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महाकाल मंदिर में संध्या-शयन आरती के लिए शुरू हुई ऑनलाइन बुकिंग, अब 250 रुपये में विशेष दर्शन

महाकाल मंदिर में संध्या-शयन आरती के लिए शुरू हुई ऑनलाइन बुकिंग, अब 250 रुपये में विशेष दर्शन
महाकाल मंदिर में संध्या-शयन आरती के लिए शुरू हुई ऑनलाइन बुकिंग, अब 250 रुपये में विशेष दर्शन

उज्जैन के महाकाल मंदिर में अब भस्म आरती की तरह संध्या और शयन आरती के लिए भी ऑनलाइन बुकिंग शुरू हो गई है। श्रद्धालु 250 रुपये देकर विशेष दर्शन कर सकेंगे। बुकिंग अलग-अलग समय पर होगी और प्रवेश गेट नंबर 1 से दिया जाएगा।

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Mahakal Mandir: उज्जैन स्थित भगवान महाकाल के दरबार में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है। अब तक जहां भस्म आरती के लिए विशेष बुकिंग की व्यवस्था थी, वहीं अब संध्या आरती और शयन आरती के दर्शन के लिए भी ऑनलाइन बुकिंग शुरू कर दी गई है। मंदिर प्रशासन ने नई व्यवस्था लागू कर दी है, जिससे देशभर के भक्त घर बैठे आरती दर्शन के लिए अपनी जगह सुरक्षित कर सकेंगे।

नई व्यवस्था से भक्तों को बड़ी राहत

मध्य प्रदेश के उज्जैन में स्थित महाकाल मंदिर देश के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है। यहां हर दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। खास अवसरों पर तो यह संख्या कई गुना बढ़ जाती है। ऐसे में आरती के समय भारी भीड़ हो जाती थी और कई बार लोगों को निराश भी लौटना पड़ता था।

अब मंदिर प्रशासन ने संध्या आरती और शयन आरती के लिए भी ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा शुरू कर दी है। इससे व्यवस्था बेहतर होगी और श्रद्धालुओं को भीड़ में धक्का-मुक्की से राहत मिलेगी।

250 रुपये में मिलेगा विशेष दर्शन

नई व्यवस्था के तहत जो श्रद्धालु संध्या या शयन आरती के समय विशेष रूप से अंदर जाकर दर्शन करना चाहते हैं, उन्हें प्रति व्यक्ति 250 रुपये का शुल्क देना होगा। यह शुल्क ऑनलाइन बुकिंग के समय ही जमा करना होगा।

मंदिर की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर श्रद्धालु अपनी तारीख चुनकर बुकिंग कर सकते हैं। यह पूरी प्रक्रिया सरल रखी गई है ताकि दूर-दराज से आने वाले लोग भी आसानी से इसका लाभ उठा सकें।

बुकिंग का अलग-अलग समय तय

मंदिर प्रशासन ने दोनों आरतियों के लिए अलग-अलग बुकिंग समय निर्धारित किया है। संध्या आरती की बुकिंग दोपहर 12 बजे से शुरू होगी। वहीं शयन आरती की बुकिंग शाम 4 बजे से की जा सकेगी।

यह व्यवस्था ‘पहले आओ पहले पाओ’ के आधार पर लागू होगी। यानी जितनी सीटें उपलब्ध होंगी, उतने ही लोगों को अनुमति दी जाएगी। इसलिए श्रद्धालुओं को समय पर बुकिंग करने की सलाह दी गई है।

दर्शन के लिए तय किया गया प्रवेश मार्ग

जिन श्रद्धालुओं की बुकिंग कन्फर्म होगी, उन्हें मंदिर के गेट नंबर 1 से प्रवेश दिया जाएगा। यह विशेष व्यवस्था सिर्फ अनुमति धारकों के लिए रहेगी।

संध्या आरती के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं को शाम 6 बजे तक मंदिर परिसर में पहुंचना अनिवार्य होगा। वहीं शयन आरती के लिए रात 10 बजे तक मंदिर पहुंचना जरूरी है।

अगर कोई तय समय पर नहीं पहुंचता है, तो उसकी बुकिंग निरस्त भी की जा सकती है। इसलिए समय का पालन करना बेहद जरूरी है।

सामान्य दर्शन की व्यवस्था भी जारी

मंदिर प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि सामान्य श्रद्धालुओं के लिए भी दर्शन व्यवस्था पहले की तरह जारी रहेगी। संध्या और शयन आरती के दौरान सामान्य भक्त कार्तिकेय मंडपम से चलायमान दर्शन कर सकेंगे।

इसका मतलब यह है कि विशेष बुकिंग के बावजूद आम श्रद्धालुओं के दर्शन पर कोई रोक नहीं लगेगी। बस उनके लिए व्यवस्था अलग होगी।

हाल के महीनों में महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। त्योहारों और खास तिथियों पर तो लाखों लोग पहुंचते हैं। ऐसे में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन जाता है।

श्रद्धालुओं से नियमों का पालन करने की अपील

मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अनुरोध किया है कि वे बुकिंग के दौरान सही जानकारी भरें और तय समय पर ही मंदिर पहुंचे। किसी भी तरह की अफवाह या अनधिकृत एजेंट से सावधान रहने की भी सलाह दी गई है।

भगवान महाकाल के भक्तों के लिए यह खबर निश्चित ही खुशी देने वाली है। अब श्रद्धा के साथ-साथ सुविधा भी जुड़ गई है, जिससे दर्शन का अनुभव और भी सहज हो सकेगा।

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Dipali Kumari

दीपाली कुमारी सक्रिय पत्रकार और हिंदी कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन वर्षों का अनुभव है। उन्होंने रांची के गोस्सनर कॉलेज से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। सामाजिक सरोकारों, जन-जागरूकता और जमीनी मुद्दों पर तथ्यपरक एवं संवेदनशील लेखन उनकी प्रमुख पहचान है। आम लोगों की आवाज़ को मुख्यधारा तक पहुँचाना और समाज से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करना उनकी पत्रकारिता का मुख्य उद्देश्य है।

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