
बस्तर में नक्सलवाद पर निर्णायक चरण का आरंभ रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता शिवनारायण पाण्डेय ने नक्सलवाद को देश और विशेषकर छत्तीसगढ़ के आदिवासी बहुल क्षेत्रों की सबसे बड़ी समस्या बताते हुए कहा कि बस्तर में नक्सली आतंक के लिए अब आखिरी समय निकट आ चुका है। उन्होंने कहा कि एक करोड़ रुपए के इनामी दुर्दांत नक्सली हिड़मा, उसकी पत्नी समेत 6 कुख्यात नक्सलियों का मारे जाना, इस पथराए आतंक के अंत की सबसे महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कड़ी है। पाण्डेय ने दावा किया कि 31 मार्च, 2026 तक नक्सलवाद का देश से पूर्णत: सफाया हो जाएगा और इस

बस्तर में नक्सलवाद पर निर्णायक चरण का आरंभ रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता शिवनारायण पाण्डेय ने नक्सलवाद को देश और विशेषकर छत्तीसगढ़ के आदिवासी बहुल क्षेत्रों की सबसे बड़ी समस्या बताते हुए कहा कि बस्तर में नक्सली आतंक के लिए अब आखिरी समय निकट आ चुका है। उन्होंने कहा कि एक करोड़ रुपए के इनामी दुर्दांत नक्सली हिड़मा, उसकी पत्नी समेत 6 कुख्यात नक्सलियों का मारे जाना, इस पथराए आतंक के अंत की सबसे महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कड़ी है। पाण्डेय ने दावा किया कि 31 मार्च, 2026 तक नक्सलवाद का देश से पूर्णत: सफाया हो जाएगा और इस

मुरिया दरबार में अमित शाह का संदेश: आदिवासी संस्कृति और लोकतांत्रिक मूल्य जगदलपुर/बस्तर। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह अपने दो दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान 4 अक्टूबर को बस्तर के जगदलपुर में आयोजित मुरिया दरबार में शामिल हुए। उन्होंने इस कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति को अत्यंत आनंददायक बताया और कहा कि 1874 से लेकर आज तक मुरिया दरबार की सक्रिय भागीदारी, न्यायिक व्यवस्था और आदिवासी संस्कृति को बचाने का चिंतन वैश्विक धरोहर है। मुरिया दरबार का लोकतांत्रिक महत्व श्री शाह ने कहा कि मुरिया दरबार के लोकतांत्रिक मूल्य पूरे देश के लिए जानकारी और अनुसंधान का विषय हैं।

मुरिया दरबार में अमित शाह का संदेश: आदिवासी संस्कृति और लोकतांत्रिक मूल्य जगदलपुर/बस्तर। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह अपने दो दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान 4 अक्टूबर को बस्तर के जगदलपुर में आयोजित मुरिया दरबार में शामिल हुए। उन्होंने इस कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति को अत्यंत आनंददायक बताया और कहा कि 1874 से लेकर आज तक मुरिया दरबार की सक्रिय भागीदारी, न्यायिक व्यवस्था और आदिवासी संस्कृति को बचाने का चिंतन वैश्विक धरोहर है। मुरिया दरबार का लोकतांत्रिक महत्व श्री शाह ने कहा कि मुरिया दरबार के लोकतांत्रिक मूल्य पूरे देश के लिए जानकारी और अनुसंधान का विषय हैं।

बस्तर में अमित शाह का संदेश: स्वदेशी अपनाएँ, नक्सलवाद छोड़ें जगदलपुर/रायपुर। केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने बस्तर की जनता से अपील की कि वे अपने युवाओं को हथियार छोड़ने के लिए प्रेरित करें और मुख्यधारा में आकर बस्तर के विकास में सक्रिय भाग लें। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद से किसी का भला नहीं हुआ और छत्तीसगढ़ एवं केंद्र सरकार समस्त नक्सली क्षेत्रों के विकास के लिए समर्पित है। सरेंडर पॉलिसी और नक्सलियों का एक माह में 500 से अधिक सरेंडर श्री शाह ने मुरिया दरबार कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और उपमुख्यमंत्री

बस्तर में अमित शाह का संदेश: स्वदेशी अपनाएँ, नक्सलवाद छोड़ें जगदलपुर/रायपुर। केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने बस्तर की जनता से अपील की कि वे अपने युवाओं को हथियार छोड़ने के लिए प्रेरित करें और मुख्यधारा में आकर बस्तर के विकास में सक्रिय भाग लें। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद से किसी का भला नहीं हुआ और छत्तीसगढ़ एवं केंद्र सरकार समस्त नक्सली क्षेत्रों के विकास के लिए समर्पित है। सरेंडर पॉलिसी और नक्सलियों का एक माह में 500 से अधिक सरेंडर श्री शाह ने मुरिया दरबार कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और उपमुख्यमंत्री

बस्तर में अमित शाह का नक्सलियों को अंतिम संदेश केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में नक्सलियों को अंतिम चेतावनी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 31 मार्च 2026 तक नक्सलियों को हथियार डालने होंगे, और इसके बाद किसी भी प्रकार की बातचीत की कोई संभावना नहीं होगी। अमित शाह ने कहा कि सरकार बस्तर और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। “अब बात करने के लिए कुछ नहीं बचा” जगदलपुर में ‘बस्तर दशहरा लोकोत्सव’ और ‘स्वदेशी मेला’ को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा,“अब बात करने की क्या बात

बस्तर में अमित शाह का नक्सलियों को अंतिम संदेश केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में नक्सलियों को अंतिम चेतावनी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 31 मार्च 2026 तक नक्सलियों को हथियार डालने होंगे, और इसके बाद किसी भी प्रकार की बातचीत की कोई संभावना नहीं होगी। अमित शाह ने कहा कि सरकार बस्तर और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। “अब बात करने के लिए कुछ नहीं बचा” जगदलपुर में ‘बस्तर दशहरा लोकोत्सव’ और ‘स्वदेशी मेला’ को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा,“अब बात करने की क्या बात