निराला जयंती: लोक के बिना साहित्य अधूरा – प्रो. शर्मा का विशेष संबोधन
साहित्य में लोक की महत्ता पर विशेष व्याख्यान नागपुर। साहित्य केवल शब्दों का खेल नहीं है बल्कि यह समाज की आत्मा और लोक की अस्मिता को दर्शाता है। यह महत्वपूर्ण बात सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन के कुलानुशासक प्रोफेसर शैलेंद्र कुमार शर्मा ने