खड़गपुर में दिलीप घोष ने ममता बनर्जी और केंद्र से जुड़े कई मुद्दों पर रखी बात

पश्चिम बंगाल समाचार तृणमूल कांग्रेस नाम चुनाव चिन्ह पर रोक: खड़गपुर में मंत्री दिलीप घोष ने तृणमूल कांग्रेस के नाम और चुनाव चिन्ह विवाद सहित कई मुद्दों पर बात रखी। असीम मंडल की गिरफ्तारी, अवैध निर्माण की जांच, श्रीरामपुर सभा, शिक्षा पाठ्यक्रम, फर्जी डॉक्टर विवाद, अन्नपूर्णा योजना, सेमीकॉन इंडिया और रूस से तेल खरीद पर संभावित अमेरिकी शुल्क भी चर्चा में रहे।
विषयसूची
खड़गपुर में दिलीप घोष ने उठाए कई अहम मुद्दे
पश्चिम बंगाल समाचार तृणमूल कांग्रेस नाम चुनाव चिन्ह पर रोक: खड़गपुर, पश्चिम मेदिनीपुर से रिपोर्टर एकबाल की रिपोर्ट के मुताबिक, पश्चिम बंगाल से आज कई बड़ी खबरें सामने आई हैं।
सबसे बड़ी खबर यह है कि 28 साल बाद ममता बनर्जी को अपनी पार्टी के लिए सबकुछ नए सिरे से शुरू करना होगा। चुनाव आयोग ने ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस का दल का नाम और उसका चुनावी प्रतीक “घास पर जोड़ा फूल” फ्रीज कर दिया है।
इस बीच हाईकोर्ट ने श्रीरामपुर में ममता बनर्जी को सभा करने की अनुमति दे दी है। हालांकि शर्त रखी गई है कि सभा में अधिकतम 1,000 लोग ही जमा हो सकेंगे।
पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शीर्ष माओवादी नेता आकाश उर्फ असीम मंडल को गिरफ्तार किया है। कोलकाता पुलिस की एसटीएफ ने बृहस्पतिवार तड़के पूर्व मेदिनीपुर के पटाशपुर स्थित उसके ससुराल से उसे गिरफ्तार किया।
हाईकोर्ट के निर्देश के बाद सीबीआई ने अवैध निर्माण से जुड़ी शिकायतों की जांच शुरू कर दी है।

तृणमूल कांग्रेस, अन्नपूर्णा योजना और माओवादी गिरफ्तारी पर बयान
स्कूल से लेकर विश्वविद्यालय स्तर तक की शिक्षण संस्थाओं के पाठ्यक्रम में श्यामाप्रसाद मुखर्जी की जीवनी और योगदान शामिल करने का निर्देश जारी किया गया है।
“फर्जी” डॉक्टर विवाद में राज्य स्वास्थ्य विभाग एफआईआर दर्ज करने जा रहा है।
राष्ट्रीय स्तर पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में “सेमीकॉन इंडिया” कार्यक्रम में कहा कि भारत पर दुनिया का भरोसा लगातार बढ़ रहा है और ब्रिक्स के जरिए इसका प्रमाण मिला है।
अन्नपूर्णा दिवस पर महिलाओं को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने अन्नपूर्णा योजना का जिक्र करते हुए कहा, “बांग्ला में अब और कटमनी नहीं देना होगा।”
अमेरिका में भारत पर रूस से तेल खरीदने के मामले में 100 प्रतिशत शुल्क लगाने से जुड़ा एक विधेयक अमेरिकी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में पास हो चुका है। अब इस पर अंतिम फैसला राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लेना है।
आगामी दिनों में टीएमसी के नाम और चुनाव चिह्न को लेकर पार्टी की अगली रणनीति और श्रीरामपुर की सभा पर सबकी नजर रहेगी।

रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल

