कोलकाता शहर में एक बार फिर महिला सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। रविवार को चटर्जीहाट थाना क्षेत्र में एक शर्मनाक घटना सामने आई जब एक युवक ने स्कूटर पर आकर सार्वजनिक रूप से एक महिला के साथ अभद्रता की। यह घटना दिन के उजाले में हुई जिसने पूरे इलाके में रोष की लहर पैदा कर दी। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक रजप्रिय साहा को गिरफ्तार कर लिया है।
जो जानकारी सामने आ रही है उसके अनुसार गिरफ्तार आरोपी एक शराब की दुकान का मालिक है। पुलिस की जांच में यह भी पता चला है कि यह युवक पहली बार ऐसी हरकत नहीं कर रहा था। सूत्रों के मुताबिक उसने पहले भी कई महिलाओं के साथ सार्वजनिक रूप से अभद्रता की है। इस घटना का एक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है जो पूरे मामले को और मजबूत बनाता है।
स्थानीय लोगों का आरोप और समस्या
इलाके के रहने वाले लोगों का कहना है कि शैलेन मान्ना मार्ग पर स्थित इस शराब की दुकान के सामने खुलेआम शराब पीने का काम होता है। यह दुकान एक संवेदनशील इलाके में स्थित है। दिलचस्प बात यह है कि डुमुरजला हेलीपैड ग्राउंड से इस दुकान के पास से होकर मुख्यमंत्री नवान्न जाती हैं। इतने संवेदनशील इलाके में इस तरह की दुकान और वहां होने वाली गतिविधियां सवालों के घेरे में हैं।
स्थानीय निवासियों ने पहले भी इस दुकान को लेकर कई बार शिकायतें की थीं। लेकिन हर बार मामला दबा दिया जाता था। इस बार महिला के साथ हुई घटना के बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। इलाके के लोगों ने मिलकर इस दुकान को खुलने ही नहीं दिया। लोगों का कहना है कि यह दुकान पूरे इलाके के लिए एक समस्या बन गई है और इसे तुरंत बंद किया जाना चाहिए।

पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना के बाद पुलिस ने तुरंत हरकत में आते हुए आरोपी रजप्रिय साहा को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तेजी से जांच शुरू की है। सीसीटीवी फुटेज की मदद से पुलिस आरोपी के खिलाफ मजबूत सबूत जुटा रही है।
जांच में यह भी पता चल रहा है कि आरोपी ने पहले भी कई महिलाओं के साथ ऐसी हरकतें की हैं। पुलिस अब उन सभी घटनाओं की भी जांच कर रही है। एक और सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है जो आरोपी के खिलाफ सबूत के तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता है। पुलिस का कहना है कि वे इस मामले में किसी भी तरह की ढील नहीं बरतेंगे और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

तृणमूल नेतृत्व और स्थानीय लोगों की मांग
आज तृणमूल कांग्रेस के स्थानीय नेतृत्व और इलाके के लोगों ने चटर्जीहाट थाने में एक डेपुटेशन दिया। इस डेपुटेशन में उन्होंने प्रशासन से कई मांगें रखीं। सबसे पहली और सबसे बड़ी मांग यह है कि उस शराब की दुकान को तुरंत बंद किया जाए। लोगों का कहना है कि यह दुकान पूरे इलाके की शांति भंग कर रही है और यहां से कई तरह की गलत गतिविधियां हो रही हैं।
दूसरी मांग यह है कि आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त सजा दी जाए। लोग चाहते हैं कि इस मामले को गंभीरता से लिया जाए और आरोपी को कानून के मुताबिक सजा मिले ताकि भविष्य में कोई और ऐसी हरकत करने की हिम्मत न करे। स्थानीय महिलाएं भी इस मांग में शामिल हैं और वे अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।

समाज पर असर और महिला सुरक्षा का सवाल
यह घटना एक बार फिर महिला सुरक्षा के सवाल को सामने लाती है। दिन के उजाले में सार्वजनिक जगह पर महिला के साथ इस तरह की अभद्रता समाज के लिए शर्म की बात है। यह दिखाता है कि अभी भी कई जगहों पर महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। हमें यह सोचना होगा कि आखिर क्यों कुछ लोग खुद को कानून से ऊपर समझते हैं और ऐसी घटनाओं को अंजाम देने की हिम्मत करते हैं।
इस घटना ने यह भी साबित किया कि अगर प्रशासन और पुलिस मिलकर काम करें तो अपराधियों को जल्दी पकड़ा जा सकता है। सीसीटीवी कैमरों की भूमिका भी इस मामले में बहुत महत्वपूर्ण रही है। शहर के हर इलाके में सीसीटीवी कैमरे लगाने चाहिए ताकि अपराधियों को पकड़ना आसान हो सके।
प्रशासन की जिम्मेदारी
अब प्रशासन पर यह जिम्मेदारी है कि वह स्थानीय लोगों की मांगों को गंभीरता से ले। शराब की दुकान को लेकर पहले भी शिकायतें आती रही हैं। अगर प्रशासन ने पहले ही सख्त कदम उठाए होते तो शायद यह घटना नहीं होती। अब जरूरी है कि न सिर्फ इस दुकान को बंद किया जाए बल्कि पूरे इलाके में ऐसी सभी दुकानों की जांच की जाए जो गैरकानूनी तरीके से चल रही हैं।
साथ ही यह भी जरूरी है कि महिला सुरक्षा को लेकर और सख्त कदम उठाए जाएं। सार्वजनिक जगहों पर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है। पुलिस गश्त बढ़ाई जानी चाहिए और ऐसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
आगे की राह
इस घटना के बाद जरूरी है कि समाज मिलकर महिला सुरक्षा को लेकर आवाज उठाए। सिर्फ पुलिस और प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है बल्कि समाज के हर व्यक्ति को यह सुनिश्चित करना होगा कि उसके आसपास महिलाएं सुरक्षित रहें। अगर कोई ऐसी घटना देखे तो तुरंत पुलिस को सूचित करना चाहिए।
स्थानीय लोगों ने इस मामले में जो एकजुटता दिखाई है वह सराहनीय है। उन्होंने मिलकर दुकान को बंद करवाया और प्रशासन से न्याय की मांग की। यही एकजुटता अगर हर जगह दिखे तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और आरोपी को कैसी सजा मिलती है। लोग न्याय का इंतजार कर रहे हैं और उम्मीद करते हैं कि इस बार सही न्याय मिलेगा।