
देश आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस बड़े ही धूमधाम से मना रहा है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नई दिल्ली के कर्तव्य पथ से देश को इस खास मौके पर नेतृत्व प्रदान किया। यह दिन हर भारतीय के लिए गर्व और सम्मान का प्रतीक है, जब हमारा संविधान लागू हुआ था और भारत एक गणतंत्र राष्ट्र बना था। समारोह की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्रीय युद्ध स्मारक की यात्रा से हुई। प्रधानमंत्री ने वहां देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और पुष्पांजलि देकर उनके बलिदान को याद किया। यह परंपरा हर साल निभाई जाती है ताकि हम उन

देश आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस बड़े ही धूमधाम से मना रहा है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नई दिल्ली के कर्तव्य पथ से देश को इस खास मौके पर नेतृत्व प्रदान किया। यह दिन हर भारतीय के लिए गर्व और सम्मान का प्रतीक है, जब हमारा संविधान लागू हुआ था और भारत एक गणतंत्र राष्ट्र बना था। समारोह की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्रीय युद्ध स्मारक की यात्रा से हुई। प्रधानमंत्री ने वहां देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और पुष्पांजलि देकर उनके बलिदान को याद किया। यह परंपरा हर साल निभाई जाती है ताकि हम उन

Republic Day Parade: इस वर्ष का गणतंत्र दिवस भारत की सैन्य परंपराओं और अदृश्य वीरता को एक नया मंच देने जा रहा है। अब तक टैंकों, मिसाइलों और सशस्त्र जवानों की गर्जना से पहचानी जाने वाली गणतंत्र दिवस परेड में इस बार एक ऐसा दृश्य देखने को मिलेगा, जो भावनात्मक भी होगा और प्रेरणादायक भी। पहली बार भारतीय सेना की पशु टुकड़ी कर्तव्य पथ पर मार्च करेगी और देश को उन मौन योद्धाओं से रूबरू कराएगी, जिनकी भूमिका सीमा पर तैनात सैनिकों जितनी ही अहम रही है। यह पशु टुकड़ी उन जानवरों का प्रतिनिधित्व करेगी, जो देश के सबसे कठिन

Republic Day Parade: इस वर्ष का गणतंत्र दिवस भारत की सैन्य परंपराओं और अदृश्य वीरता को एक नया मंच देने जा रहा है। अब तक टैंकों, मिसाइलों और सशस्त्र जवानों की गर्जना से पहचानी जाने वाली गणतंत्र दिवस परेड में इस बार एक ऐसा दृश्य देखने को मिलेगा, जो भावनात्मक भी होगा और प्रेरणादायक भी। पहली बार भारतीय सेना की पशु टुकड़ी कर्तव्य पथ पर मार्च करेगी और देश को उन मौन योद्धाओं से रूबरू कराएगी, जिनकी भूमिका सीमा पर तैनात सैनिकों जितनी ही अहम रही है। यह पशु टुकड़ी उन जानवरों का प्रतिनिधित्व करेगी, जो देश के सबसे कठिन