नागपुर। राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विद्यापीठ में शनिवार को एक खास आयोजन हुआ। छत्रपति शिवाजी महाराज की 396वीं जयंती के मौके पर कर्मचारी मित्र परिवार ने रक्तदान, नेत्र जांच और दंत जांच शिविर का आयोजन किया। यह कार्यक्रम 21 फरवरी 2026 को जमनालाल बजाज प्रशासनिक भवन के सभागार में आयोजित किया गया। इस शिविर को विश्वविद्यालय के कर्मचारियों और शिक्षकों ने बड़े उत्साह के साथ अपनाया।
विश्वविद्यालय में स्वास्थ्य सेवाओं का विशेष आयोजन
राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विद्यापीठ में आयोजित इस शिविर का मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों और शिक्षकों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना था। छत्रपति शिवाजी महाराज जैसे महान योद्धा की जयंती पर इस तरह के सामाजिक कार्यक्रम का आयोजन करना सभी के लिए प्रेरणादायक रहा। विश्वविद्यालय परिसर में तीन अलग-अलग शिविर लगाए गए थे – रक्तदान शिविर, नेत्र जांच शिविर और दंत जांच शिविर।

रक्तदान शिविर में मिली बड़ी सफलता
रक्तदान शिविर में 30 से अधिक दाताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय एवं अतिविशेषोपचार रुग्णालय की टीम ने इस शिविर को संभाला। डॉ. अंकिता कोल्हे के नेतृत्व में मेडिकल टीम ने सभी दाताओं की जांच की और सुरक्षित तरीके से रक्तदान कराया। रक्तदान करने वाले कर्मचारियों ने कहा कि यह उनके लिए गर्व की बात है कि वे इस तरह के सामाजिक कार्य में हिस्सा ले सके। जिन लोगों ने रक्तदान किया, उन्हें प्रमाणपत्र और रिफ्रेशमेंट भी दिया गया।
नेत्र जांच शिविर में 100 से अधिक ने कराई जांच
नेत्र जांच शिविर में 100 से अधिक कर्मचारियों ने अपनी आंखों की जांच कराई। लेन्सवाला ऑप्टिकल के श्री कमलेश डेकापुरवार और उनकी टीम ने आधुनिक उपकरणों की मदद से सभी की आंखों की विस्तृत जांच की। कई कर्मचारियों को चश्मे की जरूरत के बारे में पता चला। कुछ लोगों को आंखों में छोटी-मोटी समस्याओं की जानकारी मिली और उन्हें सही इलाज की सलाह दी गई। नेत्र विशेषज्ञों ने सभी को आंखों की देखभाल और समय-समय पर जांच कराने की सलाह दी।

दंत जांच शिविर से मिला बड़ा लाभ
दंत जांच शिविर में भी 100 से अधिक कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। स्माइल डेंटल एवं स्किन केयर क्लिनिक की डॉ. प्रिया सूर्यवंशी ने सभी की दांतों की जांच की। कई लोगों को दांतों और मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं के बारे में जानकारी मिली। डॉक्टर ने दांतों की सफाई, ब्रश करने का सही तरीका और मुंह की स्वच्छता के बारे में महत्वपूर्ण सुझाव दिए। जिन लोगों को गंभीर समस्या थी, उन्हें आगे के इलाज के लिए क्लिनिक आने की सलाह दी गई।
त्वचा संबंधी रोगों की भी मिली जानकारी
इस शिविर में त्वचा संबंधी रोगों के बारे में भी जानकारी दी गई। डॉक्टरों ने बताया कि त्वचा की देखभाल कैसे करें और किन चीजों से बचना चाहिए। गर्मी के मौसम में त्वचा की खास देखभाल की जरूरत होती है, इसके बारे में विस्तार से समझाया गया। कई कर्मचारियों ने त्वचा से जुड़ी अपनी समस्याओं के बारे में डॉक्टरों से सलाह ली।
कुलगुरु ने सराहा आयोजन
उद्घाटन कार्यक्रम में विश्वविद्यालय की कुलगुरु डॉ. मनाली क्षीरसागर ने इस आयोजन की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य से जुड़े ऐसे कार्यक्रम बेहद जरूरी हैं। कर्मचारी मित्र परिवार ने बहुत अच्छा काम किया है। डॉ. क्षीरसागर ने कहा कि ऐसे आयोजन हर साल किए जाने चाहिए ताकि सभी कर्मचारी अपने स्वास्थ्य का ध्यान रख सकें। उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज को याद करते हुए कहा कि उनके आदर्शों पर चलना हम सबका कर्तव्य है।
विशेष अतिथियों की उपस्थिति
इस कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. राजू हिवसे और वित्त एवं लेखा अधिकारी श्री हरीश पालीवाल भी मौजूद रहे। उन्होंने कर्मचारी मित्र परिवार के सदस्यों को बधाई दी और इस तरह के आयोजनों के लिए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। सभी अतिथियों ने कहा कि स्वास्थ्य ही असली धन है और इसकी देखभाल करना बेहद जरूरी है।
कर्मचारी मित्र परिवार की पहल
कर्मचारी मित्र परिवार विश्वविद्यालय के कर्मचारियों का एक संगठन है जो समय-समय पर सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करता है। इस बार छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती पर स्वास्थ्य शिविर आयोजित करना एक सराहनीय कदम था। संगठन के सदस्यों ने बताया कि वे आगे भी ऐसे कार्यक्रम करते रहेंगे।
सफल आयोजन का संदेश
यह शिविर विश्वविद्यालय में स्वास्थ्य जागरूकता फैलाने में सफल रहा। कुल मिलाकर 200 से अधिक लोगों ने विभिन्न शिविरों में हिस्सा लिया। सभी ने इस आयोजन की सराहना की और आयोजकों को धन्यवाद दिया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी इस पहल का स्वागत किया और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों के लिए पूरा सहयोग देने का वादा किया। यह आयोजन न केवल स्वास्थ्य जांच तक सीमित रहा बल्कि लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी बढ़ी।