अररिया (बिहार / Bihar)।
Araria Acid Attack: बिहार का अररिया ज़िला बुधवार देर रात एक भयावह वारदात से दहल उठा। आरएस थाना क्षेत्र के मटियारी वार्ड संख्या-1 में आपसी विवाद इतना हिंसक हो गया कि एक पक्ष ने दूसरे पर Acid Attack कर दिया। यह हमला इतना खौफ़नाक था कि पूरे इलाके में दहशत फैल गई।
14 लोग झुलसे, महिलाएं और बच्चे भी बने शिकार
इस Araria Acid Attack में कुल 14 लोग बुरी तरह झुलस गए। दिल दहला देने वाली इस घटना में महिलाओं और मासूम बच्चों को भी बख्शा नहीं गया। अस्पताल सूत्रों ने बताया कि कई पीड़ितों की हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर करने की तैयारी की जा रही है।
वेब स्टोरी:
Araria Acid Attack: स्थानीय लोगों के मुताबिक, रात करीब 11 बजे दोनों पक्षों के बीच कहासुनी के बाद अचानक यह हमला हुआ। विवाद का कारण ज़मीन और पारिवारिक झगड़ा बताया जा रहा है, लेकिन पुलिस अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं कर रही।
Araria Acid Attack: घटना के बाद मची अफरातफरी
तेज़ाब फेंके जाने के बाद पूरे वार्ड में चीख–पुकार मच गई। घायल लोग दर्द से तड़पते रहे और परिजन मदद के लिए भागदौड़ करते नज़र आए। गली–मोहल्लों में अफरातफरी का माहौल था।
स्थानीय ग्रामीणों ने तुरंत सामाजिक जिम्मेदारी दिखाते हुए सभी घायलों को पास के अररिया सदर अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों की टीम ने तुरंत आपातकालीन उपचार शुरू किया। अस्पताल प्रशासन ने कहा कि पीड़ितों को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर सुविधाओं से लैस अस्पतालों में भी भेजा जा सकता है।
पुलिस ने दर्ज की प्राथमिकी, छापेमारी जारी
Araria Acid Attack: घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति पर काबू पाने की कोशिश की। आरएस थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर ली है और उन्हें पकड़ने के लिए छापेमारी शुरू कर दी गई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला आपसी रंजिश और पूर्व विवाद से जुड़ा प्रतीत होता है। फिलहाल जांच जारी है और दोषियों को जल्द ही गिरफ्तार करने का भरोसा दिलाया गया है।
सरकार ने दी मदद और न्याय का भरोसा
Araria Acid Attack: बिहार सरकार ने इस घटना को बेहद गंभीरता से लिया है। आपदा प्रबंधन मंत्री विजय कुमार मंडल ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और हर संभव सहायता प्रदान करेगी।
उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिया है कि सभी पीड़ितों को तत्काल आर्थिक मदद और बेहतर इलाज उपलब्ध कराया जाए। साथ ही उन्होंने अपील की कि लोग अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें।
Acid Attack पर सख्त कानून और समाज की जिम्मेदारी
यह घटना सिर्फ अररिया ही नहीं बल्कि पूरे बिहार को हिला गई है। Acid Attack जैसी घटनाएं समाज में असुरक्षा की भावना पैदा करती हैं। भारत में पहले से ही Acid Attack Prevention Act और तेज़ाब की बिक्री पर कड़े नियम लागू हैं, लेकिन ज़मीनी स्तर पर इन कानूनों की सख्ती से पालना होना बेहद ज़रूरी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में न केवल कड़ी कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए, बल्कि समाज को भी आगे आकर पीड़ितों के पुनर्वास और सुरक्षा के लिए कदम उठाने चाहिए।
निष्कर्ष
अररिया का यह Acid Attack घटना हमें यह सोचने पर मजबूर करती है कि आपसी विवाद और हिंसक मानसिकता किस हद तक इंसानियत को शर्मसार कर सकती है। पुलिस और प्रशासन की तेज़ कार्रवाई, सरकार की मदद और समाज की जागरूकता ही ऐसे जघन्य अपराधों पर रोक लगा सकती है।