
पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर मतुआ समुदाय के मुद्दे पर बीजेपी सांसद शांतनु ठाकुर और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बीच तीखी बहस छिड़ गई है। शुक्रवार को बागदा के हेलेंचा इलाके में ऑल इंडिया मतुआ महासंघ के एक कार्यक्रम में पहुंचे शांतनु ठाकुर ने ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मतुआ समुदाय के लोगों को बिना किसी कारण गिरफ्तार किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इस तरह के डर और दबाव से बागदा में चुनाव जीता जा सकता है। ठाकुरबाड़ी घटना पर शांतनु का बड़ा आरोप शांतनु ठाकुर ने अपने भाषण

पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर मतुआ समुदाय के मुद्दे पर बीजेपी सांसद शांतनु ठाकुर और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बीच तीखी बहस छिड़ गई है। शुक्रवार को बागदा के हेलेंचा इलाके में ऑल इंडिया मतुआ महासंघ के एक कार्यक्रम में पहुंचे शांतनु ठाकुर ने ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मतुआ समुदाय के लोगों को बिना किसी कारण गिरफ्तार किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इस तरह के डर और दबाव से बागदा में चुनाव जीता जा सकता है। ठाकुरबाड़ी घटना पर शांतनु का बड़ा आरोप शांतनु ठाकुर ने अपने भाषण

पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर तनाव का माहौल देखने को मिल रहा है। केंद्रीय मंत्री और मतुआ समुदाय के धर्मगुरु शांतनु ठाकुर ने तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को लेकर सख्त रुख अपनाया है। शांतनु ठाकुर ने साफ शब्दों में कहा है कि अगर अभिषेक बनर्जी पुलिस बल के साथ ठाकुरबाड़ी आए तो उन्हें पूजा करने नहीं दी जाएगी। तृणमूल कांग्रेस ने घोषणा की थी कि अभिषेक बनर्जी आगामी 9 जनवरी को ठाकुरबाड़ी आएंगे। इसी घोषणा के बाद केंद्रीय मंत्री शांतनु ठाकुर ने पलटवार करते हुए यह चेतावनी दी है। यह विवाद सिर्फ राजनीतिक नहीं

पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर तनाव का माहौल देखने को मिल रहा है। केंद्रीय मंत्री और मतुआ समुदाय के धर्मगुरु शांतनु ठाकुर ने तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को लेकर सख्त रुख अपनाया है। शांतनु ठाकुर ने साफ शब्दों में कहा है कि अगर अभिषेक बनर्जी पुलिस बल के साथ ठाकुरबाड़ी आए तो उन्हें पूजा करने नहीं दी जाएगी। तृणमूल कांग्रेस ने घोषणा की थी कि अभिषेक बनर्जी आगामी 9 जनवरी को ठाकुरबाड़ी आएंगे। इसी घोषणा के बाद केंद्रीय मंत्री शांतनु ठाकुर ने पलटवार करते हुए यह चेतावनी दी है। यह विवाद सिर्फ राजनीतिक नहीं