Rashtra Bharat Logo

नागपुर में चाचा ने भतीजे और उसके दोस्त पर चलाई गोली, संपत्ति विवाद में खूनी संघर्ष

नागपुर में चाचा ने भतीजे और उसके दोस्त पर चलाई गोली, संपत्ति विवाद में खूनी संघर्ष
Nagpur Crime: चाचा ने भतीजे पर चलाई गोली, गुमगाव में खूनी झगड़ा (File Photo)

नागपुर के हिंगना थाना क्षेत्र के गुमगाव में संपत्ति विवाद के चलते चाचा नाना देवतळे ने भतीजे प्रवीण और उसके दोस्त विजय पर गोलियां चलाईं। प्रवीण के पेट और विजय के हाथ में गोली लगी। घायल प्रवीण ने फावड़े से पलटवार किया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर तलाश शुरू की है।

Updated:
·by
Asfi Shadab
Asfi Shadab
Share:

विषयसूची

नागपुर जिले के हिंगना थाना क्षेत्र के गुमगाव में एक संपत्ति विवाद ने खूनी रूप ले लिया। चाचा ने अपने ही भतीजे और उसके दोस्त पर गोली चला दी। यह घटना परिवार में चल रहे संपत्ति के झगड़े का नतीजा है। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है जबकि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

घटना का पूरा विवरण

हिंगना पुलिस थाना क्षेत्र के गुमगाव गांव में हुई इस घटना में आरोपी नाना जगनाथ देवतळे ने अपने भतीजे प्रवीण चंद्रकांत देवताले और उसके दोस्त विजय शंकर मनावार पर गोलियां चलाईं। प्रवीण के पेट में गोली लगी है जबकि विजय के हाथ में गोली का घाव है। दोनों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उनका इलाज चल रहा है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार यह पूरा विवाद परिवार की संपत्ति को लेकर चल रहे लंबे झगड़े का परिणाम है। चाचा और भतीजे के बीच जमीन जायदाद के बंटवारे को लेकर काफी समय से तनाव चल रहा था। यह विवाद धीरे-धीरे बढ़ता गया और आखिरकार हिंसक रूप ले लिया।

भतीजे ने किया पलटवार

घटना के दौरान जब नाना देवतळे ने गोलियां चलाईं तो प्रवीण ने अपनी जान बचाने के लिए पलटवार किया। घायल अवस्था में भी प्रवीण ने एक फावड़े से चाचा पर हमला कर दिया। इस हमले में आरोपी नाना देवतळे भी घायल हो गया। यह घटना बताती है कि दोनों पक्षों के बीच कितना गहरा गुस्सा और नफरत थी।

स्थानीय लोगों ने बताया कि गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि प्रवीण और विजय खून से लथपथ जमीन पर पड़े थे। ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की।

संपत्ति विवाद की जड़ें

परिवार के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार देवतळे परिवार में पैतृक संपत्ति के बंटवारे को लेकर लंबे समय से मतभेद चल रहा था। नाना देवतळे और प्रवीण के पिता चंद्रकांत देवताले के बीच जमीन की हिस्सेदारी को लेकर विवाद था। इस विवाद ने परिवार के दोनों पक्षों को एक दूसरे के खिलाफ खड़ा कर दिया था।

कुछ समय पहले भी इस मुद्दे को लेकर परिवार में छोटे-मोटे झगड़े होते रहे थे। हालांकि तब मामला इतना गंभीर नहीं हुआ था। लेकिन इस बार विवाद ने जानलेवा रूप ले लिया। संपत्ति के लालच में रिश्ते भूल गए और खून के रिश्ते खून की प्यास बन गए।

पुलिस की कार्रवाई

हिंगना पुलिस ने घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। पुलिस ने प्रवीण की शिकायत के आधार पर नाना जगनाथ देवतळे के खिलाफ हत्या के प्रयास और अन्य संगीन धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है जो घटना के बाद से फरार चल रहा है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घायलों के बयान दर्ज किए गए हैं। प्रवीण और विजय दोनों ने अपने बयान में नाना देवतळे पर गोली चलाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने घटनास्थल से सबूत जुटाए हैं और आसपास के इलाके में छापेमारी की जा रही है।

घायलों की हालत

अस्पताल सूत्रों के अनुसार प्रवीण की हालत गंभीर बनी हुई है क्योंकि गोली उसके पेट में लगी है। डॉक्टरों ने उसका ऑपरेशन किया है और अभी वह निगरानी में है। वहीं विजय शंकर मनावार की हालत अपेक्षाकृत स्थिर है क्योंकि गोली उसके हाथ में लगी थी। दोनों का इलाज चल रहा है और डॉक्टर उनकी स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं।

