
राज्यसभा में एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने जोरदार भाषण से सदन का ध्यान अपनी ओर खींचा। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए प्रधानमंत्री ने विपक्षी दल कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कांग्रेस की पुरानी कार्यशैली और नीतियों की कमियों को उजागर करते हुए एक दिलचस्प किस्सा सुनाया जो पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से जुड़ा था। इस किस्से के जरिए पीएम मोदी ने यह बताने की कोशिश की कि कांग्रेस के शासनकाल में किस तरह की समस्याएं थीं और कैसे वर्तमान सरकार उन गलतियों को सुधारने में लगी है।

राज्यसभा में एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने जोरदार भाषण से सदन का ध्यान अपनी ओर खींचा। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए प्रधानमंत्री ने विपक्षी दल कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कांग्रेस की पुरानी कार्यशैली और नीतियों की कमियों को उजागर करते हुए एक दिलचस्प किस्सा सुनाया जो पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से जुड़ा था। इस किस्से के जरिए पीएम मोदी ने यह बताने की कोशिश की कि कांग्रेस के शासनकाल में किस तरह की समस्याएं थीं और कैसे वर्तमान सरकार उन गलतियों को सुधारने में लगी है।

भाजपा का स्वदेशी नारा: सच्चाई या केवल दिखावा? रांची, 11 अक्टूबर 2025: भारतीय जनता पार्टी द्वारा हाल ही में जारी किए गए “हर घर स्वदेशी, घर-घर स्वदेशी” पम्पलेट को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव सह मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। श्री सिन्हा ने इसे केवल दिखावे और ढोंग से जोड़ते हुए भाजपा की नीतियों पर सवाल उठाए। कांग्रेस महासचिव का तंज राकेश सिन्हा ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता यदि सचमुच स्वदेशी का प्रचार करना चाहते हैं तो वे यह संदेश प्रधानमंत्री तक पहुंचाएं। उन्होंने तंज करते हुए कहा, “प्रधानमंत्री को यह कहें कि आप स्विट्जरलैंड

भाजपा का स्वदेशी नारा: सच्चाई या केवल दिखावा? रांची, 11 अक्टूबर 2025: भारतीय जनता पार्टी द्वारा हाल ही में जारी किए गए “हर घर स्वदेशी, घर-घर स्वदेशी” पम्पलेट को लेकर प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव सह मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। श्री सिन्हा ने इसे केवल दिखावे और ढोंग से जोड़ते हुए भाजपा की नीतियों पर सवाल उठाए। कांग्रेस महासचिव का तंज राकेश सिन्हा ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता यदि सचमुच स्वदेशी का प्रचार करना चाहते हैं तो वे यह संदेश प्रधानमंत्री तक पहुंचाएं। उन्होंने तंज करते हुए कहा, “प्रधानमंत्री को यह कहें कि आप स्विट्जरलैंड