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नागपुर में चेंबर की सभा में निर्यातकों को दी गई मदद और जानकारी

ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर में निर्यातकों को ईसीजीसी द्वारा दी गई जरूरी जानकारी और मदद
ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर में निर्यातकों को ईसीजीसी द्वारा दी गई जरूरी जानकारी और मदद (Photo: RB / Jassi)

ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर में नाग विदर्भ चेंबर की बैठक में निर्यातकों को युद्ध के कारण हो रही समस्याओं पर जानकारी दी गई। ईसीजीसी के अधिकारियों ने बीमा कवर और नई योजनाओं के बारे में समझाया। इसमें 100 प्रतिशत बीमा, बढ़े हुए खर्च का कवर और 50 लाख तक के क्लेम की सुविधा शामिल है, जिससे निर्यातकों को राहत मिल सकती है।

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नागपुर में निर्यातकों को मिली जरूरी जानकारी

ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर। ईरान-इजराइल-अमेरिका के बीच जारी युद्ध के कारण संपूर्ण भारत सहित महाराष्ट्र में आयात-निर्यात बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। इसी पृष्ठभूमि में विदर्भ के 13 लाख व्यापारियों की शीर्ष संस्था नाग विदर्भ चेंबर ऑफ कॉमर्स (NVCC) ने द्वारकामाई में अपनी कार्यकारिणी सभा में ईसीजीसी लिमिटेड, नागपुर के साथ एक विशेष चर्चासत्र आयोजित किया।

इस सत्र में श्री संतोष बिश्नोई (ब्रांच मैनेजर, विदर्भ क्षेत्र, ईसीजीसी लि., नागपुर) और उनके सहयोगी श्री अमृतकुमार शाह (मैनेजर, विदर्भ क्षेत्र, ईसीजीसी लि., नागपुर) ने निर्यातकों का विस्तार से मार्गदर्शन किया।

ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर में निर्यातकों को ईसीजीसी द्वारा दी गई जरूरी जानकारी और मदद
ECGC export insurance scheme Nagpur: नागपुर में निर्यातकों को ईसीजीसी द्वारा दी गई जरूरी जानकारी और मदद (Photo: RB / Jassi)

ईसीजीसी ने योजनाओं और बीमा कवर को आसान भाषा में समझाया

ईसीजीसी (ECGC) की प्रमुख योजनाएं:

श्री बिश्नोई ने बताया कि युद्ध के कारण संपूर्ण भारत में 6-7 करोड़ डॉलर का निर्यात प्रभावित हुआ है। निर्यातकों की राहत के लिए ईसीजीसी (ECGC) ने निम्न प्रावधान किए हैं —

  • जिन निर्यातकों का 14 फरवरी से 15 मार्च के बीच BL निकल चुका है, उन्हें 100% बीमा कवर मिलेगा। यह समय-सीमा अब 15 जून तक बढ़ाई गई है।
  • नॉन-पॉलिसी धारक एमएसएमई (MSME) निर्यातकों को उनके निर्यात पर 50% तक बीमा कवर मिलेगा — शर्त यह कि निर्यात में कोई एनर्जी गुड्स न हो।
  • युद्ध के कारण सरचार्ज बढ़ने पर — जैसे 1,000 से 1,500 डॉलर होने पर — बढ़ा हुआ सरचार्ज भी बीमा में कवर होगा।
  • 10 युद्ध-प्रभावित देशों से ट्रांसशिपमेंट होने पर बीमा कवर मिलेगा और निर्यातक 50 लाख रुपये तक का क्लेम कर सकते हैं।
  • हालांकि, कंटेनर वापस आने की स्थिति में नॉन-पॉलिसी होल्डर ईसीजीसी (ECGC) से क्लेम नहीं कर पाएंगे।

स्वागत एवं आभार:

चेंबर के अध्यक्ष श्री फारूक अकबानी ने शाल, श्रीफल, पुष्पगुच्छ व दुपट्टे से श्री बिश्नोई का स्वागत किया। कार्यक्रम की प्रस्तावना उपाध्यक्ष श्री स्वप्निल अहिरकर ने दी, परिचय सचिव सीए हेमंत सारडा ने कराया और आभार भी उन्होंने ही व्यक्त किया।

सभा में चेंबर के पूर्व अध्यक्ष श्री प्रफुल दोशी, श्री जगदीश बंग, आईपीपी (IPP) श्री अर्जुनदास आहुजा, कोषाध्यक्ष श्री सचिन पुनियानी सहित श्रीराम फूड इंडस्ट्रीज, पगारिया एक्सपोर्ट प्रा. लि., जिम लेबोरेटरीज, माइक्रोमेस मिनरल एंड मेटल्स और अनेक निर्यातक कंपनियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

श्री बिश्नोई ने सभा में उपस्थित निर्यातकों के सभी प्रश्नों का उत्तर दिया। ईसीजीसी (ECGC) के अनुसार युद्ध की स्थिति में बदलाव के साथ योजनाओं की समीक्षा जारी रहेगी।


रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

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Asfi Shadab

एक लेखक, चिंतक और जागरूक सामाजिक कार्यकर्ता, जो खेल, राजनीति और वित्त की जटिलता को समझते हुए उनके बीच के रिश्तों पर निरंतर शोध और विश्लेषण करते हैं। जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को सरल, तर्कपूर्ण और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए प्रतिबद्ध।