जरूर पढ़ें

Ranchi News: चंपाई सोरेन को क्यों किया नजरबंद? नगड़ी में लाठीचार्ज, आंसू गैस के गोले दागे

ranchi news champai soren house arrest lathi charge firing in nagri jharkhand
चंपाई सोरेन ने खुद को नजरबंद किये जाने की X पर दी जानकारी.
Updated:

Ranchi News: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता चंपई सोरेन को एक सरकारी स्वास्थ्य संस्थान के लिए भूमि अधिग्रहण के खिलाफ आदिवासी संगठनों के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर कानून एवं व्यवस्था की समस्या से बचने के लिए रविवार को नजरबंद कर दिया गया। पुलिस ने यह जानकारी दी।

पुलिस ने लाठीचार्ज किया, आंसू गैस के गोले दागे

प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने रांची के नगरी इलाके में प्रस्तावित परियोजना स्थल से उन्हें तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे। हालांकि, इस दावे की पुष्टि के लिए पुलिस से संपर्क नहीं हो सका।

Ranchi News: चंपाई सोरेन के बेटे को थाने में हिरासत में रखा

पुलिस ने बताया कि पुलिस ने चंपाई सोरेन के बेटे बाबूलाल सोरेन को उनके समर्थकों के साथ एक थाने में हिरासत में रखा है। वह रांची जा रहे थे। रांची (शहर) के पुलिस उपाधीक्षक के. वी. रमन ने कहा, ‘आदिवासी संगठनों के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती उपाय के तौर पर चंपई सोरेन को नजरबंद किया गया है।’

Also Read : ADR Report: झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन समेत देश में 40 फीसदी मुख्यमंत्रियों पर आपराधिक केस

प्रदर्शन की वजह से बड़ी संख्या में पुलिस को तैनात किया गया

उन्होंने बताया कि विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है और महत्वपूर्ण स्थानों पर अवरोधक लगाये गये हैं।

चंपाई सोरेन ने नजरबंदी को बताया अलोकतांत्रिक

चंपई सोरेन ने इस कदम को अलोकतांत्रिक करार दिया और कहा कि आदिवासियों एवं उनके विरोध प्रदर्शन का समर्थन करने के कारण उन्हें नजरबंद किया गया है।

Ranchi News: चंपाई सोरेन की सुरक्षा बढ़ा दी गयी

चंपई सोरेन के आवास पर भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है। उन्होंने घोषणा की थी कि वह विरोध प्रदर्शन में शामिल होंगे। झारखंड में 20 से अधिक आदिवासी संगठनों, किसानों और जमीन मालिकों ने रविवार को उस जगह पर विरोध प्रदर्शन ‘हल जोतो, रोपा रोपो’ का आह्वान किया था, जहां 1,074 करोड़ रुपये की लागत से राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स)- 2 अस्पताल परियोजना प्रस्तावित है।

Also Read: Jharkhand Municipal Elections: पिछड़ा वर्ग आयोग ने आरक्षण संबंधी ‘ट्रिपल टेस्ट’ प्रक्रिया पूरी की, निकाय चुनाव का रास्ता साफ

Also Read: EPS-95 Pension Scheme: ईपीएस-95 के तहत आधा से अधिक पेंशनभोगी को 1,500 रुपए से भी कम पेंशन

हरवा तो जोतो ना यार…कैसे बचेगा?

रिम्स-2 का तात्पर्य राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) के विस्तार से है, जो राज्य की एक प्रमुख स्वास्थ्य सुविधा है। नगरी क्षेत्र की ओर जाने वाली सड़कों पर अवरोधक लगाये होने के बावजूद, विभिन्न गांवों से प्रदर्शनकारी, किसान और भूमि मालिक प्रस्तावित स्थल पर एकत्रित हुए, जिनके हाथों में पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन की तस्वीर और उनके संदेश ‘हरवा तो जोतो ना यार…कैसे बचेगा?’ वाले पोस्टर थे।

शिबू सोरेन का मुखौटा पहनकर लोगों ने किया प्रदर्शन

कई प्रदर्शनकारी शिबू सोरेन का मुखौटा पहने दिखे, जो ‘दिशोम गुरु’ (भू नेता) के नाम से जाने जाते थे। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें धरना स्थल से तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि पुलिस के प्रतिरोध को दरकिनार करते हुए उन्होंने उस जमीन पर पौधे लगाए, जहां अस्पताल परियोजना स्थापित करने का प्रस्ताव है। हालांकि, इस दावे के बारे में टिप्पणी के लिए पुलिस से संपर्क नहीं हो सका।

पुलिस की नाकेबंदी से लोग परेशान

परियोजना स्थल नगरी की ओर जाने वाली सड़कों पर अवरोधक लगाये होने की वजह से राहगीरों को दिक्कतें हुईं। क्षेत्र के एक स्थानीय निवासी बसंत कुमार महतो (50) ने कहा कि उन्हें कांके के चांदनी चौक के पास रोक दिया गया। उन्होंने दावा किया,‘मैं रिंग रोड पर रहता हूं, लेकिन मुझे अपने घर नहीं जाने दिया गया।’

Also Read: Unique Baby Names: अपनी प्यारी सी जान के लिए चुनें नए और स्पेशल नाम

Also Read: Success Story of PVTG Girl: झारखंड पुलिस ने जेपीएससी पास करने वाली पहाड़िया बेटी को किया सम्मानित

नगरी में जिला प्रशासन ने लगायी निषेधाज्ञा

रांची (Ranchi News) जिला प्रशासन ने नगरी क्षेत्र में सार्वजनिक सभा पर प्रतिबंध लगाते हुए निषेधाज्ञा लागू कर दी है। एक आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया है कि इस क्षेत्र में हथियार, गोला-बारूद, विस्फोटक और अन्य हथियार ले जाना प्रतिबंधित है और लाउडस्पीकर का उपयोग भी वर्जित है।

रिम्स-2 में होगा 2600 बिस्तरों वाला अस्पताल

स्वास्थ्य विभाग ने इस परियोजना के लिए 207 एकड़ भूमि आवंटित की है। झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने पिछले महीने दावा किया था कि रिम्स-2 में 2,600 बिस्तरों वाला अस्पताल होगा और इसमें 100 स्नातक एवं 50 स्नातकोत्तर सीट होंगी।

Rashtra Bharat Digital Team

Stay updated with the latest news and insights on business, politics, AI, startups, government, and more from the Rashtra Bharat Digital & Editorial Team.