उत्तर भारत में एक बार फिर से मौसम ने करवट ली है। ठंड का असर बढ़ने के साथ ही उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने एक से तीन फरवरी के बीच उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही 31 जनवरी और एक फरवरी को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कोल्ड डे की स्थिति रहने की चेतावनी दी गई है।
वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर
मौसम विज्ञानियों के अनुसार, लगातार दो वेस्टर्न डिस्टर्बेंस पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित कर रहे हैं। इनकी वजह से एक से तीन फरवरी के बीच पहाड़ी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी होने की पूरी संभावना है। इसका असर मैदानी इलाकों पर भी पड़ेगा। उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और मध्य प्रदेश में भी बारिश के आसार हैं।
पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में बर्फबारी
31 जनवरी को पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश शुरू हो जाएगी। एक फरवरी को जम्मू कश्मीर और लद्दाख में मौसम और खराब होगा। हिमाचल प्रदेश में भी गरज, चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश होगी। एक से दो फरवरी के बीच उत्तराखंड में भी छिटपुट बारिश और बर्फबारी का दौर रहेगा। पहाड़ी इलाकों में यह मौसम पर्यटकों के लिए परेशानी का सबब बन सकता है।
उत्तर प्रदेश में तीन दिन बारिश
उत्तर प्रदेश में एक से तीन फरवरी यानी लगातार तीन दिनों तक बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने बताया कि गरज, चमक के साथ कुछ जगहों पर तेज बारिश भी हो सकती है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी फसलों की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखें। खासकर रबी की फसल को नुकसान से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाएं।
कोल्ड डे का अलर्ट
31 जनवरी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में और 31 जनवरी व एक फरवरी को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कोल्ड डे की स्थिति रहने वाली है। कोल्ड डे का मतलब है कि दिन के समय तापमान सामान्य से काफी कम रहेगा। लोगों को ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने की सलाह दी गई है। बच्चों और बुजुर्गों को खासतौर पर सावधानी बरतनी चाहिए।
पंजाब और हरियाणा में भी बारिश
एक फरवरी को पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में भी बारिश होने की संभावना है। मध्य प्रदेश में एक से तीन फरवरी के बीच मौसम खराब रहेगा। 31 जनवरी से दो फरवरी के बीच पूर्वी राजस्थान में भी गरज, चमक के साथ बारिश हो सकती है। कुछ जगहों पर ओलावृष्टि की भी आशंका जताई गई है।
ओलावृष्टि की चेतावनी
मौसम विभाग ने 31 जनवरी और एक फरवरी को पूर्वी राजस्थान में ओलावृष्टि की चेतावनी दी है। एक फरवरी को पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में भी ओले गिर सकते हैं। किसानों के लिए यह चिंता का विषय है क्योंकि ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान हो सकता है। कृषि विभाग ने किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
तापमान में बदलाव
अगले 24 घंटे के दौरान उत्तर पश्चिमी भारत में रात के तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होगी। हालांकि, दिन के तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट आएगी। इससे दिन में ठंड का एहसास ज्यादा होगा। लोगों को धूप की उम्मीद कम रहेगी और मौसम बादलयुक्त रहेगा।
कोहरे की स्थिति
असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, बिहार, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और उत्तर प्रदेश में एक फरवरी तक घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। ओडिशा में भी फरवरी की शुरुआत में कोहरा रहेगा। पूर्वी राजस्थान में चार और पांच फरवरी को सुबह और रात के समय कुछ इलाकों में घना कोहरा देखने को मिल सकता है। यातायात पर इसका असर पड़ सकता है।
तीसरा वेस्टर्न डिस्टर्बेंस
पांच से सात फरवरी के दौरान तीसरा वेस्टर्न डिस्टर्बेंस आने की संभावना है। इससे फिर से पहाड़ी राज्य प्रभावित होंगे। मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे मौसम की जानकारी नियमित रूप से लेते रहें और सुरक्षा के उपाय अपनाएं।
सावधानियां और सुझाव
मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे बारिश और कोहरे के दौरान बाहर निकलते समय सावधानी बरतें। वाहन चालकों को धीमी गति से गाड़ी चलानी चाहिए। किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाने चाहिए। बुजुर्गों और बच्चों को ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने चाहिए। अगर संभव हो तो घर के अंदर ही रहें।