सावनेर के किसानों का जमीन अधिग्रहण के खिलाफ जिलाधिकारी कार्यालय पर मोर्चा, 7 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि को लेकर विरोध

Saoner Farmers Land Acquisition Protest: नागपुर जिले के सावनेर तहसील के पास करीब 7 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि को प्रस्तावित योजना में शामिल किए जाने का किसानों ने विरोध किया। बड़ी संख्या में किसान नागपुर जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और अपनी मांग रखी। किसानों ने कहा कि जमीन उनकी आजीविका का मुख्य आधार है और वे किसी भी मुआवजे के बदले कृषि भूमि देने को तैयार नहीं हैं।
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कृषि भूमि बचाने के लिए किसानों ने उठाई आवाज
Saoner Farmers Land Acquisition Protest: नागपुर, 19 अगस्त। सावनेर तहसील के आसपास के गांवों की करीब 7 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि को सरकार की प्रस्तावित नई योजना में शामिल किए जाने के विरोध में बुधवार को किसानों ने नागपुर स्थित जिलाधिकारी कार्यालय पर मोर्चा निकाला।
चुनिंदा ग्राम पंचायत पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में किसानों ने कार्यालय पहुंचकर अपना विरोध दर्ज कराया। किसानों का कहना है कि प्रस्तावित योजना के तहत उनकी उपजाऊ भूमि खाली कर सरकार को सौंपने के लिए कहा जा रहा है, जबकि पीढ़ियों से यही भूमि उनकी आजीविका का मुख्य आधार रही है।
प्रदर्शनकारी किसानों के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर अपनी मांगें रखीं। किसानों ने साफ कहा, “सरकार की ओर से जमीन के बदले कितना भी मुआवजा या आर्थिक पैकेज दिया जाए, वे अपनी कृषि भूमि देने के लिए तैयार नहीं हैं।” उन्होंने मांग की कि योजना के लिए कोई अन्य स्थान चुना जाए और उनकी खेती की जमीन को इससे बाहर रखा जाए।
किसानों ने कहा, एक इंच जमीन भी नहीं देंगे
किसानों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया, तो आंदोलन और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने कहा, “हम अपनी एक इंच भी जमीन सरकार को नहीं देंगे।” किसानों ने सरकार से आग्रह किया कि विकास कार्यों के लिए वैकल्पिक जमीन तलाशी जाए, लेकिन खेती पर निर्भर परिवारों की जमीन का अधिग्रहण न किया जाए।
मोर्चे के दौरान किसानों ने एकजुट होकर अपनी जमीन और खेती बचाने का संकल्प दोहराया। अब सबकी नजर प्रशासन और सरकार की अगली कार्रवाई पर टिकी है।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

