यह मामला पिछले कुछ दिनों से लगातार चर्चा में बना हुआ है। मालूम हो त्विषा शर्मा की शादी दिसंबर 2025 में भोपाल निवासी समर्थ सिंह से हुई थी। दोनों की मुलाकात एक वैवाहिक वेबसाइट के जरिए हुई थी और शादी दिल्ली में संपन्न हुई थी। शादी के बाद त्विषा अपने पति के साथ भोपाल में रहने लगी थीं। लेकिन कुछ ही महीनों बाद उनकी मौत की खबर ने सबको चौंका दिया।
घर में फंदे से लटकी मिली थीं त्विषा
कुछ दिन पहले त्विषा अपने घर में फंदे से लटकी मिली थीं। उस समय वह गर्भवती भी थीं। इस घटना के बाद परिवार ने हत्या का आरोप लगाया। त्विषा के पिता का कहना है कि उनकी बेटी ने आत्महत्या नहीं की, बल्कि उसे मारकर फंदे से लटकाया गया है। वहीं दूसरी तरफ समर्थ सिंह और उनकी मां गिरिबाला सिंह ने आरोपों को गलत बताया है। उनका कहना है कि त्विषा मानसिक रूप से परेशान थीं और नशीले पदार्थों का सेवन करती थीं।
त्विषा के पति समर्थ ने कोर्ट में दायर की जमानत याचिका
मामले में एक और बड़ा मोड़ तब आया जब आरोपी समर्थ सिंह गिरफ्तारी से बचने के लिए हाई कोर्ट पहुंच गए। उनकी अग्रिम जमानत याचिका पर हाई कोर्ट में सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति अवनींद्र कुमार सिंह की एकलपीठ में हुई। समर्थ की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मृगेन्द्र सिंह ने पक्ष रखा। उन्होंने कोर्ट में कहा कि दहेज प्रताड़ना और उत्पीड़न के आरोप झूठे हैं और व्हाट्सएप चैट को एडिट भी किया जा सकता है।
उधर, पुलिस लगातार समर्थ सिंह की तलाश कर रही है। केस दर्ज होने के बाद से वह फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस ने उनकी गिरफ्तारी पर इनाम राशि 10 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये कर दी है। भोपाल की निचली अदालत से उनकी अग्रिम जमानत पहले ही खारिज हो चुकी है।
अब CBI जांच की सिफारिश के बाद इस मामले में नई उम्मीद जगी है। लोगों की नजर अब इस बात पर टिकी है कि आखिर त्विषा की मौत के पीछे की सच्चाई क्या है।