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दूषित पानी से उजड़े भागीरथपुरा के घर, पीड़ितों का दर्द सुनने इंदौर पहुंचे राहुल गांधी

इंदौर पहुंचे राहुल गांधी
इंदौर पहुंचे राहुल गांधी (Source- X @INCindia)
इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से हुई मौतों के बाद राहुल गांधी पीड़ित परिवारों से मिलने पहुंचे। उन्होंने अस्पताल में भर्ती मरीजों और मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। कांग्रेस ने आर्थिक सहायता की घोषणा की और भाजपा पर पीड़ितों को दबाने का आरोप लगाया।
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Rahul Gandhi in Indore: मध्य प्रदेश के इंदौर शहर का भागीरथपुरा इलाका इन दिनों गहरे शोक और आक्रोश के माहौल से गुजर रहा है। दूषित पेयजल के कारण यहां अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग अब भी इलाजरत हैं। इसी मानवीय त्रासदी के बीच लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को इंदौर पहुंचे और पीड़ित परिवारों से मिलकर उनका दर्द करीब से सुना।

अस्पताल में भर्ती मरीजों से की मुलाकात

इंदौर पहुंचते ही राहुल गांधी सबसे पहले बॉम्बे अस्पताल गए, जहां दूषित पानी पीने से बीमार हुए 5 से 6 मरीज अब भी भर्ती हैं। अस्पताल में उन्होंने मरीजों से सीधे बातचीत की, उनका हालचाल जाना और परिजनों से इलाज की स्थिति के बारे में जानकारी ली। उनके साथ इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ भी मौजूद रहे।

हालांकि सुरक्षा कारणों और भीड़ प्रबंधन को लेकर कई अन्य कांग्रेस नेताओं को अस्पताल परिसर के बाहर ही रोक दिया गया। राहुल गांधी करीब 15 मिनट तक अस्पताल में रुके, लेकिन इस कम समय में भी उन्होंने मरीजों की पीड़ा को गंभीरता से सुना।

भागीरथपुरा बस्ती में मृतकों के परिजनों से भेंट

अस्पताल से निकलने के बाद राहुल गांधी सीधे भागीरथपुरा बस्ती पहुंचे। संकरी गलियों और भारी भीड़ के बीच उन्होंने सबसे पहले मृतक गीता बाई के घर जाकर उनके परिजनों से मुलाकात की। इसके बाद वे जीवन माली के घर पहुंचे, जिनकी मौत भी दूषित जल के कारण हुई थी। परिजनों की आंखों में आंसू और आवाज में गुस्सा साफ झलक रहा था।

भीड़ की धक्का-मुक्की से राहुल गांधी कुछ देर के लिए असहज भी दिखे, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने पीड़ित परिवारों से बातचीत जारी रखी। यह दृश्य बताता है कि यह दौरा किसी औपचारिकता तक सीमित नहीं था, बल्कि मानवीय संवेदना से जुड़ा था।

अन्य पीड़ित परिवारों से भी होगी मुलाकात

राहुल गांधी ने 5 महीने के अव्यान समेत अन्य मृतकों और प्रभावित परिवारों से संस्कार गार्डन में मिलने की योजना बनाई है। कांग्रेस ने इसके लिए प्रशासन को चार घरों की सूची सौंपी है। पार्टी की ओर से यह भी घोषणा की गई है कि दूषित जल कांड में जान गंवाने वाले सभी 24 मृतकों के परिवारों को एक-एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।

यह सहायता भले ही किसी जान की भरपाई न कर सके, लेकिन इससे यह संदेश जरूर जाता है कि पीड़ित परिवार अकेले नहीं हैं।

सुरक्षा एजेंसियां सतर्क, पैदल जाने को भी तैयार राहुल

भागीरथपुरा की संकरी गलियों और भीड़ को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। सीआरपीएफ समेत अन्य बलों ने सुरक्षा कारणों से कुछ इलाकों में प्रवेश पर आपत्ति जताई है। शुक्रवार को सुरक्षा अधिकारियों ने बस्ती का दौरा कर स्थिति का आकलन भी किया था।

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यदि जरूरत पड़ी तो राहुल गांधी पैदल चलकर भी पीड़ित परिवारों तक पहुंचेंगे। यह बयान उनके जमीनी जुड़ाव को दर्शाता है।

एयरपोर्ट पर हुआ जोरदार स्वागत

राहुल गांधी के इंदौर आगमन पर एयरपोर्ट पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं दिग्विजय सिंह, सज्जन सिंह वर्मा, कांतिलाल भूरिया, सत्य नारायण पटेल और उमंग सिंघार ने उनका स्वागत किया। युवक कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब भी इंदौर पहुंचे। एयरपोर्ट के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ता ‘न्याय दिलाओ’ लिखी तख्तियां लेकर खड़े नजर आए।

कांग्रेस का भाजपा पर गंभीर आरोप

कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि भाजपा पीड़ित परिवारों को दबाव में लेकर राहुल गांधी से मिलने से रोकने की कोशिश कर रही है। पार्टी का दावा है कि कुछ परिवारों को क्षेत्र से हटाया जा रहा है ताकि मुलाकात न हो सके। छह महीने के मृतक अव्यान का परिवार भी घर पर ताला लगाकर कहीं चला गया है, जिसे लेकर कांग्रेस ने सवाल खड़े किए हैं।

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Dipali Kumari

दीपाली कुमारी पिछले तीन वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में कार्यरत हैं। उन्होंने रांची के गोस्सनर कॉलेज से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। सामाजिक सरोकारों, जन-जागरूकता और जमीनी मुद्दों पर लिखने में उनकी विशेष रुचि है। आम लोगों की आवाज़ को मुख्यधारा तक पहुँचाना और समाज से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्नों को धारदार लेखन के माध्यम से सामने लाना उनका प्रमुख लक्ष्य है।