‘जल जीवन मिशन 2.0’ के तहत केंद्र और महाराष्ट्र के बीच MoU हस्ताक्षरित, दिसंबर 2028 तक हर घर तक पहुंचेगा नल का जल

Jal Jeevan Mission 2.0 Maharashtra MoU: महाराष्ट्र में जल जीवन मिशन 2.0 के तहत केंद्र और राज्य के बीच समझौता हुआ है। इसका उद्देश्य दिसंबर 2028 तक हर ग्राम पंचायत में ‘हर घर जल’ प्रमाणन सुनिश्चित करना है। योजना के तहत गांवों में पानी की सुविधा मजबूत की जाएगी और संचालन की जिम्मेदारी ग्राम पंचायतों को दी जाएगी।
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महाराष्ट्र में जल जीवन मिशन 2.0 के लिए केंद्र और राज्य के बीच समझौता
Jal Jeevan Mission 2.0 Maharashtra MoU: नई दिल्ली/नागपुर। केंद्र सरकार के जल शक्ति मंत्रालय और महाराष्ट्र शासन के बीच गुरुवार को नई दिल्ली में ‘जल जीवन मिशन 2.0’ के तहत एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते का मुख्य उद्देश्य राज्य की प्रत्येक ग्राम पंचायत को दिसंबर 2028 तक ‘हर घर जल’ प्रमाणन दिलाना है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस नागपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इस अवसर पर उपस्थित रहे।
मिशन का विस्तार और नया चरण
हर घर जल लक्ष्य को 2028 तक पूरा करने पर जोर
हाल ही में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जल जीवन मिशन की समय-सीमा दिसंबर 2028 तक बढ़ाने का निर्णय लिया था। इस नए चरण को ‘जल जीवन मिशन 2.0’ नाम दिया गया है। इसके अंतर्गत राज्यों को संरचनात्मक सुधार, समय-सीमा का पालन, योजनाओं की दीर्घकालिक स्थिरता और नागरिक-केंद्रित सेवाओं की आपूर्ति सुनिश्चित करनी होगी।
समझौते के प्रमुख बिंदु
इस MoU में निम्नलिखित प्राथमिकताएं तय की गई हैं:
- ग्रामीण क्षेत्रों में नल जल आपूर्ति का ढांचा पूरा करना और उसे ग्राम पंचायतों को सौंपना
- प्रत्येक पंचायत में ‘हर घर जल’ प्रमाणन प्राप्त करना
- जल आपूर्ति योजनाओं के सुचारू संचालन के लिए स्थायी पेयजल योजना तैयार करना
- राज्य और जिला स्तर पर प्रशासनिक सुधार लागू करना
अब राज्य सरकार को इस समझौते के अनुरूप जिला स्तरीय कार्ययोजना तैयार करनी होगी, ताकि निर्धारित समय-सीमा में लक्ष्य प्राप्त किए जा सकें।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

