साइबर हमलों से बचाव के लिए जागरूक रहना जरूरी
Nagpur cyber crime workshop: नागपुर, सूचना एवं जनसंपर्क महानिदेशालय के नागपुर-अमरावती विभागीय कार्यालय में ‘साइबर अपराध’ विषय पर एक कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें साइबर विशेषज्ञ हिमांशु जोशी ने इंटरनेट और मोबाइल उपयोग के दौरान होने वाले साइबर अपराधों के प्रकार और बचाव के उपायों पर विस्तार से जानकारी दी।
श्री जोशी ने स्पष्ट कहा, “यदि कोई व्यक्ति साइबर अटैक का शिकार हो भी जाए, तो घबराने की आवश्यकता नहीं है – उससे सुरक्षित बाहर निकला जा सकता है।”
उन्होंने दैनिक जीवन के उदाहरणों से डेटा हैकिंग के तरीके और उसके दुरुपयोग को सरल भाषा में समझाया। उन्होंने बताया कि मोबाइल या इंटरनेट की गति अचानक धीमी होना और डिवाइस का गरम होना हैकिंग के संभावित संकेत हो सकते हैं।
नागपुर में साइबर अपराध पर कार्यशाला आयोजित हुई
कार्यशाला में इन प्रमुख साइबर खतरों की जानकारी दी गई:
- साइबर बुलिंग, सोशल मीडिया फ्रॉड, डेटा चोरी और फिशिंग
- कॉल मर्जिंग, लॉटरी, ऑनलाइन शॉपिंग और फर्जी कस्टमर केयर से जुड़े धोखाधड़ी के तरीके
बचाव के लिए विशेषज्ञ ने ये सलाह दी:
- मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें
- क्यूआर कोड से लेनदेन करते समय सावधानी बरतें
- सार्वजनिक वाई-फाई के उपयोग से बचें
इसके अलावा, फेक न्यूज की पहचान करने और ऑनलाइन सुरक्षा के लिए उपयोगी वेबसाइटों की जानकारी भी प्रतिभागियों को दी गई।
यह कार्यशाला सरकारी विभागों में डिजिटल जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र