Rashtra Bharat Logo
Banner

कोलकाता में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार

कोलकाता में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार
Kolkata Hydroponic Ganja Seized Accused Arrested: कोलकाता में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार (Photo: RB / Ekbal)

Kolkata Hydroponic Ganja Seized Accused Arrested: कोलकाता पुलिस की नारकोटिक सेल ने गुप्त सूचना पर कार्रवाई करते हुए कस्बा और तिलजला इलाके से कुल 7.003 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया है। इसकी कीमत दो करोड़ रुपये से ज्यादा बताई गई है। पुलिस ने हसन अली को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में एक फरार साथी का नाम सामने आया है और मामले की जांच जारी है।

Updated:
·by
Asfi Shadab
Asfi Shadab
Share:

विषयसूची

पुलिस की कार्रवाई में बड़ी मात्रा में हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद

Kolkata Hydroponic Ganja Seized Accused Arrested: कोलकाता पुलिस की डिटेक्टिव डिपार्टमेंट की नारकोटिक सेल ने गुप्त सूचना के आधार पर 16 जुलाई 2026 की देर रात एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को भारी मात्रा में मादक पदार्थ के साथ गिरफ्तार किया।

टीम ने सबसे पहले कस्बा थाना क्षेत्र के टैगोर पार्क स्थित शंकर गेस्ट हाउस नामक होटल के एक कमरे में छापा मारा। यहां से आरोपी हसन अली (28), पिता अहसान अली, निवासी 2/2डी/2, चौबागा रोड, थाना तिलजला, कोलकाता-39, को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से 558 ग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा, 76,500 रुपये नकद, एक मोबाइल फोन और एक तौल मशीन बरामद हुई।

पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि उसने और मादक पदार्थ अपने चौबागा रोड स्थित घर में छिपा रखा है। टीम आरोपी को लेकर तिलजला थाना क्षेत्र स्थित उसके घर पहुंची, जहां उसकी निशानदेही पर और आरोपी की मौजूदगी में ऑडियो-वीडियोग्राफी के तहत 6.445 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया गया।

Kolkata Hydroponic Ganja Seized Accused Arrested: कोलकाता में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार
Kolkata Hydroponic Ganja Seized Accused Arrested: कोलकाता में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार (Photo: RB / Ekbal)

पूछताछ के बाद आरोपी के घर से भी मिली बड़ी खेप

कुल बरामदगी में 7.003 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा शामिल है, जिसकी कीमत 2 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है। इसके अलावा 76,500 रुपये नकद, एक मोबाइल फोन और एक तौल मशीन भी जब्त की गई।

इस मामले में कस्बा थाना में केस नंबर 382, दिनांक 17 जुलाई 2026 को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(ii)(बी)/29 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। मामले की जांच अब डिटेक्टिव डिपार्टमेंट संभालेगा। आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड की मांग की जा रही है।

पूछताछ में हसन ने बताया कि उसे 8 किलो मादक पदार्थ अपने एक सहयोगी से मिला था, जो फिलहाल फरार है। जांच में सामने आया है कि फरार आरोपी ने हाल ही में बैंकॉक से कुल 12 किलो मादक पदार्थ मंगवाया था, जिसकी तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि मामले की आगे की जांच जारी है।


रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल

Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।
Asfi Shadab

Asfi Shadab

असफ़ी शादाब राष्ट्र भारत में कंटेंट एडिटर और न्यूज़ राइटर हैं। वे क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं, खेल, राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय घटनाओं से संबंधित समाचारों का संपादन, तथ्य सत्यापन और प्रकाशन कार्य संभालते हैं। उनकी जिम्मेदारी विभिन्न राज्यों से प्राप्त समाचारों को आधिकारिक स्रोतों, उपलब्ध दस्तावेजों और विश्वसनीय जानकारी के आधार पर व्यवस्थित एवं स्पष्ट रूप में पाठकों तक पहुंचाना है। राष्ट्र भारत में वे महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, बिहार और अन्य राज्यों से प्राप्त समाचारों का संपादन करते हैं तथा उन्हें सरल, सटीक और पाठक-केंद्रित भाषा में प्रस्तुत करने का कार्य करते हैं। वे यह सुनिश्चित करते हैं कि प्रकाशित सामग्री संपादकीय मानकों, तथ्यात्मक शुद्धता और विश्वसनीय स्रोतों के अनुरूप हो। मुख्य कार्यक्षेत्र (Core Responsibilities): क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं और समसामयिक समाचारों का संपादन। विभिन्न संवाददाताओं और विश्वसनीय समाचार स्रोतों से प्राप्त सामग्री का तथ्य सत्यापन। आधिकारिक प्रेस विज्ञप्तियों, सरकारी दस्तावेजों एवं विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर समाचारों का संपादन। स्पष्ट, संतुलित और पाठक-अनुकूल भाषा में समाचार प्रस्तुत करना। राष्ट्र भारत की संपादकीय नीतियों और पत्रकारिता मानकों के अनुरूप सामग्री प्रकाशित करना। संपादकीय दृष्टिकोण (Editorial Approach): असफ़ी शादाब का उद्देश्य पाठकों तक तथ्यात्मक, संतुलित और स्पष्ट समाचार पहुंचाना है। वे प्रकाशित होने वाली प्रत्येक सामग्री की भाषा, संदर्भ और उपलब्ध स्रोतों की समीक्षा करते हैं ताकि समाचार संपादकीय गुणवत्ता और विश्वसनीयता के मानकों पर खरा उतर सके।