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संगीत जगत को बड़ा झटका! मशहूर संगीतकार अभिजीत मजूमदार का निधन

मशहूर संगीतकार अभिजीत मजूमदार का निधन
मशहूर संगीतकार अभिजीत मजूमदार का निधन (File photo)
मशहूर ओडिया म्यूजिक कंपोजर अभिजीत मजूमदार का 53 साल की उम्र में निधन हो गया। लंबी बीमारी के बाद उन्होंने दुनिया को अलविदा कहा। 700 से ज्यादा गानों से उन्होंने संगीत जगत में खास पहचान बनाई। उनके निधन से इंडस्ट्री में शोक है।
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Abhijit Majumdar Death: एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। ओडिया फिल्म और संगीत जगत के जाने-माने म्यूजिक कंपोजर अभिजीत मजूमदार अब हमारे बीच नहीं रहे। रविवार, 25 जनवरी को 53 वर्ष की उम्र में उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कह दिया। उनके निधन की खबर सामने आते ही न सिर्फ ओडिशा बल्कि पूरे देश के संगीत प्रेमियों में शोक की लहर दौड़ गई।

अभिजीत मजूमदार बीते काफी समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। महीनों से उनका इलाज चल रहा था, लेकिन आखिरकार वह जिंदगी की जंग हार गए। उनके निधन से ओडिया म्यूजिक इंडस्ट्री ने एक ऐसा सितारा खो दिया है, जिसने अपने सुरों से लाखों दिलों को छुआ और क्षेत्रीय संगीत को नई पहचान दिलाई।

बीमारी से लंबी लड़ाई के बाद थमी संगीत की धड़कन

परिवार से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, अभिजीत मजूमदार लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उन्होंने इलाज में कोई कमी नहीं छोड़ी, लेकिन स्वास्थ्य लगातार गिरता चला गया। रविवार को जब उनके निधन की खबर सामने आई, तो इंडस्ट्री के लोग और उनके चाहने वाले इस पर यकीन नहीं कर पा रहे थे।

अभिजीत सिर्फ एक संगीतकार नहीं थे, बल्कि वह उन कलाकारों में शामिल थे, जिन्होंने कठिन हालात में भी संगीत को अपना सहारा बनाया और उसी के जरिए अपनी पहचान बनाई। उनकी बीमारी के दौरान भी कई करीबी लोग उनके जल्दी स्वस्थ होने की दुआ कर रहे थे।

ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री ने दी श्रद्धांजलि

अभिजीत मजूमदार के निधन पर ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने भी गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि अभिजीत मजूमदार का योगदान ओडिया संगीत जगत में हमेशा याद रखा जाएगा।

उन्होंने लिखा कि इस कठिन समय में उनकी संवेदनाएं दिवंगत संगीतकार के परिवार के साथ हैं। उनके इस संदेश के बाद सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलि देने वालों की लंबी कतार लग गई। फैंस, कलाकार और संगीत प्रेमी लगातार अपनी भावनाएं व्यक्त कर रहे हैं।

700 से ज्यादा गानों से बनाई थी अलग पहचान

अभिजीत मजूमदार का संगीत सफर बेहद प्रेरणादायक रहा। उन्होंने ओडिया फिल्मों, म्यूजिक एल्बम और रीजनल प्रोजेक्ट्स के लिए 700 से ज्यादा गानों को कंपोज किया। उनके गीतों में लोक संस्कृति की खुशबू के साथ आधुनिक संगीत का अनोखा मेल देखने को मिलता था।

यही वजह थी कि उनके गाने हर उम्र के लोगों को पसंद आते थे। उन्होंने नए कलाकारों को भी मौका दिया और कई गायकों के करियर को नई दिशा दी।

अवॉर्ड और सम्मान से सजा रहा सफर

अपने लंबे करियर में अभिजीत मजूमदार को कई प्रतिष्ठित अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। उनके काम को न सिर्फ दर्शकों ने सराहा, बल्कि इंडस्ट्री के बड़े नामों ने भी उनकी प्रतिभा को खुले दिल से स्वीकार किया।

वह हमेशा संगीत को दिल से करने में विश्वास रखते थे। उनका मानना था कि अगर संगीत सच्चा हो, तो वह सीधे लोगों के दिल तक पहुंचता है।

परिवार के लिए अपूरणीय क्षति

अभिजीत मजूमदार अपने पीछे पत्नी रंजीता मजूमदार और एक बेटे को छोड़ गए हैं। परिवार के लिए यह नुकसान शब्दों में बयां करना मुश्किल है। संगीत ही उनका जीवन था और उनका परिवार भी इस सफर का अहम हिस्सा रहा।

उनके निधन से न सिर्फ एक परिवार ने अपना सहारा खोया है, बल्कि ओडिया इंडस्ट्री ने एक ऐसे कलाकार को खो दिया है, जो उभरते कलाकारों के लिए प्रेरणा और मार्गदर्शक था।

ओडिया संगीत जगत के लिए बड़ा नुकसान

अभिजीत मजूमदार का जाना ओडिया फिल्म और संगीत इंडस्ट्री के लिए एक ऐसी कमी है, जिसे भर पाना आसान नहीं होगा। उन्होंने जिस समर्पण और ईमानदारी से संगीत को जिया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए मिसाल रहेगा।

उनके सुर, उनकी धुनें और उनका योगदान हमेशा लोगों के दिलों में जिंदा रहेगा। भले ही वह आज हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनका संगीत उन्हें हमेशा अमर बनाए रखेगा।

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Dipali Kumari

दीपाली कुमारी पिछले तीन वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में कार्यरत हैं। उन्होंने रांची के गोस्सनर कॉलेज से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। सामाजिक सरोकारों, जन-जागरूकता और जमीनी मुद्दों पर लिखने में उनकी विशेष रुचि है। आम लोगों की आवाज़ को मुख्यधारा तक पहुँचाना और समाज से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्नों को धारदार लेखन के माध्यम से सामने लाना उनका प्रमुख लक्ष्य है।