासनिक सीमाओं से आगे बढ़कर आम जनजीवन को प्रभावित करने लगा है। रविवार 9 नवंबर को अमेरिकी हवाई सेवा प्रणाली पूरी तरह अस्त-व्यस्त नजर आई, जब 2800 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं और 10,200 से अधिक में देरी दर्ज की गई। यात्रियों को घंटों हवाई अड्डों पर इंतजार करना पड़ा, वहीं एयरलाइंस कंपनियों के लिए भी यह स्थिति संकट का कारण बन गई है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल की कमी बनी संकट की जड़ अमेरिकी ट्रांसपोर्टेशन सेक्रेटरी सीन डफी ने कहा कि एयर

America Shutdown: अमेरिकी शटडाउन का बढ़ता असर, हवाई यात्रा व्यवस्था चरमराई नई दिल्ली। अमेरिका में जारी सरकारी शटडाउन अब प्रशासनिक सीमाओं से आगे बढ़कर आम जनजीवन को प्रभावित करने लगा है। रविवार 9 नवंबर को अमेरिकी हवाई सेवा प्रणाली पूरी तरह अस्त-व्यस्त नजर आई, जब 2800 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं और 10,200 से अधिक में देरी दर्ज की गई। यात्रियों को घंटों हवाई अड्डों पर इंतजार करना पड़ा, वहीं एयरलाइंस कंपनियों के लिए भी यह स्थिति संकट का कारण बन गई है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल की कमी बनी संकट की जड़ अमेरिकी ट्रांसपोर्टेशन सेक्रेटरी सीन डफी ने कहा कि एयर

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने अपने हालिया साक्षात्कार में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग की नेतृत्व क्षमता की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने दोनों को “मजबूत और समझदार नेता” बताते हुए कहा कि उनसे डील करना आसान नहीं होता। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि उन्होंने अपने कार्यकाल में आठ युद्धों को समाप्त कराया और रूस-यूक्रेन संघर्ष को जल्द खत्म कराने की उम्मीद जताई। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का बयान बना चर्चा का विषय अमेरिकी राजनीति में एक बार फिर डोनल्ड ट्रंप सुर्खियों में हैं। एक प्रमुख अमेरिकी चैनल CBS को दिए गए साक्षात्कार में

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने अपने हालिया साक्षात्कार में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग की नेतृत्व क्षमता की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने दोनों को “मजबूत और समझदार नेता” बताते हुए कहा कि उनसे डील करना आसान नहीं होता। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि उन्होंने अपने कार्यकाल में आठ युद्धों को समाप्त कराया और रूस-यूक्रेन संघर्ष को जल्द खत्म कराने की उम्मीद जताई। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का बयान बना चर्चा का विषय अमेरिकी राजनीति में एक बार फिर डोनल्ड ट्रंप सुर्खियों में हैं। एक प्रमुख अमेरिकी चैनल CBS को दिए गए साक्षात्कार में

ट्रंप और ताकाइची की ऐतिहासिक मुलाकात टोक्यो, 28 अक्टूबर: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को जापान की नई प्रधानमंत्री साने ताकाइची के साथ एक ऐतिहासिक बैठक की, जिसे दोनों देशों के रिश्तों के नए “स्वर्ण युग” की शुरुआत माना जा रहा है। ताकाइची, जो हाल ही में जापान की पहली महिला प्रधानमंत्री बनी हैं, ने ट्रंप के साथ मैत्रीपूर्ण और रणनीतिक बातचीत की, जिसमें व्यापार, ऊर्जा और रक्षा सहयोग जैसे कई अहम मुद्दों पर सहमति बनी। दोनों नेताओं की यह बैठक न केवल राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रही, बल्कि इसे एशिया-अमेरिका संबंधों में एक नया मोड़ भी माना जा

ट्रंप और ताकाइची की ऐतिहासिक मुलाकात टोक्यो, 28 अक्टूबर: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को जापान की नई प्रधानमंत्री साने ताकाइची के साथ एक ऐतिहासिक बैठक की, जिसे दोनों देशों के रिश्तों के नए “स्वर्ण युग” की शुरुआत माना जा रहा है। ताकाइची, जो हाल ही में जापान की पहली महिला प्रधानमंत्री बनी हैं, ने ट्रंप के साथ मैत्रीपूर्ण और रणनीतिक बातचीत की, जिसमें व्यापार, ऊर्जा और रक्षा सहयोग जैसे कई अहम मुद्दों पर सहमति बनी। दोनों नेताओं की यह बैठक न केवल राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रही, बल्कि इसे एशिया-अमेरिका संबंधों में एक नया मोड़ भी माना जा

नई दिल्ली।विश्व राजनीति के बदलते समीकरणों के बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर ब्रिक्स (BRICS) संगठन पर भड़क गए हैं। उन्होंने दो टूक चेतावनी दी है कि जो भी देश ब्रिक्स में शामिल होगा, उस पर अमेरिका की ओर से अतिरिक्त शुल्क लगाया जाएगा। ट्रंप का आरोप है कि यह संगठन अमेरिकी डॉलर को कमजोर करने की साज़िश कर रहा है। भारत, जो वर्ष 2026 में भव्य ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी की तैयारी कर रहा है, ने ट्रंप के इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने स्पष्ट किया है कि

