नीतीश कुमार फिर साधेंगे ‘राजपूत समीकरण’ बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के राजनीतिक रणक्षेत्र में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एक बार फिर अपने पुराने सामाजिक आधार—राजपूत समाज—पर भरोसा जताने की तैयारी में हैं। बिहार की राजनीति में राजपूत समुदाय का प्रभाव हर दौर में निर्णायक रहा है, विशेषकर सारण प्रमंडल के तीन प्रमुख जिलों—छपरा, सिवान और गोपालगंज—में।इन इलाकों में राजपूत मतदाता हर चुनाव में सत्ता के पलड़े को झुकाने की क्षमता रखते हैं, और यही कारण है कि जदयू अब अपने पुराने वोटबैंक को फिर से साधने की रणनीति पर आगे बढ़ रही है। सारण प्रमंडल में जदयू की नई रणनीति जदयू