जरूर पढ़ें

7 January Weather: देशभर में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे का असर जारी

7 January Weather: देशभर में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे से जनजीवन प्रभावित
7 January Weather: देशभर में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे से जनजीवन प्रभावित (File Photo)

7 जनवरी को देश के कई हिस्सों में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे का असर जारी है। उत्तर भारत, मध्य भारत और पूर्वी राज्यों में तापमान गिरा हुआ है। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और मैदानी क्षेत्रों में कोहरे से जनजीवन प्रभावित हो रहा है।

Updated:

देश के लगभग सभी हिस्सों में जनवरी की शुरुआत के साथ ही ठंड ने अपना पूरा असर दिखाना शुरू कर दिया है। पहाड़ों से लेकर मैदानी इलाकों तक तापमान लगातार नीचे जा रहा है। ठंडी हवाओं, शीतलहर और घने कोहरे ने आम लोगों की दिनचर्या को काफी प्रभावित किया है। सुबह और रात के समय ठंड का असर ज्यादा महसूस किया जा रहा है।

मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर भारत, मध्य भारत और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में आने वाले कुछ दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है। कई राज्यों में शीतलहर के साथ-साथ कोल्ड डे जैसी स्थिति बनी रह सकती है।

7 जनवरी को कैसा रहेगा देशभर का मौसम

मौसम विभाग के ताजा अनुमान के अनुसार, 7 जनवरी को पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, चंडीगढ़, राजस्थान, मध्य प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और ओडिशा समेत कई राज्यों में शीतलहर चलने की संभावना है। ठंडी हवाओं के कारण तापमान सामान्य से नीचे बना रह सकता है।

सुबह के समय कई इलाकों में घना और बहुत घना कोहरा देखने को मिल सकता है, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है। लोगों को खासतौर पर सुबह के समय सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

घने और बहुत घने कोहरे की स्थिति

भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और मध्य प्रदेश में बहुत घना कोहरा छा सकता है। इसके अलावा बिहार, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, असम, मेघालय और जम्मू क्षेत्र में भी घना कोहरा देखने को मिल सकता है।

कोहरे के कारण दृश्यता काफी कम हो सकती है, जिससे वाहन चालकों को परेशानी हो सकती है। ऐसे में धीमी गति से वाहन चलाने की सलाह दी गई है।

उत्तर प्रदेश में ठंड का असर

उत्तर प्रदेश में ठंड का असर लगातार बना हुआ है। सुबह और रात के समय कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 48 घंटों में तापमान में और गिरावट हो सकती है। हालांकि दिन में धूप निकलने से कुछ राहत जरूर मिल रही है, लेकिन ठंडी हवाओं के कारण ठंड बनी हुई है।

बिहार में कोल्ड डे जैसी स्थिति

बिहार के कई जिलों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। पटना, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, सहरसा और गया जैसे इलाकों में कोल्ड डे जैसी स्थिति बनी हुई है। दिन में भी ठंड का असर कम नहीं हो रहा है। मौसम विभाग का कहना है कि 10 जनवरी तक ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है।

राजस्थान में गिरा तापमान

राजस्थान में भी ठंड ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। जयपुर समेत कई जिलों में तापमान 5 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है। ज्यादातर जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में भी ठंड का ऐसा ही असर बना रह सकता है।

जम्मू-कश्मीर में भीषण ठंड

जम्मू-कश्मीर में शुष्क मौसम के बीच तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। कश्मीर घाटी में शीतलहर तेज हो गई है। ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बर्फबारी की संभावना जताई गई है। वहीं, निचले इलाकों में लोग इस सर्दी की पहली बर्फबारी का इंतजार कर रहे हैं।

दिल्ली-एनसीआर में ठंड और गलन

दिल्ली-एनसीआर में कोहरे से कुछ राहत जरूर मिली है, लेकिन ठंड और गलन अब भी बनी हुई है। दिन में धूप निकलने से अधिकतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी हुई है, लेकिन सुबह और रात में ठंड का असर साफ दिखाई दे रहा है।

मध्य प्रदेश और उत्तराखंड का हाल

मध्य प्रदेश में सुबह के समय घना कोहरा छा रहा है, जिससे सड़कों पर दृश्यता कम हो रही है। कई शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे बना हुआ है। उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में हल्की बर्फबारी और मैदानी क्षेत्रों में घना कोहरा देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने कुछ क्षेत्रों में येलो अलर्ट भी जारी किया है।

Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।

Asfi Shadab

असफ़ी शादाब वरिष्ठ पत्रकार और संवाददाता हैं, जो राष्ट्र भारत में महाराष्ट्र और कोलकाता से क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से जुड़े विषयों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। उन्हें जमीनी पत्रकारिता, प्रशासनिक मामलों और समसामयिक घटनाक्रमों की गहरी समझ है। उनकी रिपोर्टिंग तथ्यपरक, शोध आधारित और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित होती है, जिससे पाठकों को विश्वसनीय और स्पष्ट जानकारी प्राप्त होती है।

अनुभव : पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य करते हुए उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है। प्रशासनिक कार्यवाहियों, सरकारी नीतियों, राजनीतिक घटनाक्रम और अपराध से जुड़े मामलों की फील्ड कवरेज उनकी प्रमुख पहचान रही है।

वर्तमान भूमिका : राष्ट्र भारत में वरिष्ठ संवाददाता के रूप में वे क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से संबंधित खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। वे जमीनी सच्चाई को सरल और आम पाठक की भाषा में प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देते हैं।

भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस महाराष्ट्र और कोलकाता रहा है, जहां वे स्थानीय प्रशासन, राजनीतिक गतिविधियों, अपराध और खेल जगत से जुड़े विषयों को करीब से कवर करते हैं। उनकी क्षेत्रीय समझ और फील्ड अनुभव उनकी रिपोर्टिंग को अधिक प्रामाणिक बनाते हैं।

मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) :
• क्राइम रिपोर्टिंग : अपराध, पुलिस जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की तथ्यपरक कवरेज।
• राजनीति और शासन : सरकारी नीतियों, प्रशासनिक फैसलों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग।
• खेल पत्रकारिता : खेल जगत की प्रमुख घटनाओं, खिलाड़ियों और प्रतियोगिताओं से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग।
• ग्राउंड रिपोर्टिंग : फील्ड विजिट, स्थानीय स्रोतों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर जमीनी सच्चाई सामने लाना।
• जनहित पत्रकारिता : आम लोगों से जुड़े मुद्दों और प्रशासनिक प्रभावों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना।

विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) :
तथ्यों की सटीकता, आधिकारिक स्रोतों पर आधारित रिपोर्टिंग और जमीनी अनुभव ने असफ़ी शादाब को एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। क्राइम, राजनीति और प्रशासनिक विषयों पर उनकी निरंतर फील्ड रिपोर्टिंग पाठकों के बीच उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।