FASTag New Rules: अगर आप उन लोगों में से हैं जिनकी सुबह की शुरुआत हाईवे पर गाड़ी दौड़ाने से होती है, तो 1 अप्रैल 2026 आपके लिए कुछ बदलाव लेकर आया है। नए वित्तीय वर्ष के साथ सरकार ने टोल से जुड़े नियमों में बदलाव किए हैं, जिनका असर सीधे आपकी जेब और सफर दोनों पर पड़ने वाला है।
FASTag एनुअल पास हुआ महंगा
सबसे बड़ा बदलाव FASTag एनुअल पास की कीमत को लेकर हुआ है। NHAI ने निजी वाहनों के लिए इस पास की कीमत 3,000 रुपये से बढ़ाकर 3,075 रुपये कर दी है। यानी अब आपको सालाना 75 रुपये ज्यादा चुकाने होंगे। यह नया नियम देशभर के 1,150 से अधिक टोल प्लाजा पर लागू हो गया है।
हालांकि यह बढ़ोतरी मामूली लग सकती है, लेकिन उन लोगों के लिए मायने रखती है जो हर साल इस पास का इस्तेमाल करते हैं। फिलहाल करीब 56 लाख यूजर्स इस सुविधा का लाभ उठा रहे हैं और उन्हें रिन्यूअल के समय यह अतिरिक्त राशि देनी होगी।
एनुअल पास में मिलती है 200 टोल क्रॉसिंग
इस एनुअल पास की खासियत यह है कि यह एक साल के लिए वैध होता है और इसमें अधिकतम 200 टोल क्रॉसिंग की अनुमति मिलती है। जैसे ही 1 साल पूरा होता है या 200 यात्राएं खत्म हो जाती हैं, पास अपने आप एक्सपायर हो जाता है। यही कारण है कि नियमित यात्रा करने वालों के लिए यह विकल्प अब भी किफायती माना जाता है।
टोल प्लाजा पर अब नहीं चलेगा कैश
एक और बड़ा बदलाव टोल भुगतान के तरीके में आया है। सरकार ने अब टोल प्लाजा पर कैश ट्रांजेक्शन को पूरी तरह बंद करने का फैसला किया है। यानी अब आपको FASTag, UPI या QR कोड के जरिए ही भुगतान करना होगा। इससे न सिर्फ पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारों से भी राहत मिलेगी।
टोल टैक्स में भी बढ़ोतरी
इसके अलावा सामान्य टोल टैक्स की दरों में भी लगभग 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है, जिससे रोजाना सफर करने वालों का खर्च थोड़ा और बढ़ सकता है।
हालांकि, इन बदलावों के बीच एक राहत की बात भी है। FASTag एनुअल पास अब भी उन लोगों के लिए फायदेमंद है, जो बार-बार लंबी दूरी तय करते हैं। खासकर दिल्ली-NCR जैसे इलाकों में रोजाना सफर करने वालों के लिए यह कैशलेस सुविधा समय बचाने के साथ-साथ यात्रा को आसान और तनावमुक्त बनाती है।