नई दिल्ली।विश्व राजनीति के बदलते समीकरणों के बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर ब्रिक्स (BRICS) संगठन पर भड़क गए हैं। उन्होंने दो टूक चेतावनी दी है कि जो भी देश ब्रिक्स में शामिल होगा, उस पर अमेरिका की ओर से अतिरिक्त शुल्क लगाया जाएगा। ट्रंप का आरोप है कि यह संगठन अमेरिकी डॉलर को कमजोर करने की साज़िश कर रहा है। भारत, जो वर्ष 2026 में भव्य ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी की तैयारी कर रहा है, ने ट्रंप के इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने स्पष्ट किया है कि

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में अचानक गरमाहट दिखाई दे रही है। US President Donald Trump ने शनिवार को Bagram Airbase को लेकर तालिबान को सख्त चेतावनी दी — “If Afghanistan doesn’t give Bagram Airbase back… BAD THINGS ARE GOING TO HAPPEN!” — यह संदेश उन्होंने अपने Truth Social प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करके और बाद में रिपोर्टर्स से कहते हुए दोहराया। यह बयान उस समय आया है जब Mr. Trump हाल ही में UK state visit पर थे और वहीं एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बताया था कि वे Bagram की वापसी के लिए कार्य कर रहे हैं और इसकी रणनीति पर बातचीत

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में अचानक गरमाहट दिखाई दे रही है। US President Donald Trump ने शनिवार को Bagram Airbase को लेकर तालिबान को सख्त चेतावनी दी — “If Afghanistan doesn’t give Bagram Airbase back… BAD THINGS ARE GOING TO HAPPEN!” — यह संदेश उन्होंने अपने Truth Social प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करके और बाद में रिपोर्टर्स से कहते हुए दोहराया। यह बयान उस समय आया है जब Mr. Trump हाल ही में UK state visit पर थे और वहीं एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बताया था कि वे Bagram की वापसी के लिए कार्य कर रहे हैं और इसकी रणनीति पर बातचीत

नई दिल्ली: What is H-1B Visa? हाल ही में Donald Trump द्वारा H-1B Visa की fees बढ़ाने के फैसले ने Indian IT companies को हिला दिया है। लेकिन आम पाठक के मन में सवाल है – आखिर ये H-1B Visa है क्या? आइए विस्तार से समझते हैं। H-1B Visa क्या है (What is H-1B Visa)? H-1B एक non-immigrant work visa है जिसे United States Citizenship and Immigration Services (USCIS) द्वारा जारी किया जाता है। यह visa विदेशी skilled professionals को अमेरिका में काम करने की अनुमति देता है। इसका मकसद है कि जब किसी job role के लिए अमेरिकी workers

नई दिल्ली: What is H-1B Visa? हाल ही में Donald Trump द्वारा H-1B Visa की fees बढ़ाने के फैसले ने Indian IT companies को हिला दिया है। लेकिन आम पाठक के मन में सवाल है – आखिर ये H-1B Visa है क्या? आइए विस्तार से समझते हैं। H-1B Visa क्या है (What is H-1B Visa)? H-1B एक non-immigrant work visa है जिसे United States Citizenship and Immigration Services (USCIS) द्वारा जारी किया जाता है। यह visa विदेशी skilled professionals को अमेरिका में काम करने की अनुमति देता है। इसका मकसद है कि जब किसी job role के लिए अमेरिकी workers

नई दिल्ली, Trump’s H-1B Visa News: अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने शुक्रवार को एक बड़ा कदम उठाते हुए H-1B Visa Fees को $1,000 से बढ़ाकर $100,000 कर दिया है। यह बदलाव 9,900% की वृद्धि दर्शाता है और इसका सीधा असर भारत की शीर्ष IT कंपनियों पर पड़ने वाला है। अनुमान है कि इस नए शुल्क से भारत की पाँच बड़ी IT कंपनियों – TCS, Infosys, HCLTech, Cognizant और LTIMindtree – के FY25 में हुए कुल profits का लगभग 10% हिस्सा केवल visa fees में खर्च हो जाएगा। वेब स्टोरी: Trump’s H-1B Visa: Indian IT Industry पर सीधा असर अमेरिका

नई दिल्ली, Trump’s H-1B Visa News: अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने शुक्रवार को एक बड़ा कदम उठाते हुए H-1B Visa Fees को $1,000 से बढ़ाकर $100,000 कर दिया है। यह बदलाव 9,900% की वृद्धि दर्शाता है और इसका सीधा असर भारत की शीर्ष IT कंपनियों पर पड़ने वाला है। अनुमान है कि इस नए शुल्क से भारत की पाँच बड़ी IT कंपनियों – TCS, Infosys, HCLTech, Cognizant और LTIMindtree – के FY25 में हुए कुल profits का लगभग 10% हिस्सा केवल visa fees में खर्च हो जाएगा। वेब स्टोरी: Trump’s H-1B Visa: Indian IT Industry पर सीधा असर अमेरिका