
America Shutdown: अमेरिकी शटडाउन का बढ़ता असर, हवाई यात्रा व्यवस्था चरमराई नई दिल्ली। अमेरिका में जारी सरकारी शटडाउन अब प्रशासनिक सीमाओं से आगे बढ़कर आम जनजीवन को प्रभावित करने लगा है। रविवार 9 नवंबर को अमेरिकी हवाई सेवा प्रणाली पूरी तरह अस्त-व्यस्त नजर आई, जब 2800 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं और 10,200 से अधिक में देरी दर्ज की गई। यात्रियों को घंटों हवाई अड्डों पर इंतजार करना पड़ा, वहीं एयरलाइंस कंपनियों के लिए भी यह स्थिति संकट का कारण बन गई है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल की कमी बनी संकट की जड़ अमेरिकी ट्रांसपोर्टेशन सेक्रेटरी सीन डफी ने कहा कि एयर

America Shutdown: अमेरिकी शटडाउन का बढ़ता असर, हवाई यात्रा व्यवस्था चरमराई नई दिल्ली। अमेरिका में जारी सरकारी शटडाउन अब प्रशासनिक सीमाओं से आगे बढ़कर आम जनजीवन को प्रभावित करने लगा है। रविवार 9 नवंबर को अमेरिकी हवाई सेवा प्रणाली पूरी तरह अस्त-व्यस्त नजर आई, जब 2800 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं और 10,200 से अधिक में देरी दर्ज की गई। यात्रियों को घंटों हवाई अड्डों पर इंतजार करना पड़ा, वहीं एयरलाइंस कंपनियों के लिए भी यह स्थिति संकट का कारण बन गई है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल की कमी बनी संकट की जड़ अमेरिकी ट्रांसपोर्टेशन सेक्रेटरी सीन डफी ने कहा कि एयर

बिटकॉइन ने रचा इतिहास, पहुंचा 1.25 लाख डॉलर के पार दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन (Bitcoin) ने रविवार को नया रिकॉर्ड बना दिया। यह $125,689 (लगभग ₹1.04 करोड़) के स्तर पर पहुंच गया, जो अब तक का सर्वाधिक स्तर है। अमेरिकी सरकारी शटडाउन की आशंका और डॉलर की कमजोरी के चलते निवेशकों ने बिटकॉइन को सुरक्षित निवेश के रूप में अपनाया। अमेरिकी संकट बना बिटकॉइन के उछाल का कारण अमेरिका में संभावित सरकारी शटडाउन के कारण बाजार में अस्थिरता बढ़ गई है। इस वजह से निवेशक पारंपरिक संपत्तियों की बजाय बिटकॉइन जैसे वैकल्पिक निवेशों की ओर बढ़ रहे हैं।

बिटकॉइन ने रचा इतिहास, पहुंचा 1.25 लाख डॉलर के पार दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन (Bitcoin) ने रविवार को नया रिकॉर्ड बना दिया। यह $125,689 (लगभग ₹1.04 करोड़) के स्तर पर पहुंच गया, जो अब तक का सर्वाधिक स्तर है। अमेरिकी सरकारी शटडाउन की आशंका और डॉलर की कमजोरी के चलते निवेशकों ने बिटकॉइन को सुरक्षित निवेश के रूप में अपनाया। अमेरिकी संकट बना बिटकॉइन के उछाल का कारण अमेरिका में संभावित सरकारी शटडाउन के कारण बाजार में अस्थिरता बढ़ गई है। इस वजह से निवेशक पारंपरिक संपत्तियों की बजाय बिटकॉइन जैसे वैकल्पिक निवेशों की ओर बढ़ रहे हैं।