Nagpur Graduate Constituency: नागपुर विभाग के स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन हो चुका है और इसके साथ ही आगामी विधान परिषद चुनाव की तैयारियों ने औपचारिक रूप से रफ्तार पकड़ ली है। इस बार मतदाता सूची के आंकड़े यह संकेत दे रहे हैं कि स्नातक मतदाताओं में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को लेकर जागरूकता पहले से कहीं अधिक बढ़ी है।
नागपुर विभाग की मतदाता पंजीकरण अधिकारी एवं विभागीय आयुक्त विजयलक्ष्मी बिदरी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि 1 नवंबर 2025 को अर्हता तिथि मानते हुए तैयार की गई अंतिम मतदाता सूची में कुल 1,59,925 स्नातक मतदाताओं का नाम दर्ज किया गया है। इनमें अकेले गोंदिया जिले से 17,291 स्नातक मतदाता शामिल हैं.
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र को आम तौर पर एक पढ़े-लिखे, जागरूक और मुद्दों पर आधारित मतदाता वर्ग का प्रतिनिधि माना जाता है। ऐसे में इस सूची का अंतिम प्रकाशन केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि आने वाले राजनीतिक समीकरणों का संकेतक भी है।
नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का महत्व
नागपुर विभाग का स्नातक निर्वाचन क्षेत्र महाराष्ट्र की राजनीति में विशेष स्थान रखता है। यह क्षेत्र न केवल भौगोलिक रूप से बड़ा है, बल्कि इसमें शिक्षित मतदाताओं की संख्या अधिक होने के कारण यहां होने वाले चुनावों पर पूरे राज्य की नजर रहती है। यह क्षेत्र छह जिलों में फैला हुआ है, जहां कुल 256 मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
इन मतदान केंद्रों पर मतदाता पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी की गई है, ताकि प्रत्येक योग्य स्नातक को अपने मताधिकार का प्रयोग करने का अवसर मिल सके। प्रशासन का प्रयास रहा है कि किसी भी पात्र स्नातक का नाम सूची से छूटने न पाए।
गोंदिया जिले में स्नातक मतदाताओं की स्थिति
गोंदिया जिले में 17,291 स्नातक मतदाताओं का पंजीकरण होना अपने आप में एक महत्वपूर्ण आंकड़ा है। यह दर्शाता है कि जिले में उच्च शिक्षा प्राप्त युवाओं और कामकाजी पेशेवरों की संख्या लगातार बढ़ रही है। स्थानीय स्तर पर इसे एक सकारात्मक संकेत के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि स्नातक मतदाता आमतौर पर विकास, शिक्षा, रोजगार और प्रशासनिक पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर मतदान करते हैं।
गोंदिया में शिक्षकों, वकीलों, इंजीनियरों, डॉक्टरों और अन्य पेशेवर वर्ग के लोग इस निर्वाचन क्षेत्र के मतदाता हैं, जो चुनाव परिणामों को दिशा देने में अहम भूमिका निभाते हैं।
मतदाता पंजीकरण की पूरी प्रक्रिया
नागपुर विभाग के विधान परिषद स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के वर्तमान सदस्य अभिजीत वंजारी 6 दिसंबर 2026 को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। इसी पृष्ठभूमि में चुनाव से पहले मतदाता सूची को अद्यतन करने की प्रक्रिया शुरू की गई थी।
जिन स्नातकों ने 1 नवंबर 2025 तक अपनी डिग्री प्राप्त किए तीन वर्ष पूरे कर लिए थे, उनके लिए 30 सितंबर 2025 से मतदाता पंजीकरण की सुविधा दी गई। 3 दिसंबर 2025 को प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित की गई थी, जिसके बाद दावे और आपत्तियां आमंत्रित की गईं। सभी आपत्तियों के निपटारे के बाद 12 जनवरी 2026 को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई।
अधिक पंजीकरण की उम्मीद
विभागीय आयुक्त विजयलक्ष्मी बिदरी ने विश्वास जताया है कि इस बार पिछले चुनाव की तुलना में अधिक स्नातक मतदाता पंजीकरण कराएंगे। उनका कहना है कि चुनाव कार्यक्रम घोषित होने तक मतदाता पंजीकरण की प्रक्रिया जारी रहेगी, ताकि कोई भी पात्र स्नातक मतदाता सूची से वंचित न रह जाए।
उन्होंने नागपुर विभाग के सभी स्नातकों से अपील की है कि यदि अब तक उनका नाम सूची में दर्ज नहीं हुआ है, तो वे आवश्यक दस्तावेजों के साथ जल्द से जल्द पंजीकरण कराएं।
शिक्षित मतदाताओं की बढ़ती भूमिका
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव हमेशा से मुद्दा आधारित रहे हैं। यहां जाति या भावनात्मक नारों की तुलना में शिक्षा, रोजगार, शहरी विकास, प्रशासनिक सुधार और सामाजिक न्याय जैसे विषयों को अधिक महत्व मिलता है। ऐसे में अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन राजनीतिक दलों के लिए भी एक संकेत है कि उन्हें शिक्षित और सवाल पूछने वाले मतदाताओं के बीच जाना होगा।
आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि कौन-सा उम्मीदवार स्नातक वर्ग की अपेक्षाओं पर खरा उतरता है और कौन-सी राजनीतिक रणनीति इस पढ़े-लिखे मतदाता वर्ग को प्रभावित कर पाती है।