प्रवीण के परिवार के सदस्य अस्पताल में मौजूद हैं और उसके ठीक होने की प्रार्थना कर रहे हैं। परिवार वाले इस घटना से बेहद आहत हैं और चाहते हैं कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।

समाज के लिए सबक

यह घटना एक बार फिर बताती है कि संपत्ति का लालच कैसे परिवारों को तोड़ देता है। खून के रिश्ते जमीन जायदाद की लड़ाई में कैसे दुश्मन बन जाते हैं यह इस घटना से साफ है। चाचा भतीजे का वह रिश्ता जो प्यार और स्नेह का प्रतीक होता है वह संपत्ति के झगड़े में खूनी दुश्मनी में बदल गया।

विशेषज्ञों का मानना है कि संपत्ति विवादों को कानूनी तरीके से सुलझाना चाहिए। हिंसा कभी भी समाधान नहीं है। परिवारों को आपसी बातचीत से मामलों को सुलझाना चाहिए। यदि समझौता नहीं हो पाए तो अदालत का दरवाजा खटखटाना चाहिए। हथियारों का सहारा लेना किसी भी समस्या का हल नहीं है।

ग्रामीणों की प्रतिक्रिया

गुमगाव के ग्रामीणों ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि देवतळे परिवार में संपत्ति का विवाद तो पहले से चल रहा था लेकिन किसी ने यह नहीं सोचा था कि मामला इतना बिगड़ जाएगा। गांव में इस घटना से दहशत का माहौल है।

सरपंच और अन्य गणमान्य लोगों ने पुलिस से मांग की है कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं गांव की शांति भंग करती हैं और समाज में गलत संदेश जाता है।

नागपुर के गुमगाव में हुई यह घटना एक चेतावनी है कि संपत्ति का लालच कैसे मनुष्य को अंधा बना देता है। परिवार में प्यार और भाईचारा बनाए रखना जमीन जायदाद से कहीं ज्यादा जरूरी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच जारी है। उम्मीद है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा और न्याय मिलेगा।

यह घटना समाज को यह सोचने पर मजबूर करती है कि क्या संपत्ति रिश्तों से बड़ी है? क्या धन दौलत के लिए अपनों का खून बहाना सही है? हमें यह याद रखना होगा कि परिवार सबसे बड़ी संपत्ति है और रिश्तों की कीमत किसी भी जमीन जायदाद से ज्यादा है।

Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।
Asfi Shadab

Asfi Shadab

असफ़ी शादाब राष्ट्र भारत में कंटेंट एडिटर और न्यूज़ राइटर हैं। वे क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं, खेल, राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय घटनाओं से संबंधित समाचारों का संपादन, तथ्य सत्यापन और प्रकाशन कार्य संभालते हैं। उनकी जिम्मेदारी विभिन्न राज्यों से प्राप्त समाचारों को आधिकारिक स्रोतों, उपलब्ध दस्तावेजों और विश्वसनीय जानकारी के आधार पर व्यवस्थित एवं स्पष्ट रूप में पाठकों तक पहुंचाना है। राष्ट्र भारत में वे महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, बिहार और अन्य राज्यों से प्राप्त समाचारों का संपादन करते हैं तथा उन्हें सरल, सटीक और पाठक-केंद्रित भाषा में प्रस्तुत करने का कार्य करते हैं। वे यह सुनिश्चित करते हैं कि प्रकाशित सामग्री संपादकीय मानकों, तथ्यात्मक शुद्धता और विश्वसनीय स्रोतों के अनुरूप हो। मुख्य कार्यक्षेत्र (Core Responsibilities): क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं और समसामयिक समाचारों का संपादन। विभिन्न संवाददाताओं और विश्वसनीय समाचार स्रोतों से प्राप्त सामग्री का तथ्य सत्यापन। आधिकारिक प्रेस विज्ञप्तियों, सरकारी दस्तावेजों एवं विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर समाचारों का संपादन। स्पष्ट, संतुलित और पाठक-अनुकूल भाषा में समाचार प्रस्तुत करना। राष्ट्र भारत की संपादकीय नीतियों और पत्रकारिता मानकों के अनुरूप सामग्री प्रकाशित करना। संपादकीय दृष्टिकोण (Editorial Approach): असफ़ी शादाब का उद्देश्य पाठकों तक तथ्यात्मक, संतुलित और स्पष्ट समाचार पहुंचाना है। वे प्रकाशित होने वाली प्रत्येक सामग्री की भाषा, संदर्भ और उपलब्ध स्रोतों की समीक्षा करते हैं ताकि समाचार संपादकीय गुणवत्ता और विश्वसनीयता के मानकों पर खरा उतर सके।