हिंगोली में भूकंप के लगातार दो झटके, 3.3 और 4.5 तीव्रता से कांपी धरती

आज हिंगोली में भूकंप: महाराष्ट्र के हिंगोली जिले में शनिवार सुबह 3.3 और 4.5 तीव्रता के दो भूकंप आए। तेज आवाज और कंपन से कई इलाकों में दहशत फैल गई और लोग घरों से बाहर निकल आए। फिलहाल किसी जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है। प्रशासन ने आपदा प्रबंधन व्यवस्था को सतर्क किया और नागरिकों से अफवाहों से बचने की अपील की है।
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हिंगोली में लगातार भूकंप के झटकों से बढ़ी चिंता
आज हिंगोली में भूकंप: हिंगोली। हिंगोली जिले में शनिवार सुबह लगातार दो भूकंप के झटकों से धरती कांप उठी। तेज आवाज और कंपन महसूस होने से नागरिकों और ग्रामीणों में दहशत फैल गई। कई लोग घबराकर घरों से बाहर निकल आए। झटके हिंगोली शहर सहित जिले के विभिन्न हिस्सों में महसूस किए गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दोनों घटनाओं में जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है।
सुबह 7.46 बजे 3.3 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया, जिसका केंद्र औंढा नागनाथ तहसील का गढाला क्षेत्र बताया गया। इसके बाद सुबह 9.43 बजे बसमत तहसील के पांगरा शिंदे क्षेत्र में 4.5 तीव्रता का भूकंप दर्ज हुआ। इस दौरान भी तेज आवाज और कंपन महसूस किया गया। दोपहर करीब 11.15 बजे जमीन के भीतर से फिर आवाज सुनाई दी, हालांकि इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर दर्ज नहीं हो सकी।
प्रशासन ने दिए अलर्ट रहने के निर्देश
जिला प्रशासन ने स्थिति की समीक्षा करते हुए आपदा प्रबंधन व्यवस्था और संबंधित विभागों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष राहुल गुप्ता ने नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल सरकारी माध्यमों से मिली जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है। उन्होंने अधिकारियों को नुकसान की सूचना मिलने पर तत्काल मौके पर जाकर भौतिक निरीक्षण और पंचनामा करने के निर्देश दिए हैं।
दो दिन पहले से मिल रहे थे संकेत
हिंगोली में पिछले कई वर्षों से भूकंप के झटके महसूस किए जा रहे हैं। 1 अक्टूबर की रात करीब 9 बजे पांगरा शिंदे क्षेत्र में जमीन के भीतर से तेज आवाजें सुनाई दी थीं और ग्रामीण रातभर घरों से बाहर रहे थे। इससे पहले 12 मई को 3.4 तीव्रता और 9 जुलाई को पांगरा शिंदे क्षेत्र में 4.6 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया था। 15 जुलाई को भी कई तहसीलों में झटके महसूस हुए थे। औंढा तहसील के काकडधाबा केंद्र पर 3.6, 3.9 और 4.1 तीव्रता के लगातार झटके भी दर्ज किए गए थे।
लगातार हो रही भूकंपीय गतिविधियों से जिले में चिंता बढ़ गई है। अब प्रशासन की नजर नुकसान की सूचनाओं और क्षेत्र में आगे दर्ज होने वाली गतिविधियों पर है।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

