
राष्ट्रव्यापी मतदाता सूची पुनरीक्षण का व्यापक चरण भारत निर्वाचन आयोग द्वारा देशभर में जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) चरण-2 ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है। आयोग ने अपने 18 नवंबर के दोपहर 3 बजे जारी दैनिक बुलेटिन में बताया कि कुल 50.97 करोड़ मतदाताओं के लिए तैयार किए गए गणना प्रपत्रों (Enumeration Forms – EFs) में से 98.54 प्रतिशत प्रपत्र सफलतापूर्वक वितरित कर दिए गए हैं। यह पुनरीक्षण प्रक्रिया 4 नवंबर से शुरू हुई है और 4 दिसंबर 2025 तक जारी रहेगी। यह उपलब्धि न केवल निर्वाचन आयोग की विशाल जनसांख्यिकीय कवायद का संकेत देती

राष्ट्रव्यापी मतदाता सूची पुनरीक्षण का व्यापक चरण भारत निर्वाचन आयोग द्वारा देशभर में जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) चरण-2 ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है। आयोग ने अपने 18 नवंबर के दोपहर 3 बजे जारी दैनिक बुलेटिन में बताया कि कुल 50.97 करोड़ मतदाताओं के लिए तैयार किए गए गणना प्रपत्रों (Enumeration Forms – EFs) में से 98.54 प्रतिशत प्रपत्र सफलतापूर्वक वितरित कर दिए गए हैं। यह पुनरीक्षण प्रक्रिया 4 नवंबर से शुरू हुई है और 4 दिसंबर 2025 तक जारी रहेगी। यह उपलब्धि न केवल निर्वाचन आयोग की विशाल जनसांख्यिकीय कवायद का संकेत देती

भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने हाल ही में अपने दैनंदिन बुलेटिन में बताया कि विशेष तीव्र पुनरीक्षण (SIR) चरण-द्वितीय के तहत 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 50.11 करोड़ मतदाता-विशिष्ट प्रपत्र (Enumeration Forms) वितरित किए जा चुके हैं। यह संख्या कुल वितरण का 98.32 प्रतिशत दर्शाती है। यह अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चल रहा है, जिसमें घर-घर जाकर मतदाता विवरणों का सत्यापन और अद्यतन किया जा रहा है। इसमें बूथ स्तर अधिकारी (BLO) और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ स्तर एजेंट (BLA) शामिल हैं। विशेष तीव्र पुनरीक्षण का महत्व विशेष तीव्र पुनरीक्षण चरण-द्वितीय का

भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने हाल ही में अपने दैनंदिन बुलेटिन में बताया कि विशेष तीव्र पुनरीक्षण (SIR) चरण-द्वितीय के तहत 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 50.11 करोड़ मतदाता-विशिष्ट प्रपत्र (Enumeration Forms) वितरित किए जा चुके हैं। यह संख्या कुल वितरण का 98.32 प्रतिशत दर्शाती है। यह अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चल रहा है, जिसमें घर-घर जाकर मतदाता विवरणों का सत्यापन और अद्यतन किया जा रहा है। इसमें बूथ स्तर अधिकारी (BLO) और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ स्तर एजेंट (BLA) शामिल हैं। विशेष तीव्र पुनरीक्षण का महत्व विशेष तीव्र पुनरीक्षण चरण-द्वितीय का

देश की राजनीतिक दिशा-निर्धारण प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण मोड़ पर है। Election Commission of India (ई सी आई) ने जल्द ही देशव्यापी रूप से वोटर सूची के Special Intensive Revision (एसआईआर) के पहले चरण की शुरुआत करने की दिशा में संकेत दिए हैं। इसके तुरंत बाद, Omar Abdullah ने सार्वजनिक रूप से कहा है कि इस तरह की विशाल पहल में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए और पहले आगामी विधानसभा चुनावों, खासकर Bihar में मतदान प्रक्रिया पूरी हो जाने तक प्रतीक्षा करनी चाहिए। हस्तक्षेप की पृष्ठभूमि निर्वाचन आयोग के अनुसार, एसआईआर का उद्देश्य भारत में मतदाता सूची को व्यापक रूप से

देश की राजनीतिक दिशा-निर्धारण प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण मोड़ पर है। Election Commission of India (ई सी आई) ने जल्द ही देशव्यापी रूप से वोटर सूची के Special Intensive Revision (एसआईआर) के पहले चरण की शुरुआत करने की दिशा में संकेत दिए हैं। इसके तुरंत बाद, Omar Abdullah ने सार्वजनिक रूप से कहा है कि इस तरह की विशाल पहल में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए और पहले आगामी विधानसभा चुनावों, खासकर Bihar में मतदान प्रक्रिया पूरी हो जाने तक प्रतीक्षा करनी चाहिए। हस्तक्षेप की पृष्ठभूमि निर्वाचन आयोग के अनुसार, एसआईआर का उद्देश्य भारत में मतदाता सूची को व्यापक रूप से