भंडारा जिले में रेत चोरी का मामला एक बार फिर प्रशासनिक लापरवाही और भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है। इस मामले में जिले के एक तहसीलदार कालबंदे को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई रेत माफिया के खिलाफ चल रहे अभियान का हिस्सा है, जो पिछले कुछ समय से पूरे महाराष्ट्र में तेज हुआ है। प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की है और आगे की जांच के निर्देश दिए हैं। रेत चोरी का मामला कैसे सामने आया भंडारा जिले में रेत की अवैध खुदाई और उसकी तस्करी लंबे समय से चल रही थी।