
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने हाल ही में अपने दैनंदिन बुलेटिन में बताया कि विशेष तीव्र पुनरीक्षण (SIR) चरण-द्वितीय के तहत 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 50.11 करोड़ मतदाता-विशिष्ट प्रपत्र (Enumeration Forms) वितरित किए जा चुके हैं। यह संख्या कुल वितरण का 98.32 प्रतिशत दर्शाती है। यह अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चल रहा है, जिसमें घर-घर जाकर मतदाता विवरणों का सत्यापन और अद्यतन किया जा रहा है। इसमें बूथ स्तर अधिकारी (BLO) और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ स्तर एजेंट (BLA) शामिल हैं। विशेष तीव्र पुनरीक्षण का महत्व विशेष तीव्र पुनरीक्षण चरण-द्वितीय का

भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने हाल ही में अपने दैनंदिन बुलेटिन में बताया कि विशेष तीव्र पुनरीक्षण (SIR) चरण-द्वितीय के तहत 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 50.11 करोड़ मतदाता-विशिष्ट प्रपत्र (Enumeration Forms) वितरित किए जा चुके हैं। यह संख्या कुल वितरण का 98.32 प्रतिशत दर्शाती है। यह अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चल रहा है, जिसमें घर-घर जाकर मतदाता विवरणों का सत्यापन और अद्यतन किया जा रहा है। इसमें बूथ स्तर अधिकारी (BLO) और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ स्तर एजेंट (BLA) शामिल हैं। विशेष तीव्र पुनरीक्षण का महत्व विशेष तीव्र पुनरीक्षण चरण-द्वितीय का

मतदाता सूची पुनरीक्षण का दूसरा चरण आरंभ भारत निर्वाचन आयोग ने देश के 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में मतदाता सूची पुनरीक्षण (Summary Revision of Electoral Rolls) की प्रक्रिया के दूसरे चरण की शुरुआत की है। इस चरण के अंतर्गत 4 नवंबर 2025 से लेकर 4 दिसंबर 2025 तक बूथ स्तर अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर एसआईआर (Special Integrated Revision) प्रपत्र वितरित करेंगे। यह अभियान मतदाता सूची को अद्यतन, त्रुटि-मुक्त और सटीक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आयोग का उद्देश्य है कि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो और मृत या

मतदाता सूची पुनरीक्षण का दूसरा चरण आरंभ भारत निर्वाचन आयोग ने देश के 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में मतदाता सूची पुनरीक्षण (Summary Revision of Electoral Rolls) की प्रक्रिया के दूसरे चरण की शुरुआत की है। इस चरण के अंतर्गत 4 नवंबर 2025 से लेकर 4 दिसंबर 2025 तक बूथ स्तर अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर एसआईआर (Special Integrated Revision) प्रपत्र वितरित करेंगे। यह अभियान मतदाता सूची को अद्यतन, त्रुटि-मुक्त और सटीक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आयोग का उद्देश्य है कि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो और मृत या