
नागपुर में हाथकरघा कला को बढ़ावा देने की नई पहल Nagpur handloom weavers scheme: 24 मार्च। नागपुर महानगरपालिका शहर के हाथकरघा बुनकरों को प्रोत्साहन देने के लिए विशेष नवाचार योजनाएं लागू करेगी। यह घोषणा महापौर नीता ठाकरे ने विभागीय हाथकरघा वस्त्र प्रतियोगिता के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में की। महापौर ने अपने संबोधन में कहा कि नागपुर के खापरी मोहल्ला और अन्य क्षेत्रों में बुनकर आज भी अपनी पारंपरिक कला को जीवित रखे हुए हैं। हालांकि पहले की तुलना में इनकी संख्या घटी है, फिर भी नई पीढ़ी को इस कला से जोड़ने के लिए आधुनिक तकनीक का सहयोग आवश्यक

नागपुर में हाथकरघा कला को बढ़ावा देने की नई पहल Nagpur handloom weavers scheme: 24 मार्च। नागपुर महानगरपालिका शहर के हाथकरघा बुनकरों को प्रोत्साहन देने के लिए विशेष नवाचार योजनाएं लागू करेगी। यह घोषणा महापौर नीता ठाकरे ने विभागीय हाथकरघा वस्त्र प्रतियोगिता के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में की। महापौर ने अपने संबोधन में कहा कि नागपुर के खापरी मोहल्ला और अन्य क्षेत्रों में बुनकर आज भी अपनी पारंपरिक कला को जीवित रखे हुए हैं। हालांकि पहले की तुलना में इनकी संख्या घटी है, फिर भी नई पीढ़ी को इस कला से जोड़ने के लिए आधुनिक तकनीक का सहयोग आवश्यक

हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ रंगोली महोत्सव सीजन-4 पटना के गांधी मैदान के समीप स्थित पोखरे के प्रांगण में आज 17 अक्टूबर को आराध्या चित्रकला एवं आराध्या पीपल्स फाउंडेशन द्वारा आयोजित “रंगोली महोत्सव सीजन-4” का भव्य आयोजन हुआ।यह महोत्सव न केवल कला प्रेमियों के लिए उत्सव बन गया, बल्कि पूरे नगर में पारंपरिक भारतीय कला के संरक्षण का संदेश भी फैलाया। रंगों से सजा बिहार का पारंपरिक उत्सव कार्यक्रम स्थल पर सैकड़ों प्रतिभागियों ने अपनी सृजनशीलता का परिचय देते हुए रंग-बिरंगी रंगोलियों का निर्माण किया। पारंपरिक रूप से बनी इन कलाकृतियों में भारतीय संस्कृति की झलक स्पष्ट दिखी।लोगों ने इन

हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ रंगोली महोत्सव सीजन-4 पटना के गांधी मैदान के समीप स्थित पोखरे के प्रांगण में आज 17 अक्टूबर को आराध्या चित्रकला एवं आराध्या पीपल्स फाउंडेशन द्वारा आयोजित “रंगोली महोत्सव सीजन-4” का भव्य आयोजन हुआ।यह महोत्सव न केवल कला प्रेमियों के लिए उत्सव बन गया, बल्कि पूरे नगर में पारंपरिक भारतीय कला के संरक्षण का संदेश भी फैलाया। रंगों से सजा बिहार का पारंपरिक उत्सव कार्यक्रम स्थल पर सैकड़ों प्रतिभागियों ने अपनी सृजनशीलता का परिचय देते हुए रंग-बिरंगी रंगोलियों का निर्माण किया। पारंपरिक रूप से बनी इन कलाकृतियों में भारतीय संस्कृति की झलक स्पष्ट दिखी।लोगों ने इन