पश्चिम बंगाल में कर्मचारियों की हड़ताल को संयुक्त मंच ने बताया सफल
West Bengal government employees strike DA demand: कोलकाता। संगामी युक्थ मंच ने आज की हड़ताल को पूरी तरह सफल घोषित किया है। मंच के प्रवक्ता भास्कर घोष ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि कोलकाता हाईकोर्ट, सरकारी स्कूल-कॉलेज, जिला अदालतें और कई सरकारी विभाग पूरी तरह ठप रहे। कोलकाता सहित जिलों की सड़कें सूनी रहीं।
भास्कर घोष ने कहा, “अचल हो पड़ा राज्य-टाकि सचल करार जन्य, आज आमरा राज्य-टाकि अचल कोरलाम।” (जो राज्य रुक गया है, उसे चलाने के लिए आज हमने राज्य को रोका।) उन्होंने कहा कि DA से जुड़ी यह लड़ाई पश्चिम बंगाल के तमाम मेहनतकश लोगों की है और यह संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।
सरकारी नोटिफिकेशन को बताया ‘गैरकानूनी’
राज्य के वित्त विभाग ने कल एक निर्देश जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि सभी सरकारी कार्यालय सामान्य रूप से खुले रहेंगे, कोई भी कैजुअल लीव या अन्य छुट्टी मंजूर नहीं होगी और अनुपस्थिति पर कारण बताओ नोटिस दिया जाएगा। मंच ने इस नोटिफिकेशन को “गैरकानूनी” करार दिया और प्रतीकात्मक रूप से फाड़ दिया।
12 साथी हिरासत में, महिला कार्यकर्ता पर हमले का गंभीर आरोप
हड़ताल के दौरान 12 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया। इसके अलावा, खाद्य भवन में एक गंभीर घटना सामने आई है। मंच के अनुसार, सुबीर घोष नामक एक कर्मचारी ने आंदोलनकारी महुआ पाल को एकांत स्थान पर खींच ले जाकर उनके पेट में लात मारी और गुप्तांग पर चोट पहुंचाई। मंच ने कहा कि इस घटना के सारे फुटेज उनके पास हैं और वे “यथोचित कार्रवाई” करेंगे।
नबान्न के दावों को बताया झूठ
राज्य सरकार के नबान्न कार्यालय ने 90-100% उपस्थिति का दावा किया, जिसे मंच ने “मिथ्याचार” बताया। भास्कर घोष ने कहा कि IPAC से जुड़े लोग यह आंकड़े फैला रहे हैं। उन्होंने तृणमूल नेता कुणाल घोष की प्रतिक्रिया का भी हवाला दिया और कहा कि “कुणाल घोष की प्रतिक्रिया ने खुद साबित कर दिया कि हड़ताल सफल रही और सरकार विफल।”
मंच ने स्पष्ट किया कि DA की मांग को लेकर संघर्ष अभी खत्म नहीं हुआ है और आने वाले दिनों में अगले कदम की घोषणा की जाएगी।
रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल