Twisha Sharma: भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा की मौत के मामला में अब जांच की रफ्तार तेज हो गई है। मामला हाथ में लेते ही CBI ने एक्शन शुरू कर दिया है। जांच के पहले ही दिन सीबीआई की टीम आरोपी सास गिरिबाला सिंह के घर पहुंची और करीब 30 मिनट तक घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों की जांच की और कई अहम बिंदुओं पर पड़ताल की।
सूत्रों के अनुसार, सीबीआई अधिकारी तीन गाड़ियों में मौके पर पहुंचे थे। टीम में दो महिला अधिकारी भी शामिल थीं। अधिकारियों ने घर के भीतर उस जगह का निरीक्षण किया, जहां ट्विशा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। जांच एजेंसी अब मौत से पहले और बाद की हर गतिविधि को जोड़कर पूरे घटनाक्रम को समझने की कोशिश कर रही है।
ट्विशा के शरीर पर मिले चोट के निशान को लेकर सवाल
मामले में सबसे अहम सवाल ट्विशा के शरीर पर मिले चोटों को लेकर है। शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह फंदे से लटकना बताई गई है, लेकिन रिपोर्ट में शरीर पर कई चोटों के निशान मिलने का भी जिक्र है। बताया गया है कि ये चोटें किसी भारी या भोथरी चीज से लगी हो सकती हैं। यही वजह है कि अब मामला सिर्फ आत्महत्या तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि गहरी साजिश की आशंका भी जताई जा रही है।
CBI के FIR में पति और सास आरोपी
सीबीआई ने राज्य पुलिस द्वारा पहले से दर्ज एफआईआर को भी दोबारा दर्ज किया है। इस एफआईआर में ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह को आरोपी बनाया गया है। जांच एजेंसी ने भारतीय न्याय संहिता की कई गंभीर धाराओं के साथ दहेज निषेध अधिनियम की धाराएं भी जोड़ी हैं।
ट्विशा की आखिरी कॉल
एफआईआर के मुताबिक, घटना की रात ट्विशा ने रात 9:41 बजे अपनी मां से फोन पर बात की थी। बातचीत के दौरान बैकग्राउंड में पति समर्थ सिंह के चिल्लाने की आवाज सुनाई दी थी और अचानक फोन कट गया। इसके बाद जब परिवार ने दोबारा संपर्क करने की कोशिश की, तो सास गिरिबाला सिंह ने फोन उठाकर सिर्फ इतना कहा कि “वह अब इस दुनिया में नहीं रही” और कॉल काट दिया। यही आखिरी बातचीत अब जांच का सबसे अहम हिस्सा बन गई है।
ट्विशा के परिवार ने आरोप लगाया है कि शादी के बाद से ही उन्हें दहेज और पैसों के लेन-देन को लेकर प्रताड़ित किया जा रहा था। परिवार का कहना है कि लगातार मानसिक और घरेलू हिंसा ने ट्विशा को टूटने पर मजबूर कर दिया था।