
पाकिस्तान के बलूचिस्तान इलाके में चीन की बढ़ती दखलअंदाजी को लेकर एक बड़ी चेतावनी सामने आई है। बलूचिस्तान के जाने-माने नेता मीर यार बलूच ने भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर को एक खुला खत लिखकर इस खतरे के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने दावा किया है कि आने वाले कुछ महीनों में चीन बलूचिस्तान में अपनी मिलिट्री फोर्स तैनात कर सकता है। यह घटनाक्रम न सिर्फ बलूचिस्तान के लोगों के लिए बल्कि पूरे क्षेत्र की सुरक्षा के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है। जयशंकर को लिखे खत में क्या कहा बलोच नेता मीर यार ने गुरुवार को

पाकिस्तान के बलूचिस्तान इलाके में चीन की बढ़ती दखलअंदाजी को लेकर एक बड़ी चेतावनी सामने आई है। बलूचिस्तान के जाने-माने नेता मीर यार बलूच ने भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर को एक खुला खत लिखकर इस खतरे के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने दावा किया है कि आने वाले कुछ महीनों में चीन बलूचिस्तान में अपनी मिलिट्री फोर्स तैनात कर सकता है। यह घटनाक्रम न सिर्फ बलूचिस्तान के लोगों के लिए बल्कि पूरे क्षेत्र की सुरक्षा के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है। जयशंकर को लिखे खत में क्या कहा बलोच नेता मीर यार ने गुरुवार को

शेख हसीना जब तक चाहें भारत में रह सकती हैं, विदेश मंत्री जयशंकर ने दिया आश्वासन भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को एक अहम बयान देते हुए पूर्व बांग्लादेशी प्रधानमंत्री शेख हसीना के भारत में ठहरने को लेकर स्पष्टता दी। उन्होंने कहा कि शेख हसीना का भारत में रहना पूरी तरह से उनका निजी फैसला है, लेकिन जिन हालात में वे यहां आईं, वे इस निर्णय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। 78 वर्षीय शेख हसीना पिछले साल अगस्त में तब भारत आई थीं जब बांग्लादेश में उनकी 15 साल की सत्ता खूनी हिंसा के बीच समाप्त हो

शेख हसीना जब तक चाहें भारत में रह सकती हैं, विदेश मंत्री जयशंकर ने दिया आश्वासन भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को एक अहम बयान देते हुए पूर्व बांग्लादेशी प्रधानमंत्री शेख हसीना के भारत में ठहरने को लेकर स्पष्टता दी। उन्होंने कहा कि शेख हसीना का भारत में रहना पूरी तरह से उनका निजी फैसला है, लेकिन जिन हालात में वे यहां आईं, वे इस निर्णय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। 78 वर्षीय शेख हसीना पिछले साल अगस्त में तब भारत आई थीं जब बांग्लादेश में उनकी 15 साल की सत्ता खूनी हिंसा के बीच समाप्त हो

भारत-अमेरिका संबंधों में नई उमंग: कुआलालंपुर में जयशंकर और रुबियो की उच्चस्तरीय वार्ता से सहयोग को नई दिशा कुआलालंपुर, 27 अक्टूबर (वार्ता) — विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर और अमेरिकी विदेश सचिव मार्को रुबियो ने सोमवार को कुआलालंपुर में एक महत्वपूर्ण मुलाकात की। यह बैठक आसियान (ASEAN) वार्षिक शिखर सम्मेलन के दौरान हुई, जहाँ दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों में आई हाल की चुनौतियों और संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। इस मुलाकात को दोनों देशों के द्विपक्षीय रिश्तों में “नई शुरुआत” के रूप में देखा जा रहा है, खासतौर पर तब जब व्यापारिक तनावों ने बीते महीनों में संबंधों पर

भारत-अमेरिका संबंधों में नई उमंग: कुआलालंपुर में जयशंकर और रुबियो की उच्चस्तरीय वार्ता से सहयोग को नई दिशा कुआलालंपुर, 27 अक्टूबर (वार्ता) — विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर और अमेरिकी विदेश सचिव मार्को रुबियो ने सोमवार को कुआलालंपुर में एक महत्वपूर्ण मुलाकात की। यह बैठक आसियान (ASEAN) वार्षिक शिखर सम्मेलन के दौरान हुई, जहाँ दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों में आई हाल की चुनौतियों और संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। इस मुलाकात को दोनों देशों के द्विपक्षीय रिश्तों में “नई शुरुआत” के रूप में देखा जा रहा है, खासतौर पर तब जब व्यापारिक तनावों ने बीते महीनों में संबंधों पर