नागपुर: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि वैश्विक ज्ञान का भारतीयकरण और भारतीय ज्ञान का वैश्वीकरण ही नई शिक्षा नीति का मूल उद्देश्य है। वे राष्ट्रसंत तुकड़ोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय, VNIT और IIM नागपुर सहित विभिन्न संस्थाओं के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘महाराष्ट्र ज्ञान सभा-2026’ के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे।
CM फडणवीस ने स्पष्ट कहा, “केवल ऐतिहासिक गौरव का उल्लेख करने से हम महान नहीं बनेंगे। वर्तमान और भविष्य की वैश्विक चुनौतियों को समझते हुए शिक्षा प्रणाली को नई दिशा देनी होगी।”
उन्होंने कहा कि पिछले 15 वर्षों में कई औद्योगिक क्रांतियां आ चुकी हैं। कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और डीप टेक्नोलॉजी के कारण नौकरियों का स्वरूप तेजी से बदल रहा है, लेकिन इससे नए अवसर भी उभरेंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि नैतिक, शारीरिक और व्यावसायिक रूप से सक्षम नागरिक तैयार करना है।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि आने वाले समय में विश्वविद्यालयों को नए विषयों और कौशलों को अपनाना होगा। नवी मुंबई में विकसित हो रही ‘एज्यु सिटी’ के माध्यम से छात्रों को कम लागत में अंतरराष्ट्रीय शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।
महाराष्ट्र ज्ञान सभा-2026 में शिक्षाविद, उद्योग जगत के प्रतिनिधि और विभिन्न संस्थाओं के विशेषज्ञ उपस्थित रहे।
रिपोर्ट: Jassi, नागपुर