Pariksha Pe Charcha 2025: देश में परीक्षा को लेकर बच्चों के मन में बैठा डर, दबाव और तनाव कोई नई बात नहीं है। दशकों तक परीक्षा को केवल अंकों और रैंक की दौड़ के रूप में देखा गया, जहां मानसिक स्वास्थ्य, भावनात्मक संतुलन और आत्मविश्वास जैसे पहलू अक्सर नजरअंदाज कर दिए जाते थे। ऐसे माहौल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल परीक्षा पे चर्चा ने न केवल सोच बदली, बल्कि शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर एक नई राष्ट्रीय बहस को जन्म दिया। आज यह पहल एक नए मुकाम पर पहुंच चुकी है। कल तक परीक्षा पे चर्चा के लिए