
Parliament Winter Session: संसद का शीतकालीन सत्र औपचारिक रूप से समाप्त हो गया, लेकिन इसके समापन के बाद संसद परिसर में जो दृश्य उभरा, उसने सियासी गलियारों में एक अलग ही चर्चा को जन्म दे दिया। आमतौर पर सत्र खत्म होते ही सत्ता और विपक्ष के बीच तल्खी की रेखाएं और गहरी दिखती हैं, लेकिन इस बार तस्वीर कुछ बदली हुई नजर आई। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी सहित सत्ता पक्ष और विपक्ष के कई प्रमुख नेता एक ही मंच पर साथ बैठे दिखाई दिए। यह मुलाकात किसी औपचारिक बैठक का हिस्सा नहीं

Parliament Winter Session: संसद का शीतकालीन सत्र औपचारिक रूप से समाप्त हो गया, लेकिन इसके समापन के बाद संसद परिसर में जो दृश्य उभरा, उसने सियासी गलियारों में एक अलग ही चर्चा को जन्म दे दिया। आमतौर पर सत्र खत्म होते ही सत्ता और विपक्ष के बीच तल्खी की रेखाएं और गहरी दिखती हैं, लेकिन इस बार तस्वीर कुछ बदली हुई नजर आई। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी सहित सत्ता पक्ष और विपक्ष के कई प्रमुख नेता एक ही मंच पर साथ बैठे दिखाई दिए। यह मुलाकात किसी औपचारिक बैठक का हिस्सा नहीं

संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो रहा है और इसके पहले ही विपक्षी दलों ने अपने इरादे साफ कर दिए हैं। विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर को लेकर विपक्ष ने तीखा रुख अपनाया है और संकेत दिए हैं कि सत्र के दौरान इस मुद्दे को पूरी ताकत से उठाया जाएगा। विपक्षी नेताओं का कहना है कि चुनाव आयोग द्वारा चलाई जा रही यह प्रक्रिया लोकतंत्र के लिए खतरा है और इसके जरिए आम लोगों का मतदान का अधिकार छीना जा रहा है। समाजवादी पार्टी के अयोध्या से सांसद अवधेश प्रसाद ने इस मामले को बेहद गंभीर बताते हुए

संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो रहा है और इसके पहले ही विपक्षी दलों ने अपने इरादे साफ कर दिए हैं। विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर को लेकर विपक्ष ने तीखा रुख अपनाया है और संकेत दिए हैं कि सत्र के दौरान इस मुद्दे को पूरी ताकत से उठाया जाएगा। विपक्षी नेताओं का कहना है कि चुनाव आयोग द्वारा चलाई जा रही यह प्रक्रिया लोकतंत्र के लिए खतरा है और इसके जरिए आम लोगों का मतदान का अधिकार छीना जा रहा है। समाजवादी पार्टी के अयोध्या से सांसद अवधेश प्रसाद ने इस मामले को बेहद गंभीर बताते हुए